फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Rampur Bushahar News ›   The situation in Seripul has not improved for four years, the problems of gardeners increase every year

Rampur Bushahar News: आपदा की मार, रामपुर की 11 पंचायतों की मुश्किलें बरकरार

Thu, 28 Aug 2025 11:03 PM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Thu, 28 Aug 2025 11:03 PM IST
विज्ञापन
The situation in Seripul has not improved for four years, the problems of gardeners increase every year
सेरीपुल में सडक़ बहाली में जुटी मशीनें। संवाद
तीन सप्ताह से 12/20 और 16 दिन से 15/20 क्षेत्र का उपमंडल से कटा है संपर्क
विज्ञापन


बागवानों समेत हजारों ग्रामीणों पर पड़ रही मार, ढुलाई पर लुटा रहे गाढ़ी कमाई

सेरीपुल में चार वर्षों से नहीं सुधरे हालात, हर वर्ष बढ़ती हैं बागवानों की समस्याएं

तिलक राज कायथ
रामपुर बुशहर। सरकार और सरकारी तंत्र के सभी इंतजाम आपदा के आगे बेबस नजर आ रहे हैं। उपमंडल रामपुर में कई वर्षों से प्राकृतिक आपदा कहर बरपा रही है। इस वर्ष भी भारी बारिश और बाढ़ ने उपमंडल के दुर्गम क्षेत्र 12/20 और 15/20 क्षेत्र की 11 पंचायतों की दुश्वारियां बढ़ा दी हैं। तीन सप्ताह से 12/20 और 16 दिन से 15/20 क्षेत्र का उपमंडल से संपर्क कटा हुआ है। सेब सीजन चल रहा है। ऐसे में सड़कें अवरुद्ध होने से बागवानों को कड़ी मशक्कत कर अपनी फसल मंडी पहुंचानी पड़ रही है। वहीं, हजारों ग्रामीण, स्कूली बच्चे और नौकरीपेशा से जुड़े लोग आवाजाही में दिक्कतें झेल रहे हैं। ग्रामीणों का आधे से ज्यादा बोझ तो सड़कें बंद होने के कारण सामान ढोने के एवज में दी जाने वाली ढुलाई से बढ़ गया है। प्राकृतिक आपदा की मार से जूझ रहे उपमंडल रामपुर के हजारों लोगों की दुश्वारियां आपदा के कई सप्ताह बाद भी दूर नहीं हो पाई हैं। 13 अगस्त की रात को गानवी खड्ड में आई बाढ़ के कारण 15/20 क्षेत्र की गानवी, फांचा, कूट, क्याव, लबाना सदाना, जघोरी पंचायत का संपर्क कटा हुआ है। आपदा के 16 दिन बीतने के बाद भी यातायात व्यवस्था ठप पड़ी है। क्षेत्र के बागवान जहां तक संभव है, वहां तक सेब की पेटियां ढोकर पहुंचा रहे हैं। ढुलाई पर ही बागवान 80 से 100 रुपये प्रति पेटी खर्च करने को मजबूर हैं। वहीं, उपमंडल के 12/20 क्षेत्र को जोड़ने वाली सेरीपुल सड़क करीब तीन सप्ताह से बंद पड़ी है। भारी भूस्खलन और लगातार भूमि धंसने के कारण सड़क बहाल नहीं हो पा रही है। ऐसे में क्षेत्र की काशापाट, मुनिश, देवठी और कूहल पंचायत की मुख्य सड़क बंद होने से हजारों लोगों की मुश्किलें बढ़ी हुई हैं। हालांकि, लोक निर्माण विभाग वैकल्पिक मार्ग शांदल बाहलीधार से वाहनों की आवाजाही करवा रहा है, लेकिन यह सड़क भी ऊपरी क्षेत्र के लोगों के लाभ पहुंचा रही है, जबकि अन्य इलाकों के लोगों की समस्याएं बरकरार हैं। ग्रामीणों को गांव तक एक सिलिंडर सहित खाद्य सामग्री पहुंचाने के लिए भारी भरकम राशि खर्च करनी पड़ रही है। गानवी में अभी सड़क बहाली में वक्त लगेगा, जबकि सेरीपुल में आगामी कुछ दिनों में सड़क बहाली की उम्मीद है।

सड़क बहाली के प्रयास तेज किए जा रहे

लोक निर्माण विभाग रामपुर के अधिशासी अभियंता एसके नेगी ने बताया कि दोनों क्षेत्रों में सड़क बहाली के प्रयास तेज किए जा रहे हैं। मौके पर जेसीबी, पोकलेन, कंप्रेशर सहित मजदूर सड़क बहाली में जुटे हुए हैं। सेरीपुल में जल्द सड़क को यातायात के लिए बहाल कर दिया जाएगा।

सेरीपुल में सडक़ बहाली में जुटी मशीनें। संवाद

सेरीपुल में सडक़ बहाली में जुटी मशीनें। संवाद

सेरीपुल में सडक़ बहाली में जुटी मशीनें। संवाद

सेरीपुल में सडक़ बहाली में जुटी मशीनें। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article