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Mandi News: जोनल अस्पताल के वार्डों में पेयजल संकट, मरीज बोतल बंद पानी खरीदने को मजबूर
Tue, 08 Oct 2024 05:29 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
संवाद न्यूज एजेंसी, मंडी
Updated Tue, 08 Oct 2024 05:29 AM IST
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जोनल अस्पताल मंडी के वार्डों में पेयजल न होने पर बाहर लगे कूलर से पानी भरती तीमारदार महिला। सं
अस्पताल के सर्जिकल, ऑर्थों, पुरुष और एमसीएच वार्डों में मरीजों को नहीं मिल रहा पीने का पानी
ओटी, ब्लड बैंक, सार्वजनिक कूलरों में ही मिल रही पानी की आपूर्ति
सार्वजनिक कूलर की टंकी का ढक्कन टूटा, रामभरोसे चल रही व्यवस्था
डिजिटल पर न चलाएं...
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। जोनल अस्पताल मंडी के कई वार्डों में पेयजल संकट गहरा गया है। ऐसे में मजबूरन मरीजों और तीमारदारों को बोतल बंद पानी खरीदने को मजबूर होना पड़ रहा है। अस्पताल के कुछ हिस्सों में पानी आ रहा है, लेकिन वार्डों में नल सूखे पड़े हैं। इस बीच अस्पताल प्रशासन बेखबर है और इस समस्या के निदान को लेकर भी गंभीर नजर नहीं आ रहा है।
जोनल अस्पताल के सर्जिकल, ऑर्थों, महिला और पुरुष वार्डों के अलावा एमसीएम के गायनी वार्ड में पेयजल की सुविधा नहीं मिल पा रही है। यहां शौचालय के लिए भी मरीज और तीमारदार इधर-उधर से जुगाड़ कर पानी ला रहे हैं। ऐसे में पहले से दिक्कत झेल रहे मरीजों का मर्ज और बढ़ गया है।
जोनल अस्पताल में केवल ओटी, ब्लड बैंक, नर्सिंग कक्ष, चिकित्सक ओपीडी और सार्वजनिक कूलरों में ही पेयजल आपूर्ति मिल रही है। ऐसे में लोगों को पेयजल और शौच आदि के लिए कूलरों से बोतल भर कर काम चलाना पड़ रहा है। अस्पताल के सार्वजनिक कूलर के लिए रखी टंकी का ढक्कन क्षतिग्रस्त हो गया है। इसे प्लास्टिक की शीट से ढक कर काम चलाया जा रहा है। ऐसे में लोगों को बेहतर उपचार देने के दावे करने वाले जोनल अस्पताल की व्यवस्थाओं पर सवाल उठ रहे हैं। बताया जा रहा है कि सिक्योरिटी में तैनात कर्मचारी भी प्लंबर और सुपरवाइजर के पास शिकायत कर चुके हैं, लेकिन सोमवार दोपहर होने तक आपूर्ति नहीं हो सकी है।
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क्या कहते हैं तीमारदार
मझवाड़ निवासी आशा देवी ने बताया कि खाना खाने के बाद बर्तन धाेने के लिए भी बाहर कूलरों से पानी लाना पड़ रहा है। अस्पताल में कभी पानी आता है, कभी आता ही नहीं।
-कटौला निवासी राम मोहन ने बताया कि पिछले एक सप्ताह से मरीज के साथ अस्पताल में हैं। पेयजल की दिक्कत पेश आ रही है। अस्पताल प्रबंधन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है।
एमएस ने जताई अनभिज्ञता
इस समस्या को लेकर संवाद न्यूज एजेंसी के संवाददाता हरदेव कुमार जोनल अस्पताल मंडी के एमएस डाॅ. धर्म सिंह वर्मा मिलने पहुंचे और उन्हें समस्या के बारे में अवगत करवाया। इस पर एमएस भड़क गए और अस्पताल की खामियाें को लेकर खबरें प्रकाशित होने पर आपत्ति जताने लगे। अस्पताल के प्रति अपनी जिम्मेदारी भूलकर संवाददाता को ही जल शक्ति विभाग से बात करने की नसीहत देने लग गए, जबकि उन्हें अस्पताल के कई हिस्सों में पेयजल आपूर्ति नहीं होने की जानकारी तक नहीं थी। हालांकि बाद में उन्होंने बताया कि अस्पताल में पानी न होने के बारे में जानकारी नहीं है, फिर भी कर्मचारियों से जानकारी लेकर पानी की आपूर्ति बहाल करवाई जाएगी।
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ओटी, ब्लड बैंक, सार्वजनिक कूलरों में ही मिल रही पानी की आपूर्ति
सार्वजनिक कूलर की टंकी का ढक्कन टूटा, रामभरोसे चल रही व्यवस्था
डिजिटल पर न चलाएं...
