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एनएचएम कर्मियों ने ठप रखा कामकाज
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संवाद न्यूज एजेंसी
कुल्लू। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के कर्मचारी सरकार से नियमितीकरण की स्थायी नीति की मांग कर रहे हैं। जिला कुल्लू में भी एनएचएम के 87 कर्मचारी बुधवार को पूरा दिन हड़ताल पर रहेे। इसके चलते क्षेत्रीय अस्पताल के साथ जिले के विभिन्न पीएचसी, सीएचसी और नागरिक अस्पतालों में मरीजों को परेशान होना पड़ा।
बता दें कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के कर्मचारी पिछले लंबे समय से नियमितीकरण की लगातार मांग कर रहे हैं। 27 जनवरी से एक फरवरी तक दोबारा कर्मचारियों ने काले बिल्ले लगाकर अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में सेवाएं दीं। एक सप्ताह से सरकार की ओर से मांगों पर गौर न करने पर बुधवार को कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला। गौरतलब है कि जिले के विभिन्न अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में 87 डॉक्टर, फार्मासिस्ट, लैब तकनीशियन और एएनएम नर्सें सेवाएं दे रहीं हैं, लेकिन बुधवार को ये सभी हड़ताल पर रहे। अनुबंध कर्मचारी महासंघ के जिलाध्यक्ष हेमराज शर्मा ने कहा कि कर्मचारी पिछले 26 साल से स्वास्थ्य क्षेत्र में सेवाएं दे रहे हैं। इन कर्मचारियों के लिए किसी भी प्रकार की नियमितीकरण की स्थायी नीति नहीं बनाई गई है। कहा कि जब तक सरकार कर्मचारियों के लिए स्थायी नीति नहीं बनाती हड़ताल जारी रहेगी।
जिले में 87 कर्मचारी दे रहे सेवाएं
जिला कुल्लू में एनएचएम के तहत 87 कर्मचारी सेवाएं दे रहे हैं। इनमें 13 आयुष मेडिकल अधिकारी, नौ फार्मासिस्ट, आठ एएनएम, चार कार्यक्रम अधिकारी, पांच खंड कोषाध्यक्ष, चार डाटा एंट्री ऑपरेटर के अलावा कंप्यूटर अधीक्षक, दंत चिकित्सक अधिकारी, बीपीएम, डीईओ, लैब तकनीशियन आदि शामिल हैं।
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कुल्लू। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के कर्मचारी सरकार से नियमितीकरण की स्थायी नीति की मांग कर रहे हैं। जिला कुल्लू में भी एनएचएम के 87 कर्मचारी बुधवार को पूरा दिन हड़ताल पर रहेे। इसके चलते क्षेत्रीय अस्पताल के साथ जिले के विभिन्न पीएचसी, सीएचसी और नागरिक अस्पतालों में मरीजों को परेशान होना पड़ा।
बता दें कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के कर्मचारी पिछले लंबे समय से नियमितीकरण की लगातार मांग कर रहे हैं। 27 जनवरी से एक फरवरी तक दोबारा कर्मचारियों ने काले बिल्ले लगाकर अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में सेवाएं दीं। एक सप्ताह से सरकार की ओर से मांगों पर गौर न करने पर बुधवार को कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला। गौरतलब है कि जिले के विभिन्न अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में 87 डॉक्टर, फार्मासिस्ट, लैब तकनीशियन और एएनएम नर्सें सेवाएं दे रहीं हैं, लेकिन बुधवार को ये सभी हड़ताल पर रहे। अनुबंध कर्मचारी महासंघ के जिलाध्यक्ष हेमराज शर्मा ने कहा कि कर्मचारी पिछले 26 साल से स्वास्थ्य क्षेत्र में सेवाएं दे रहे हैं। इन कर्मचारियों के लिए किसी भी प्रकार की नियमितीकरण की स्थायी नीति नहीं बनाई गई है। कहा कि जब तक सरकार कर्मचारियों के लिए स्थायी नीति नहीं बनाती हड़ताल जारी रहेगी।
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जिले में 87 कर्मचारी दे रहे सेवाएं
जिला कुल्लू में एनएचएम के तहत 87 कर्मचारी सेवाएं दे रहे हैं। इनमें 13 आयुष मेडिकल अधिकारी, नौ फार्मासिस्ट, आठ एएनएम, चार कार्यक्रम अधिकारी, पांच खंड कोषाध्यक्ष, चार डाटा एंट्री ऑपरेटर के अलावा कंप्यूटर अधीक्षक, दंत चिकित्सक अधिकारी, बीपीएम, डीईओ, लैब तकनीशियन आदि शामिल हैं।
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