{"_id":"68a711db66fa9ab7dd0bc693","slug":"the-fields-are-back-in-full-swing-farmers-are-busy-sowing-peas-mandi-news-c-90-1-ssml1045-166690-2025-08-21","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mandi News: खेतों में लौटी रौनक, मटर की बिजाई में जुटे किसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mandi News: खेतों में लौटी रौनक, मटर की बिजाई में जुटे किसान
Fri, 22 Aug 2025 06:01 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
Updated Fri, 22 Aug 2025 06:01 AM IST
विज्ञापन
कमरूघाटी में मटर की बिजाई के लिए खेत तैयार करते किसान। -संवाद
गोहर (मंडी)। मौसम के साफ होते ही नाचन और सराज हलकों में हजारों किसानों ने मटर की बिजाई शुरू कर दी है। इस सीजन में दोनों हलकों की करीब 30 हजार हेक्टेयर भूमि पर मटर बोया जाएगा। बारिश थमते ही किसानों ने खेतों में कूच कर खेती की रौनक लौटा दी है।
क्षेत्र का मटर देशभर की मंडियों में अच्छी कीमत पर बिकता है। पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और जम्मू राज्यों से इसकी भारी मांग रहती है। यही कारण है कि नाचन और सराज से हर साल बरसात के सीजन में 200 से 300 टन से अधिक मटर का निर्यात होता है।
नाचन क्षेत्र के किलिंग, छम्यार, बाढ़ू, रोहांडा, घीड़ी, चौकी, पण्डार, कुटाहची, सरोआ, फंग्यार, कोट, नौंन, चैलचौक, मोवीसेरी, स्यांज, शाला, तुना, जहल, धंग्यारा सहित कई पंचायतों और सराज के सलाहर, खार्शी, काढ़ा, बगस्याड, थुनाग, जंजैहली, भाटकीधार, बागचनोगी आदि पंचायतों के हजारों किसान इस सीजन में मटर बोते हैं।
विज्ञापन
किसानों का कहना है कि दिवाली सीजन में तैयार होने वाली फसल से उन्हें सालभर की अच्छी कमाई हो जाती है। किसानों हेम सिंह, नंद लाल, वेद प्रकाश, लेख राज, डोले राम, ख्याली राम, प्रेम सिंह, नाग राज, मनोज कुमार और हंस राज ने बताया कि उन्होंने खेतों में मटर बोना शुरू कर दिया है।
कृषि विषय विशेषज्ञ गोहर डॉ. गगन प्रदीप ने कहा कि किसान प्रमाणित बीज का उपयोग करें ताकि उपज बेहतर हो और रोगों से बचाव भी संभव हो सके।
विज्ञापन
क्षेत्र का मटर देशभर की मंडियों में अच्छी कीमत पर बिकता है। पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश और जम्मू राज्यों से इसकी भारी मांग रहती है। यही कारण है कि नाचन और सराज से हर साल बरसात के सीजन में 200 से 300 टन से अधिक मटर का निर्यात होता है।
विज्ञापन
नाचन क्षेत्र के किलिंग, छम्यार, बाढ़ू, रोहांडा, घीड़ी, चौकी, पण्डार, कुटाहची, सरोआ, फंग्यार, कोट, नौंन, चैलचौक, मोवीसेरी, स्यांज, शाला, तुना, जहल, धंग्यारा सहित कई पंचायतों और सराज के सलाहर, खार्शी, काढ़ा, बगस्याड, थुनाग, जंजैहली, भाटकीधार, बागचनोगी आदि पंचायतों के हजारों किसान इस सीजन में मटर बोते हैं।
विज्ञापन
किसानों का कहना है कि दिवाली सीजन में तैयार होने वाली फसल से उन्हें सालभर की अच्छी कमाई हो जाती है। किसानों हेम सिंह, नंद लाल, वेद प्रकाश, लेख राज, डोले राम, ख्याली राम, प्रेम सिंह, नाग राज, मनोज कुमार और हंस राज ने बताया कि उन्होंने खेतों में मटर बोना शुरू कर दिया है।
कृषि विषय विशेषज्ञ गोहर डॉ. गगन प्रदीप ने कहा कि किसान प्रमाणित बीज का उपयोग करें ताकि उपज बेहतर हो और रोगों से बचाव भी संभव हो सके।