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जनजातीय मसले पर सीएम के प्रयासों से बंधी आस
Updated Fri, 30 Nov 2018 10:16 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
राजगढ़ (सिरमौर)। जिले के गिरिपार को जनजातीय क्षेत्र घोषित किए जाने के मसले पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के सकारात्मक प्रयासों से हाटी समुदाय में आस जग गई है। इससे पहले केंद्र के जनजातीय मंत्रालय की आपत्ति के बाद हाटी समुदाय में निराशा पैदा हो गई थी। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह के समक्ष इस मुद्दे को उनके मंडी प्रवास के दौरान प्रभावी ढंग से उठाया। इस मामले में हाटी समुदाय ने गृह मंत्री को याद दिलाया कि उन्होंने गिरिपार को जनजातीय क्षेत्र घोषित करने की घोषणा पार्टी अध्यक्ष होते हुए लोकसभा चुनाव के प्रचार के दौरान नाहन में की थी। इस पर गृहमंत्री ने इसे पूरा करने का उन्हें आश्वासन दिया और सांसद वीरेंद्र कश्यप से आगामी पांच दिसंबर को दिल्ली में इस बारे में मिलने का समय दिया। यह खुलासा मुख्यमंत्री ने सांसद वीरेंद्र कश्यप, उपाध्यक्ष खाद्य आपूर्ति निगम बलदेव तोमर और हाटी समिति के अध्यक्ष डॉ. अमीचंद कमल के समक्ष उनसे हुई मुलाकात के दौरान किया। हाटी समिति के अध्यक्ष डॉ. अमीचंद कमल ने बताया कि मुख्यमंत्री ने उन्हें भरोसा दिया कि इस मामले को भाजपा अपने चुनावी घोषणा पत्र के अनुरूप अमलीजामा पहनाएगी। मुख्यमंत्री ने केंद्रीय जनजातीय राज्यमंत्री जसवंत सिंह भाभोर से भी इस मामले को उनके प्रदेश प्रवास के दौरान उठाया है और उन्होंने भी आश्वासन दिया है। केंद्रीय हाटी समिति के अध्यक्ष और सिरमौर युवा विकास मंच के प्रदीप सिंगटा और धनवीर ठाकुर ने सांसद वीरेंद्र कश्यप व उपाध्यक्ष खाद्य आपूर्ति बलदेव तोमर के नेतृत्व में भारत सरकार के जनजातीय राज्यमंत्री जसवंत सिंह भाभोर से भी शिमला में मुलाकात की। इससे पहले यह प्रतिनिधिमंडल प्रदेश मुख्य सचिव बीके अग्रवाल से भी मिला। उन्होंने जनजातीय मंत्रालय की आपत्ति का जवाब शीघ्र भेजने की बात कही है। प्रदेश सरकार की इस सक्रियता को देखते हुए हाटी समुदाय को उम्मीद जगी है।
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राजगढ़ (सिरमौर)। जिले के गिरिपार को जनजातीय क्षेत्र घोषित किए जाने के मसले पर मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के सकारात्मक प्रयासों से हाटी समुदाय में आस जग गई है। इससे पहले केंद्र के जनजातीय मंत्रालय की आपत्ति के बाद हाटी समुदाय में निराशा पैदा हो गई थी। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह के समक्ष इस मुद्दे को उनके मंडी प्रवास के दौरान प्रभावी ढंग से उठाया। इस मामले में हाटी समुदाय ने गृह मंत्री को याद दिलाया कि उन्होंने गिरिपार को जनजातीय क्षेत्र घोषित करने की घोषणा पार्टी अध्यक्ष होते हुए लोकसभा चुनाव के प्रचार के दौरान नाहन में की थी। इस पर गृहमंत्री ने इसे पूरा करने का उन्हें आश्वासन दिया और सांसद वीरेंद्र कश्यप से आगामी पांच दिसंबर को दिल्ली में इस बारे में मिलने का समय दिया। यह खुलासा मुख्यमंत्री ने सांसद वीरेंद्र कश्यप, उपाध्यक्ष खाद्य आपूर्ति निगम बलदेव तोमर और हाटी समिति के अध्यक्ष डॉ. अमीचंद कमल के समक्ष उनसे हुई मुलाकात के दौरान किया। हाटी समिति के अध्यक्ष डॉ. अमीचंद कमल ने बताया कि मुख्यमंत्री ने उन्हें भरोसा दिया कि इस मामले को भाजपा अपने चुनावी घोषणा पत्र के अनुरूप अमलीजामा पहनाएगी। मुख्यमंत्री ने केंद्रीय जनजातीय राज्यमंत्री जसवंत सिंह भाभोर से भी इस मामले को उनके प्रदेश प्रवास के दौरान उठाया है और उन्होंने भी आश्वासन दिया है। केंद्रीय हाटी समिति के अध्यक्ष और सिरमौर युवा विकास मंच के प्रदीप सिंगटा और धनवीर ठाकुर ने सांसद वीरेंद्र कश्यप व उपाध्यक्ष खाद्य आपूर्ति बलदेव तोमर के नेतृत्व में भारत सरकार के जनजातीय राज्यमंत्री जसवंत सिंह भाभोर से भी शिमला में मुलाकात की। इससे पहले यह प्रतिनिधिमंडल प्रदेश मुख्य सचिव बीके अग्रवाल से भी मिला। उन्होंने जनजातीय मंत्रालय की आपत्ति का जवाब शीघ्र भेजने की बात कही है। प्रदेश सरकार की इस सक्रियता को देखते हुए हाटी समुदाय को उम्मीद जगी है।