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पर्याप्त नमी के अभाव में मटर की बिजाई रूकी
Updated Mon, 04 Dec 2017 07:14 PM IST
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नमी के अभाव में मटर की बिजाई पर संकट
बारिश न होने से बिजाई कार्य अटका, किसान परेशान
अमर उजाला कुल्लू
खराहल (कुल्लू)। जिला कुल्लू के विभिन्न क्षेत्रों में खेतों में पर्याप्त नमी के अभाव के कारण नकदी फसल मटर की बिजाई अटक गई है। हालांकि कुछ दिन पहले बारिश हुई थी, लेकिन यह भी लंबे समय तक नमी कायम रखने में नाकाफी ही साबित हुई। ऐसे में किसान काफी चिंतित नजर आ रहे हैं।
जिला कुल्लू में मटर की खेती करीब 1500 हेक्टेयर भूमि पर हो रही है। एक अनुमान के अनुसार कुल्लू में मटर का कारोबार करोड़ों में होता है। इस बार बारिश न होने से बिजाई अटकी है। हालांकि सिंचित क्षेत्रों में इसकी बिजाई हुई है। मगर बारिश न होने से यह भी सूखे से पीली हो रही है। असिंचित इलाकों में मौसम की बेरुखी के चलते फिलहाल बिजाई रुकी पड़ी है। आने वाले दिनों में बारिश नहीं हुई तो इसकी पैदावार पर प्रतिकूल असर होने की आंशका जाहिर की जा रही है।
किसान अमित, चमन, मोहर सिंह, अनूप राम, रोशन लाल, देवराज, सुरेश, योग राज, छविंद्र, लालचंद, प्रताप, प्रेम चंद, मुनीष भंडारी, संजीव ने कहा कि बारिश समय पर नहीं होने के कारण खेतों में नमी नहीं है। समय पर कार्य न होने के कारण आगामी फसल के उत्पादन पर भी असर हो सकता है।
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उधर, कृषि विकास अधिकारी मनोज गौतम ने कहा कि बारिश न होने के कारण खेतों में नमी का अभाव है। ऐसे में नकदी फसल मटर सहित अन्य फसलों की बिजाई रुकी हुई है। लिहाजा सिंचित क्षेत्रों में किसानों को इसकी बिजाई करनी चाहिए। समय-समय पर फसल की सिंचाई होना जरूरी है।
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बारिश न होने से बिजाई कार्य अटका, किसान परेशान
अमर उजाला कुल्लू
खराहल (कुल्लू)। जिला कुल्लू के विभिन्न क्षेत्रों में खेतों में पर्याप्त नमी के अभाव के कारण नकदी फसल मटर की बिजाई अटक गई है। हालांकि कुछ दिन पहले बारिश हुई थी, लेकिन यह भी लंबे समय तक नमी कायम रखने में नाकाफी ही साबित हुई। ऐसे में किसान काफी चिंतित नजर आ रहे हैं।
जिला कुल्लू में मटर की खेती करीब 1500 हेक्टेयर भूमि पर हो रही है। एक अनुमान के अनुसार कुल्लू में मटर का कारोबार करोड़ों में होता है। इस बार बारिश न होने से बिजाई अटकी है। हालांकि सिंचित क्षेत्रों में इसकी बिजाई हुई है। मगर बारिश न होने से यह भी सूखे से पीली हो रही है। असिंचित इलाकों में मौसम की बेरुखी के चलते फिलहाल बिजाई रुकी पड़ी है। आने वाले दिनों में बारिश नहीं हुई तो इसकी पैदावार पर प्रतिकूल असर होने की आंशका जाहिर की जा रही है।
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किसान अमित, चमन, मोहर सिंह, अनूप राम, रोशन लाल, देवराज, सुरेश, योग राज, छविंद्र, लालचंद, प्रताप, प्रेम चंद, मुनीष भंडारी, संजीव ने कहा कि बारिश समय पर नहीं होने के कारण खेतों में नमी नहीं है। समय पर कार्य न होने के कारण आगामी फसल के उत्पादन पर भी असर हो सकता है।
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उधर, कृषि विकास अधिकारी मनोज गौतम ने कहा कि बारिश न होने के कारण खेतों में नमी का अभाव है। ऐसे में नकदी फसल मटर सहित अन्य फसलों की बिजाई रुकी हुई है। लिहाजा सिंचित क्षेत्रों में किसानों को इसकी बिजाई करनी चाहिए। समय-समय पर फसल की सिंचाई होना जरूरी है।