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Rampur Bushahar News: देश की विभिन्न मंडियों में किन्नौरी मटर का डंका
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इस वर्ष 55 से 60 करोड़ के कारोबार का अनुमान
किन्नौर में मटर सीजन चरम पर, करीब 15 हजार मीट्रिक टन दिल्ली तक पहुंचा
120 रुपये प्रतिकिलो बिक रहा मटर, अच्छे दाम मिलने से किसानों के चेहरे खिले
बीरबल नेगी
सांगला (किन्नौर)। जनजातीय जिला किन्नौर के मटर का देश की विभिन्न मंडियों में मांग है। जिले के तीनों खंडों के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में इन दिनों मटर का सीजन जोरों पर चल रहा है। वहीं, मटर के अच्छे दाम मिलने से किसान के चेहरे खिल उठे हैं। गौर हो कि बीते वर्ष जिले से 45-50 करोड़ रुपये का कारोबार हुआ था। करीब 29 हजार, 10 मीट्रिक टन मटर का उत्पादन हुआ था। वहीं, इस वर्ष करीब 55-60 करोड़ रुपये के कारोबार का अनुमान है। जिले के कल्पा, पूह और निचार खंड में इस बार 32 हजार, पांच मीट्रिक टन मटर के उत्पादन होने का अनुमान है। जिले से अभी तक रामपुर, ठियोग, ढली, शिमला, सोलन, चंडीगढ़ और दिल्ली मंडियों में मटर ने दस्तक दी है। 70 से लेकर 120 रुपये प्रतिकिलो मटर के दाम किसानों को मिल रहे हैं। अच्छे दाम मिलने से किसान भी खुश हैं। इन दिनो किन्नौर जिले के पूह खंड के ऊंचाई वाले क्षेत्रों लिप्पा, आसरंग, कुन्नोचारंग, ठंगी, लंबर, हांगो, चुलिंग, कानम और लाबरंग में मटर सीजन चरम पर है। वहीं, कल्पा खंड के सांगला, बारंग, किल्बा, बु्रआ, सापनी, शौंग, चांसू, कामरू, बटसेरी, रक्षम और छितकुल के अलावा निचार खंड के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में मटर चल रहा है।
मटर के तुड़ान में जुटे किसान
किसान राम जगत नेगी, राजेंद्र नेगी, कर्ण नेगी, सुनील नेगी, अश्वन देव नेगी, कमल नेगी, विमल नेगी, धीरज नेगी और चंद्र कीर्ती नेगी ने कहा कि जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में मटर के तुड़ान में किसान जुटे हुए हैं। देश की विभिन्न मंडियों में मटर को भेजा जा रहा है। मटर के अच्छे दाम भी किसानों को मिल रहे हैं।
15 हजार मीट्रिक टन मटर मंडियों में भेजा
अब तक जिले से करीब 15 हजार मीट्रिक टन मटर विभिन्न मंडियों में भेजा जा चुका है। जिले के कई क्षेत्रों में सितंबर माह में मटर का सीजन शुरू होगा। जिले में इस वर्ष करीब 33 हजार मीट्रिक टन मटर फसल के उत्पादन का अनुमान है। -डॉ. ओमप्रकाश बंसल, जिला कृषि अधिकारी
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किन्नौर में मटर सीजन चरम पर, करीब 15 हजार मीट्रिक टन दिल्ली तक पहुंचा
120 रुपये प्रतिकिलो बिक रहा मटर, अच्छे दाम मिलने से किसानों के चेहरे खिले
बीरबल नेगी
सांगला (किन्नौर)। जनजातीय जिला किन्नौर के मटर का देश की विभिन्न मंडियों में मांग है। जिले के तीनों खंडों के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में इन दिनों मटर का सीजन जोरों पर चल रहा है। वहीं, मटर के अच्छे दाम मिलने से किसान के चेहरे खिल उठे हैं। गौर हो कि बीते वर्ष जिले से 45-50 करोड़ रुपये का कारोबार हुआ था। करीब 29 हजार, 10 मीट्रिक टन मटर का उत्पादन हुआ था। वहीं, इस वर्ष करीब 55-60 करोड़ रुपये के कारोबार का अनुमान है। जिले के कल्पा, पूह और निचार खंड में इस बार 32 हजार, पांच मीट्रिक टन मटर के उत्पादन होने का अनुमान है। जिले से अभी तक रामपुर, ठियोग, ढली, शिमला, सोलन, चंडीगढ़ और दिल्ली मंडियों में मटर ने दस्तक दी है। 70 से लेकर 120 रुपये प्रतिकिलो मटर के दाम किसानों को मिल रहे हैं। अच्छे दाम मिलने से किसान भी खुश हैं। इन दिनो किन्नौर जिले के पूह खंड के ऊंचाई वाले क्षेत्रों लिप्पा, आसरंग, कुन्नोचारंग, ठंगी, लंबर, हांगो, चुलिंग, कानम और लाबरंग में मटर सीजन चरम पर है। वहीं, कल्पा खंड के सांगला, बारंग, किल्बा, बु्रआ, सापनी, शौंग, चांसू, कामरू, बटसेरी, रक्षम और छितकुल के अलावा निचार खंड के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में मटर चल रहा है।
मटर के तुड़ान में जुटे किसान
किसान राम जगत नेगी, राजेंद्र नेगी, कर्ण नेगी, सुनील नेगी, अश्वन देव नेगी, कमल नेगी, विमल नेगी, धीरज नेगी और चंद्र कीर्ती नेगी ने कहा कि जिले के ऊंचाई वाले क्षेत्रों में मटर के तुड़ान में किसान जुटे हुए हैं। देश की विभिन्न मंडियों में मटर को भेजा जा रहा है। मटर के अच्छे दाम भी किसानों को मिल रहे हैं।
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15 हजार मीट्रिक टन मटर मंडियों में भेजा
अब तक जिले से करीब 15 हजार मीट्रिक टन मटर विभिन्न मंडियों में भेजा जा चुका है। जिले के कई क्षेत्रों में सितंबर माह में मटर का सीजन शुरू होगा। जिले में इस वर्ष करीब 33 हजार मीट्रिक टन मटर फसल के उत्पादन का अनुमान है। -डॉ. ओमप्रकाश बंसल, जिला कृषि अधिकारी
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