{"_id":"5ac10eb24f1c1bbb618b4da2","slug":"121522601650-solan-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाटकोट पंचायत में लगा सफाई कर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हाटकोट पंचायत में लगा सफाई कर
Updated Sun, 01 Apr 2018 10:44 PM IST
विज्ञापन
सफाई कर्मचारी
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन
कुनिहार (सोलन)। हाटकोट पंचायत ने स्वच्छता की ओर कदम बढ़ाते हुए सफाई कर लगाने का फैसला किया है। इस बारे में पंचायत ने ग्रामसभा में सवर्सम्मति से प्रस्ताव पारित किया।
पंचायत अधिकारी सोलन सतीश अग्रवाल निर्देश के बाद रविवार को पंचायतों स्वच्छता और सफाई अभियान को लेकर ग्रामसभाओं का आयोजन किया गया। हाटकोट पंचायत में प्रधान सुनीता ठाकुर की अध्यक्षता में स्वच्छता और सफाई पर चर्चा की गई। इसमें प्रति परिवार 30 रुपये और किरायेदार से 50 रुपये प्रति माह लेने के बारे में प्रस्ताव पारित किया गया। सफाई के लिए यह राशि उचित मूल्य की दुकानों पर हर माह जमा करवाई जा सकेगी।
विज्ञापन
इसके अतिरिक्त ग्राम सभा में बीपीएल परिवारों पर चर्चा, बाजार में तय लाइन से बाहर अतिक्रमण करने वाले व्यापारियों पर कार्रवाई करने का फैसला लिया गया। बाजार में बाइक, स्कूटर या अन्य वाहन को सड़क पर खड़ा न करने के बारे में प्रस्ताव पारित किया गया। सुनीता ठाकुर ने सफाई व्यवस्था के लिए पंचायत के सभी लोगों से सहयोग की अपील की। अगर कोई सफाई व्यवस्था का उल्लंघन करते हुए पकड़ा गया तो अधिकतम जुर्माना पांच हजार रुपये जुर्माना लगाया जाएगा। उन्होंने लोगों से अपील की कि डस्टबिन में ही घर का कचरा डालें। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह के कार्य करने के लिए पंचायत का अनापत्ति प्रमाणपत्र अवश्य लें। पंचायत की ओर से बनाए गए रास्तों पर मर्जी से काम न करें। पंचायत की संपत्ति को नुकसान न पहुंचाएं, अगर कोई ऐसा करता पाया गया तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
इस अवसर पर उपप्रधान राजेश शर्मा, वार्ड सदस्य कमला देवी, राजेश अत्री, भूपेंद्र कुमार, संतोष, बबीता जोशी, रीता, नवनीत, पंचायत सचिव बाबू राम सहित हंस राज ठाकुर, गोपाल कृष्ण, कमलेश, निर्मला, राजेंद्र सहित काफी संख्या में लोग मौजूद रहे।
मातम में शॉल की जगह दिए जाएंगे पैस
हाटकोट पंचायत ने ग्रामसभा में विशेष प्रस्ताव पारित कर मानवता का मिसाल पेश की है। ग्रामसभा में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया गया कि पंचायत में किसी मौत के बाद मातम मनाने वाले शॉल या चुनरी लेकर नहीं जाएंगे। बल्कि ग्रामीण अब पीड़ित परिवार को इसकी जगह आर्थिक रूप से मदद करेंगे। शोक संतप्त परिवार को इससे आर्थिक तौर पर मदद मिलेगी। यह पैसे उनके किसी न किसी कार्य में इस्तेमाल को सकेंगे। हाटकोट पंचायत में प्रधान सुनीता ठाकुर के इस निर्णय की पूरी पंचायत में चर्चा है। ग्रामीण इसका समर्थन कर रहे हैं।