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बाजार में खूब बिक रहे बगीचों में प्रयोग होने वाले अप्रमाणित उत्पाद
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अमर उजाला ब्यूरो
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रोहड़ू। सेब में फूल निकलने के साथ पोषक तत्वों के नाम पर कई कंपनियां अप्रमाणित उत्पाद बेच कर बागवानों के साथ खूब लूट हो रही है। सेब की अच्छी पैदावार और गुणवत्ता बनाए रखने का आश्वासन मिलने पर बागवान भी उनके झांसे में आ रहे हैं। वहीं बागवानी विशेषज्ञों ने बागवानों से पोषक तत्वों के नाम पर बिक रहे अप्रमाणित उत्पादों की खरीद न करने का आह्वान किया है।
स्थानीय दुकानदारों को अधिक मुनाफे का झांसा देकर इन उत्पादों को बजार में उतारा जा रहा है। कंपनियां कुछ एजेंटों और बागवानों के साथ मिल कर कई कार्यशालाएं भी चल रही हैं। बागवानों से जैविक खाद, विदेशी टॉनिक सहित कई उत्पादों के गुणवत्ता से अधिक दाम भी वसूले जा रहे हैं। कंपनी के एजेंट बागवानों को फ्रूट सेट करने का टॉनिक, सेब का आकार बनाने के टॉनिक, बगीचों में कई माइक्रान्यूट्रेंट की स्प्रे करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। पुख्ता सूत्रों के अनुसार इस लूट में कंपनी के साथ कई सेवा निवृत्त विशेषज्ञ और बागवानी विभाग के कर्मचारी भी शामिल हैं।
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उद्यान विकास अधिकारी कुशल मेहता के अनुसार बाजार में सेब के लिए गैर प्रमाणित कई पोषक तत्व पहुंचने की सूचना है। इसकी जांच भी की जा रही है। बागवान सेब की दवाई की दुकान से खरीदे जाने वाली हर प्रकार की दवाइयों और अन्य कंपनियों के उत्पादों के बिल जरूर लें। यदि उत्पादक नकली लग रहे तो उद्यान विभाग को इसकी सूचना दें। बिलों के आधार पर ही उद्यान विभाग कार्रवाई कर सकता है। गुमराह करने वाले एजेंटों के चंगुल में बागवान न आएं। गलत दवाइयों और पोषक तत्वों के छिड़काव से फूल-फल और पौधे को नुकसान हो सकता है।
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