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Rampur Bushahar News: खनेरी अस्पताल में ढाई घंटे तक डॉक्टरों का इंतजार करते रहे मरीज
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चिकित्सकों की हड़ताल के कारण मरीजों को झेलनी पड़ी परेशानी, दूरदराज के मरीजों को घर पहुंचने में आईं दिक्कतें
चिकित्सक संघ ने प्रदेश सरकार से वार्ता के लिए दिया अल्टीमेटम, सात मार्च तक मांगे पूरा न मानने पर दी अवकाश पर जाने की चेतावनी
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। महात्मा गांधी खनेरी अस्पताल रामपुर में सोमवार को चिकित्सकों की पेन डाउन हड़ताल के कारण मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस दौरान करीब ढाई घंटे तक मरीज ओपीडी के बाहर डॉक्टरों के आने का इंतजार करते रहे। इसमें सबसे अधिक परेशानी दूरदराज के क्षेत्रों से मरीजों को पेश आई, जो कि जांच करवाने के लिए सुबह 8:30 बजे ही अस्पताल पहुंच गए थे। यहां पर्ची बनवाने के बाद जब वे ओपीडी में पहुंचे तो पता चला कि 12:00 बजे तक चिकित्सक हड़ताल पर हैं। इसके बाद मरीजों को करीब ढाई घंटे तक डॉक्टरों के आने का इंतजार करना पड़ा। इसमें बच्चों और बुजुर्गों को भारी दिक्कतें पेश आईं। सोमवार को अस्पताल में हालत यह थे कि पर्ची काउंटर से लेकर ओपीडी तक मरीज और तीमारदार कतारों में खड़े होकर इंतजार करते दिखे। दोपहर 12:00 बजे चिकित्सकों के ओपीडी में बैठने के बाद भी बड़ी संख्या में मरीज ओपीडी के बाहर खड़े रहे। मरीजों संख्या अधिक और समय कम होने पर दूरदराज से आए लोग सुबह से ही परेशान दिखे। इसकी एक वजह यह भी है कि ग्रामीण रूटों पर देर शाम को कम संख्या में ही बसें चलती हैं, ऐसे में मरीजों को वापस घर पहुंचने की चिंता सता रही थी। वहीं चिकित्सा संघ रामपुर के ने प्रदेश सरकार से मांग की कि उन्हें जल्द बैठक के लिए बुलाया जाए। उन्होंने सरकार को अल्टीमेटम दिया कि अगर उन्हें बैठक के लिए नहीं बुलाया गया तो सभी चिकित्सक अवकाश में चले जाएंगे। प्रदेश के 2,600 चिकित्सक एक माह से अधिक समय से काले बिल्ले लगाकर अस्पताल में सेवाएं दे रहे हैं। इसमें ढाई घंटे तक मरीजों को नहीं देख रहे हैं। वहीं मरीजों को कहना है कि 12 बजे चिकित्सकों के द्वारा उन्हें देखने के कारण उन्हें समय पर रिपोर्ट नहीं मिल पा रही है। इसके कारण कई बार उन्हें घर जाने में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। होना पड़ रहा है। इस मौके पर डाॅ. गुमान नेगी, डाॅ. संदीप नेगी, डाॅ. अजय नेगी, डाॅ. पलमो, डाॅ. संजय, डाॅ. राजेश्वर और डाॅ. भारती आजाद सहित अन्य चिकित्सक मौजूद रहे।
इनसेट
रिकांंगपिओ क्षेत्रीय अस्पताल के बाहर भी चिकित्सकों ने रोष प्रकट किया
संवाद न्यूज एजेंसी
रिकांगपिओ (किन्नौर)। क्षेत्रीय अस्पताल रिकांगपिओ में सोमवार को भी चिकित्सकों ने सुबह 9:30 बजे से लेकर 12:00 बजे तक पेन डाउन स्ट्राइक की। इस वजह से जांच करवाने के लिए ओपीडी में पहुंचे मरीजों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा। मरीज ढाई घंटे तक ओपीडी के बाहर पर्ची लेकर डॉक्टरों के आने का इंतजार करते रहे। मरीजों का कहना है कि समय पर जांच न होने पर उन्हें समय पर रिपोर्ट नहीं मिल पा रही है। कई मरीजों को समय पर बस न मिलने से भी परेशान होना पड़ा। वहीं चिकित्सक संघ रिकांगपिओ के अध्यक्ष द्विज शर्मा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष डाॅ. अवेषा, उप अध्यक्ष डॉ. लिजा, सचिव सोनम गियालच्छेन नेगी, डाॅ. जड़ेत , डाॅ. शीतल, डाॅ. साक्षी डाॅ. भातेंदु, डॉ अनुभाव, डाॅ. ज्ञान डा. ऋद्विका सहित अन्य चिकित्सकों ने बताया कि 7 मार्च तक अगर सरकार ने उनकी मांगों को पूरा नहीं किया तो सभी चिकित्सक सामूहिक अवकाश में चले जाएंगे। उन्होंने प्रदेश सरकार से जल्द दोबारा बैठक करके मांगों को लेकर बातचीत करने की मांग की है।
