{"_id":"5a4102634f1c1b6a118b9fb5","slug":"121514209891-sirmour-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मजदूर विरोधी फैसलों से जीना मुहाल : लाल सिंह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मजदूर विरोधी फैसलों से जीना मुहाल : लाल सिंह
Updated Mon, 25 Dec 2017 11:01 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अमर उजाला ब्यूरो
नाहन (सिरमौर)। सीटू जिला सिरमौर कमेटी की एक बैठक नाहन में आयोजित हुई जिसकी अध्यक्षता कमेटी प्रधान लाल सिंह ने की। बैठक में सीटू से जुड़ी जिला भर की 27 यूनियनों के पदाधिकारियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई। इस दौरान राज्य महासचिव प्रेम गौतम व राज्य सचिव विजेंद्र मेहरा भी विशेष रूप से मौजूद रहे।
लाल सिंह ने कहा कि देश में मजदूरों व किसानों की हालत बदतर हो रही है।
केंद्र सरकार लगातार मजदूर विरोधी फैसले ले रही है। श्रम कानूनों को समाप्त करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तो अभी से कह दिया है वर्ष 2022 तक किसी को भी पक्की नौकरी नहीं मिलेगी। बैंक, रेलवे, बीमा कंपनियों में काम कर रहे कर्मचारियों का भविष्य दांव पर लग गया है। देश में पिछले 5 वर्षों में 12 लाख लोगों की नौकरियां गई हैं।
नया रोजगार उपलब्ध नहीं हो रहा। मनरेगा के बजट में लगातार कटौती की जा रही है जिसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। राजेंद्र ठाकुर ने कहा कि इन जनविरोधी फैसलों के कारण 17 जनवरी को सभी आंगनबाड़ी, मिड-डे-मिल वर्कर, आशा वर्कर पूर्ण हड़ताल पर रहेंगे। जबकि इससे पूर्व 7 जनवरी को जिला स्तर पर संयुक्त ट्रेड यूनियन का अधिवेशन किया जाएगा। इसके अलावा 22 जनवरी को जिला मुख्यालय नाहन में सत्याग्रह आंदोलन शुरू किया जाएगा।
विज्ञापन
इस मौके पर सीटू की जिला कमेटी ने कई प्रस्ताव भी पारित किए जिसमें न्यूनतम वेतन 24000 देने, आंगनबाड़ी, आशा वर्कराें व मिड-डे-मिल वर्करों को न्यूनतम वेतन के दायरे में लाने, आउट सोर्स व ठेका प्रथा बंद करने की मांग की गई। इस मौके पर जिला कोषाध्यक्ष आशीष पंवार, सचिव बीना शर्मा, उपाध्यक्ष सरोज, माया, देवकुमारी, उषा रानी, इंदु तोमर, पुरुषोत्तम, कश्मीर सिंह, राम सिंह, बॉबी, हीरा सिंह, रतन, दीपक, श्याम सिंह, हरनाम, धनवीर, नागेंद्र, अंजू, गुरमुख, मोतीराम आदि ने भाग लिया।
विज्ञापन
नाहन (सिरमौर)। सीटू जिला सिरमौर कमेटी की एक बैठक नाहन में आयोजित हुई जिसकी अध्यक्षता कमेटी प्रधान लाल सिंह ने की। बैठक में सीटू से जुड़ी जिला भर की 27 यूनियनों के पदाधिकारियों ने अपनी उपस्थिति दर्ज करवाई। इस दौरान राज्य महासचिव प्रेम गौतम व राज्य सचिव विजेंद्र मेहरा भी विशेष रूप से मौजूद रहे।
लाल सिंह ने कहा कि देश में मजदूरों व किसानों की हालत बदतर हो रही है।
केंद्र सरकार लगातार मजदूर विरोधी फैसले ले रही है। श्रम कानूनों को समाप्त करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तो अभी से कह दिया है वर्ष 2022 तक किसी को भी पक्की नौकरी नहीं मिलेगी। बैंक, रेलवे, बीमा कंपनियों में काम कर रहे कर्मचारियों का भविष्य दांव पर लग गया है। देश में पिछले 5 वर्षों में 12 लाख लोगों की नौकरियां गई हैं।
विज्ञापन
नया रोजगार उपलब्ध नहीं हो रहा। मनरेगा के बजट में लगातार कटौती की जा रही है जिसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। राजेंद्र ठाकुर ने कहा कि इन जनविरोधी फैसलों के कारण 17 जनवरी को सभी आंगनबाड़ी, मिड-डे-मिल वर्कर, आशा वर्कर पूर्ण हड़ताल पर रहेंगे। जबकि इससे पूर्व 7 जनवरी को जिला स्तर पर संयुक्त ट्रेड यूनियन का अधिवेशन किया जाएगा। इसके अलावा 22 जनवरी को जिला मुख्यालय नाहन में सत्याग्रह आंदोलन शुरू किया जाएगा।
विज्ञापन
इस मौके पर सीटू की जिला कमेटी ने कई प्रस्ताव भी पारित किए जिसमें न्यूनतम वेतन 24000 देने, आंगनबाड़ी, आशा वर्कराें व मिड-डे-मिल वर्करों को न्यूनतम वेतन के दायरे में लाने, आउट सोर्स व ठेका प्रथा बंद करने की मांग की गई। इस मौके पर जिला कोषाध्यक्ष आशीष पंवार, सचिव बीना शर्मा, उपाध्यक्ष सरोज, माया, देवकुमारी, उषा रानी, इंदु तोमर, पुरुषोत्तम, कश्मीर सिंह, राम सिंह, बॉबी, हीरा सिंह, रतन, दीपक, श्याम सिंह, हरनाम, धनवीर, नागेंद्र, अंजू, गुरमुख, मोतीराम आदि ने भाग लिया।