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348 मतदाता डाक मत पत्र से करेंगे मतदान
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उदयपुर (लाहौल-स्पीति)। बुजुर्गों समेत दिव्यांग मतदाताओं को निर्वाचन आयोग ने मताधिकार के लिए बड़ी राहत मिली है। अब उन्हें मतदान केंद्र तक जाने के लिए लाठी और अन्य लोगों की मदद नहीं लेनी पड़ेगी। लोकसभा उपचुनाव में पहली बार मतदाता घर-द्वार पर ही डाक मत पत्र से उम्मीदवार को वोट दे रहे हैं।
निर्वाचन आयोग की इस बड़ी पहल से जनजातीय क्षेत्रों में अधिक मतदान होने के कयास लगाए जा रहे हैं। बता दें कि जनजातीय जिला लाहौल-स्पीति में भी डाक मत पत्र से मतदान की प्रक्रिया 17 अक्तूबर से शुरू हो गई है। जिले में 80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के कुल 260 और 88 दिव्यांग मतदाता हैं। इन सब मतदाताओं को अब 30 अक्तूबर को होने वाले लोकसभा उपचुनाव में मतदान केंद्र नहीं जाना पड़ेगा।
सोमवार को जसरथ गांव की महिला मतदाता मान दासी और ज्वाली देवी ने कहा कि लोकसभा उपचुनाव के लिए मतदान टीम उनके घर पहुंची। उन्होंने डाक मत पत्र से अपने पसंदीदा उम्मीदवार को वोट दिया है। ऐसे में उन्हें उम्र के इस पड़ाव में दूर स्थित मतदान केंद्र जाने से राहत मिली है। तहसीलदार निर्वाचन अधिकारी केलांग महेंद्र ठाकुर ने कहा कि पहली बार चुनावों में 80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के बुजुर्ग व दिव्यांग मतदाता डाक मत पत्र से वोट डालेंगे। खासकर जनजातीय क्षेत्रों में अधिकतर बुजुर्ग मतदाताओं को मतदान केंद्र तक पहुंचने में कठिनाई होती है। मौसम अनुकूल न होने के कारण बुजुर्ग व दिव्यांग मतदाताओं को परिस्थितियों से समझौता करना पड़ जाता है और वे मताधिकार से वंचित रह जाते हैं। लेकिन इस बार यह मतदाता घर-द्वार पर डाक मत पत्र से मतदान कर सकते हैं।
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निर्वाचन आयोग की इस बड़ी पहल से जनजातीय क्षेत्रों में अधिक मतदान होने के कयास लगाए जा रहे हैं। बता दें कि जनजातीय जिला लाहौल-स्पीति में भी डाक मत पत्र से मतदान की प्रक्रिया 17 अक्तूबर से शुरू हो गई है। जिले में 80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के कुल 260 और 88 दिव्यांग मतदाता हैं। इन सब मतदाताओं को अब 30 अक्तूबर को होने वाले लोकसभा उपचुनाव में मतदान केंद्र नहीं जाना पड़ेगा।
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सोमवार को जसरथ गांव की महिला मतदाता मान दासी और ज्वाली देवी ने कहा कि लोकसभा उपचुनाव के लिए मतदान टीम उनके घर पहुंची। उन्होंने डाक मत पत्र से अपने पसंदीदा उम्मीदवार को वोट दिया है। ऐसे में उन्हें उम्र के इस पड़ाव में दूर स्थित मतदान केंद्र जाने से राहत मिली है। तहसीलदार निर्वाचन अधिकारी केलांग महेंद्र ठाकुर ने कहा कि पहली बार चुनावों में 80 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के बुजुर्ग व दिव्यांग मतदाता डाक मत पत्र से वोट डालेंगे। खासकर जनजातीय क्षेत्रों में अधिकतर बुजुर्ग मतदाताओं को मतदान केंद्र तक पहुंचने में कठिनाई होती है। मौसम अनुकूल न होने के कारण बुजुर्ग व दिव्यांग मतदाताओं को परिस्थितियों से समझौता करना पड़ जाता है और वे मताधिकार से वंचित रह जाते हैं। लेकिन इस बार यह मतदाता घर-द्वार पर डाक मत पत्र से मतदान कर सकते हैं।
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