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मंडी में बारिश के कहर से 362 मकान धराशायी
Mandi
Updated Tue, 28 Aug 2012 12:00 PM IST
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मंडी। पिछले दो हफ्तों से लगातार हो रही वर्षा के चलते जिला के कई क्षेत्रों में आम जन जीवन पटरी पर लौटने का नाम नहीं ले रहा है। बरसात से इस बार करोड़ों की संपत्ति को नुकसान हुआ है। जिला राजस्व विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार बरसात से सार्वजनिक प्रापर्टी को लगभग 36 करोड़ रुपए का नुकसान आंका गया है।
अब तक धर्मपुर इलाके में सबसे अधिक नुकसान आंका गया हैं। इसके अलावा सरकाघाट, बरोट, चौहारघाटी और सराज सहित अन्य इलाकों में भी बारिश से मकानों में दरारें पड़ने और ढहने का सिलसिला जारी है। राजस्व विभाग की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक अभी तक जिला भर में 362 से अधिक घर और गौशालाएं ढह चुकी हैं। इससे जिले भर में लगभग 1544 लोग प्रभावित हुए हैं। प्रशासन की ओर से राहत के तौर पर कुछ नकदी और तिरपाल मुहैया करवाया जा रहा है। खेतों में खड़ी फसलों को भी बारिश ने भारी नुकसान पहुंचाया है। लगभग 9450 हेक्टेयर से अधिक भूमि में लगी फसलें अभी तक तबाह हो चुकी हैं। फसलों का नुकसान ही साढ़े तीन करोड़ से अधिक आंका गया है। जिला के कई भागों में भूस्खलन से सड़कें उखड़ गई हैं।
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लोनिवि की मशीनरी लगातार मलवा हटा रही हैं। लेकिन जिला के अधिकतर भागों में गिरे ल्हासों से अवरुद्ध हुए संपर्क मार्ग लंबे समय से बहाल नहीं हो रहे हैं। इससे लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। भारी बारिश से पेयजल योजनाएं भी प्रभावित हुई हैं। नदी-नाले उफान पर होने और भूस्खलन के चलते काफी जगहों पर पेयजल योजनाएं क्षतिग्रस्त होकर विभाग को लाखों का नुकसान हुआ है। बरसात से हो रहे नुकसान थमने का नाम नहीं ले रहा है। एडीएम मंडी पंकज राय ने कहा कि जिला भर में अभी तक लगभग 36 करोड़ से अधिक की राशि का नुकसान आंका गया है। प्रभावित लोगों को राहत राशि जल्द से जल्द पहुंचाने का कार्य प्रगति पर है।
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