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Mandi News: सात साल का हिसाब खंगाला, आरसीएफसी केंद्र से मांगी स्टेटस रिपोर्ट
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सोलन स्थानांतरण विवाद के बीच पीएमसी ने आय-व्यय और किसानों को मिले लाभ का मांगा पूरा ब्योरा
संवाद न्यूज एजेंसी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। आरसीएफसी केंद्र जोगिंद्रनगर के सोलन स्थानांतरण को लेकर चल रहे विवाद के बीच प्रोजेक्ट मैनेजिंग कमेटी (पीएमसी) ने केंद्र के सात साल के कामकाज का रिकॉर्ड खंगाला। पीएमसी अध्यक्ष एवं आयुर्वेदिक कॉलेज पपरोला के प्राचार्य डॉ. विजय चौधरी की अगुवाई में पांच सदस्यीय टीम ने वीरवार को केंद्र पहुंचकर करीब तीन घंटे तक प्रोजेक्ट की समीक्षा की।
बैठक में केंद्र की ओर से किए गए कार्यों, सात साल में खर्च बजट, आय-व्यय और उत्तर भारत के सात राज्यों के किसानों को मिले आर्थिक लाभ का ब्योरा लिया गया। केंद्र को उपलब्धियों और मौजूदा स्थिति की विस्तृत स्टेटस रिपोर्ट जल्द प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
समीक्षा के दौरान पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, दिल्ली और हिमाचल के करीब दस हजार किसानों को केंद्र की गतिविधियों से मिले लाभ की जानकारी भी मांगी गई। इसके अलावा पीएमसी की ओर से पहले मांगे गए करीब 37 बिंदुओं पर प्रस्तुत रिपोर्ट पर भी पुनर्विचार करने को कहा गया।
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बैठक में आयुर्वेद विभाग मंडी जोन के उपनिदेशक डॉ. संजय, उपमंडलीय आयुष चिकित्सा अधिकारी डॉ. रक्षक पाल, केंद्र के पूर्व प्रभारी डॉ. अरुण चंदन और मेंबर सेक्रेटरी डॉ. रविंद्र कौंडल मौजूद रहे।
पीएमसी के मेंबर सेक्रेटरी डॉ. रविंद्र कौंडल ने बताया कि समीक्षा बैठक में मांगी गई महत्वपूर्ण जानकारी साझा की गई है। स्टेटस रिपोर्ट नए सिरे से जल्द भेजी जाएगी। पीएमसी अध्यक्ष डॉ. विजय चौधरी ने कहा कि रिपोर्ट केंद्रीय आयुष मंत्रालय को भेजी जाएगी। इसके आधार पर आगामी कार्रवाई होगी।
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संवाद न्यूज एजेंसी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। आरसीएफसी केंद्र जोगिंद्रनगर के सोलन स्थानांतरण को लेकर चल रहे विवाद के बीच प्रोजेक्ट मैनेजिंग कमेटी (पीएमसी) ने केंद्र के सात साल के कामकाज का रिकॉर्ड खंगाला। पीएमसी अध्यक्ष एवं आयुर्वेदिक कॉलेज पपरोला के प्राचार्य डॉ. विजय चौधरी की अगुवाई में पांच सदस्यीय टीम ने वीरवार को केंद्र पहुंचकर करीब तीन घंटे तक प्रोजेक्ट की समीक्षा की।
बैठक में केंद्र की ओर से किए गए कार्यों, सात साल में खर्च बजट, आय-व्यय और उत्तर भारत के सात राज्यों के किसानों को मिले आर्थिक लाभ का ब्योरा लिया गया। केंद्र को उपलब्धियों और मौजूदा स्थिति की विस्तृत स्टेटस रिपोर्ट जल्द प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए।
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समीक्षा के दौरान पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, दिल्ली और हिमाचल के करीब दस हजार किसानों को केंद्र की गतिविधियों से मिले लाभ की जानकारी भी मांगी गई। इसके अलावा पीएमसी की ओर से पहले मांगे गए करीब 37 बिंदुओं पर प्रस्तुत रिपोर्ट पर भी पुनर्विचार करने को कहा गया।
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बैठक में आयुर्वेद विभाग मंडी जोन के उपनिदेशक डॉ. संजय, उपमंडलीय आयुष चिकित्सा अधिकारी डॉ. रक्षक पाल, केंद्र के पूर्व प्रभारी डॉ. अरुण चंदन और मेंबर सेक्रेटरी डॉ. रविंद्र कौंडल मौजूद रहे।
पीएमसी के मेंबर सेक्रेटरी डॉ. रविंद्र कौंडल ने बताया कि समीक्षा बैठक में मांगी गई महत्वपूर्ण जानकारी साझा की गई है। स्टेटस रिपोर्ट नए सिरे से जल्द भेजी जाएगी। पीएमसी अध्यक्ष डॉ. विजय चौधरी ने कहा कि रिपोर्ट केंद्रीय आयुष मंत्रालय को भेजी जाएगी। इसके आधार पर आगामी कार्रवाई होगी।