संवाद न्यूज एजेंसी
मंडी। जोनल अस्पताल मंडी के कई वार्डों में पेयजल संकट गहरा गया है। ऐसे में मजबूरन मरीजों और तीमारदारों को बोतल बंद पानी खरीदने को मजबूर होना पड़ रहा है। अस्पताल के कुछ हिस्सों में पानी आ रहा है, लेकिन वार्डों में नल सूखे पड़े हैं। इस बीच अस्पताल प्रशासन बेखबर है और इस समस्या के निदान को लेकर भी गंभीर नजर नहीं आ रहा है।
जोनल अस्पताल के सर्जिकल, ऑर्थों, महिला और पुरुष वार्डों के अलावा एमसीएम के गायनी वार्ड में पेयजल की सुविधा नहीं मिल पा रही है। यहां शौचालय के लिए भी मरीज और तीमारदार इधर-उधर से जुगाड़ कर पानी ला रहे हैं। ऐसे में पहले से दिक्कत झेल रहे मरीजों का मर्ज और बढ़ गया है।
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जोनल अस्पताल में केवल ओटी, ब्लड बैंक, नर्सिंग कक्ष, चिकित्सक ओपीडी और सार्वजनिक कूलरों में ही पेयजल आपूर्ति मिल रही है। ऐसे में लोगों को पेयजल और शौच आदि के लिए कूलरों से बोतल भर कर काम चलाना पड़ रहा है। अस्पताल के सार्वजनिक कूलर के लिए रखी टंकी का ढक्कन क्षतिग्रस्त हो गया है। इसे प्लास्टिक की शीट से ढक कर काम चलाया जा रहा है। ऐसे में लोगों को बेहतर उपचार देने के दावे करने वाले जोनल अस्पताल की व्यवस्थाओं पर सवाल उठ रहे हैं। बताया जा रहा है कि सिक्योरिटी में तैनात कर्मचारी भी प्लंबर और सुपरवाइजर के पास शिकायत कर चुके हैं, लेकिन सोमवार दोपहर होने तक आपूर्ति नहीं हो सकी है।
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क्या कहते हैं तीमारदार
मझवाड़ निवासी आशा देवी ने बताया कि खाना खाने के बाद बर्तन धाेने के लिए भी बाहर कूलरों से पानी लाना पड़ रहा है। अस्पताल में कभी पानी आता है, कभी आता ही नहीं।
-कटौला निवासी राम मोहन ने बताया कि पिछले एक सप्ताह से मरीज के साथ अस्पताल में हैं। पेयजल की दिक्कत पेश आ रही है। अस्पताल प्रबंधन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है।
एमएस ने जताई अनभिज्ञता
इस समस्या को लेकर संवाद न्यूज एजेंसी के संवाददाता हरदेव कुमार जोनल अस्पताल मंडी के एमएस डाॅ. धर्म सिंह वर्मा मिलने पहुंचे और उन्हें समस्या के बारे में अवगत करवाया। इस पर एमएस भड़क गए और अस्पताल की खामियाें को लेकर खबरें प्रकाशित होने पर आपत्ति जताने लगे। अस्पताल के प्रति अपनी जिम्मेदारी भूलकर संवाददाता को ही जल शक्ति विभाग से बात करने की नसीहत देने लग गए, जबकि उन्हें अस्पताल के कई हिस्सों में पेयजल आपूर्ति नहीं होने की जानकारी तक नहीं थी। हालांकि बाद में उन्होंने बताया कि अस्पताल में पानी न होने के बारे में जानकारी नहीं है, फिर भी कर्मचारियों से जानकारी लेकर पानी की आपूर्ति बहाल करवाई जाएगी।

जोनल अस्पताल मंडी के वार्डों में पेयजल न होने पर बाहर लगे कूलर से पानी भरती तीमारदार महिला। सं

जोनल अस्पताल मंडी के वार्डों में पेयजल न होने पर बाहर लगे कूलर से पानी भरती तीमारदार महिला। सं