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चिकित्सक संघ ने प्रदेश सरकार से वार्ता के लिए दिया अल्टीमेटम, सात मार्च तक मांगे पूरा न मानने पर दी अवकाश पर जाने की चेतावनी
संवाद न्यूज एजेंसी
रामपुर बुशहर। महात्मा गांधी खनेरी अस्पताल रामपुर में सोमवार को चिकित्सकों की पेन डाउन हड़ताल के कारण मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस दौरान करीब ढाई घंटे तक मरीज ओपीडी के बाहर डॉक्टरों के आने का इंतजार करते रहे। इसमें सबसे अधिक परेशानी दूरदराज के क्षेत्रों से मरीजों को पेश आई, जो कि जांच करवाने के लिए सुबह 8:30 बजे ही अस्पताल पहुंच गए थे। यहां पर्ची बनवाने के बाद जब वे ओपीडी में पहुंचे तो पता चला कि 12:00 बजे तक चिकित्सक हड़ताल पर हैं। इसके बाद मरीजों को करीब ढाई घंटे तक डॉक्टरों के आने का इंतजार करना पड़ा। इसमें बच्चों और बुजुर्गों को भारी दिक्कतें पेश आईं। सोमवार को अस्पताल में हालत यह थे कि पर्ची काउंटर से लेकर ओपीडी तक मरीज और तीमारदार कतारों में खड़े होकर इंतजार करते दिखे। दोपहर 12:00 बजे चिकित्सकों के ओपीडी में बैठने के बाद भी बड़ी संख्या में मरीज ओपीडी के बाहर खड़े रहे। मरीजों संख्या अधिक और समय कम होने पर दूरदराज से आए लोग सुबह से ही परेशान दिखे। इसकी एक वजह यह भी है कि ग्रामीण रूटों पर देर शाम को कम संख्या में ही बसें चलती हैं, ऐसे में मरीजों को वापस घर पहुंचने की चिंता सता रही थी। वहीं चिकित्सा संघ रामपुर के ने प्रदेश सरकार से मांग की कि उन्हें जल्द बैठक के लिए बुलाया जाए। उन्होंने सरकार को अल्टीमेटम दिया कि अगर उन्हें बैठक के लिए नहीं बुलाया गया तो सभी चिकित्सक अवकाश में चले जाएंगे। प्रदेश के 2,600 चिकित्सक एक माह से अधिक समय से काले बिल्ले लगाकर अस्पताल में सेवाएं दे रहे हैं। इसमें ढाई घंटे तक मरीजों को नहीं देख रहे हैं। वहीं मरीजों को कहना है कि 12 बजे चिकित्सकों के द्वारा उन्हें देखने के कारण उन्हें समय पर रिपोर्ट नहीं मिल पा रही है। इसके कारण कई बार उन्हें घर जाने में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। होना पड़ रहा है। इस मौके पर डाॅ. गुमान नेगी, डाॅ. संदीप नेगी, डाॅ. अजय नेगी, डाॅ. पलमो, डाॅ. संजय, डाॅ. राजेश्वर और डाॅ. भारती आजाद सहित अन्य चिकित्सक मौजूद रहे।
इनसेट
रिकांंगपिओ क्षेत्रीय अस्पताल के बाहर भी चिकित्सकों ने रोष प्रकट किया
संवाद न्यूज एजेंसी
रिकांगपिओ (किन्नौर)। क्षेत्रीय अस्पताल रिकांगपिओ में सोमवार को भी चिकित्सकों ने सुबह 9:30 बजे से लेकर 12:00 बजे तक पेन डाउन स्ट्राइक की। इस वजह से जांच करवाने के लिए ओपीडी में पहुंचे मरीजों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा। मरीज ढाई घंटे तक ओपीडी के बाहर पर्ची लेकर डॉक्टरों के आने का इंतजार करते रहे। मरीजों का कहना है कि समय पर जांच न होने पर उन्हें समय पर रिपोर्ट नहीं मिल पा रही है। कई मरीजों को समय पर बस न मिलने से भी परेशान होना पड़ा। वहीं चिकित्सक संघ रिकांगपिओ के अध्यक्ष द्विज शर्मा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष डाॅ. अवेषा, उप अध्यक्ष डॉ. लिजा, सचिव सोनम गियालच्छेन नेगी, डाॅ. जड़ेत , डाॅ. शीतल, डाॅ. साक्षी डाॅ. भातेंदु, डॉ अनुभाव, डाॅ. ज्ञान डा. ऋद्विका सहित अन्य चिकित्सकों ने बताया कि 7 मार्च तक अगर सरकार ने उनकी मांगों को पूरा नहीं किया तो सभी चिकित्सक सामूहिक अवकाश में चले जाएंगे। उन्होंने प्रदेश सरकार से जल्द दोबारा बैठक करके मांगों को लेकर बातचीत करने की मांग की है।
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