फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Kangra News ›   TMC will get new CT scan machine worth five crores in October, New MRI machine may take time till January

टीएमसी को अक्तूबर में मिलेगी पांच करोड़ की नई सिटी स्कैन मशीन

Wed, 15 Sep 2021 12:08 AM IST
Shimla	 Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Wed, 15 Sep 2021 12:08 AM IST
विज्ञापन
TMC will get new CT scan machine worth five crores in October, New MRI machine may take time till January
कांगडा। डॉ. राजेंद्र प्रसाद मेडिकल कॉलेज टांडा की रोगी कल्याण समिति (आरकेएस) का इस साल का वार्षिक बजट 68 करोड़ रुपये स्वीकृत किया गया है। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. राजीव सैजल की अध्यक्षता में आयोजित आरकेएस गवर्निंग बॉडी की बैठक में यह फैसला लिया गया कि जिन टेस्टों के लिए मरीज पहले आईजीएमसी और पीजीआई जाते थे, वही टेस्ट अब टांडा में उन्हीं दरों पर शुरू किए जाएंगे। स्वास्थ्य मंत्री डॉ. राजीव सैजल ने बताया कि रोगी कल्याण समिति के तहत दस करोड़ दवाइयों के लिए, पांच करोड़ सर्जिकल किट्स, एक करोड़ के करीब बिल्डिंग इत्यादि की मरम्मत, डेढ़ करोड़ के करीब बेडिंग क्लोथिंग तथा पचास लाख के करीब मशीनरी के लिए प्रावधान किया गया है।
विज्ञापन

बैठक संपन्न होने के पश्चात पत्रकारों से बातचीत में स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि बैठक में कार्डियक सर्जरी के लिहाज से कैथ लैब तकनीशियनों की भर्ती की मंजूरी प्रदान की गई है। इसके बाद यहां शल्य चिकित्सा की सुविधा में और सहायता मिलेगी। मरीजों के तीमारदारों के लिए लंबे समय से निर्माणाधीन सराय का कार्य जल्द पूरा करने के लिए टेंडर करवाने की अनुमति दी गई। बार-बार पार्किंग के टेंडर नियमानुसार न होने के चलते पुन: टेंडर करवाने का फैसला लिया गया। स्वास्थ्य मंत्री ने अब साफ कर दिया है कि बार-बार टांडा में सीटी स्कैन की सुविधा से वंचित हो रहे मरीजों को अक्तूबर माह तक का इंतजार करना पड़ेगा। एक माह बाद टांडा में पांच करोड़ की लागत से नई सीटी स्कैन की सुविधा मिलना शुरू हो जाएगी। इसके साथ ही नई एमआरआई मशीन के लिए भी सरकार ने पैसा दे दिया है। एमआरआई मशीन आने में चार माह तक का समय लग सकता है। टांडा में डायलिसिस की मशीन होने के बावजूद मरीजों को सुविधा न मिल पाने के सवाल पर सैजल ने कहा कि बैठक में इस मसले पर चर्चा हुई और डायलिसिस सुविधा को आउटसोर्स करने का फैसला लिया गया है। चिकित्सा संस्थानों में चिकित्सकों की कमी को लेकर पूछे सवाल पर उन्होंने कहा कि हिमाचल के इतिहास में ये चार साल ऐसे स्वर्णिम हैं, जहां 1700 चिकित्सकों की नियुक्तियां की गईं। इस मौकेे पर स्वास्थ्य सचिव अमिताभ अवस्थी, विधायक अरुण कूका, प्राचार्य डॉ. भानु अवस्थी सहित आरकेएस के सदस्य मौजूद रहे।
विज्ञापन

कोविड की तीसरी लहर से निपटने को सरकार तैयार: सैजल
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. राजीव सैजल ने कहा कि कोविड की तीसरी लहर के लिए सरकार पूरी तरह तैयार है। वर्तमान में 11 हजार मरीजों के दाखिल करने की क्षमता उपलब्ध है। आठ सौ से अधिक वेंटिलेटर और तीन हजार से अधिक कंसंट्रेटर प्रदेश में उपलब्ध हैं। हिमाचल में यदि तीसरी लहर आती है, तो स्वास्थ्य विभाग के पास पूरी तैयारी है। एक सवाल के जवाब में सैजल ने साफ कर दिया कि सूबे के निजी अस्पताल यदि आयुष्मान जैसे कार्डों से जबरन आमदनी बना रहे हैं तो शिकायत आने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed