{"_id":"68bc4637d55b1bcbde064cf8","slug":"the-accused-in-chitta-smuggling-got-5-years-imprisonment-and-fined-rs-1-lakh-kangra-news-c-95-1-kng1004-194390-2025-09-06","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kangra News: चिट्टा तस्करी में दोषी को पांच साल का कारावास, एक लाख रुपये जुर्माना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kangra News: चिट्टा तस्करी में दोषी को पांच साल का कारावास, एक लाख रुपये जुर्माना
Sun, 07 Sep 2025 08:03 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
Updated Sun, 07 Sep 2025 08:03 AM IST
विज्ञापन
धर्मशाला। वक्फ ट्रिब्यूनल एवं स्पेशल जज जसवंत सिंह की अदालत ने नशा तस्करी के मामले में बड़ा फैसला सुनाते हुए आरोपी कर्ण कुमार को दोषी करार दिया है। अदालत ने कर्ण कुमार निवासी गांव तोकी, डाकघर छन्नी, तहसील इंदौरा को पांच वर्ष का कठोर कारावास और एक लाख रुपये का जुर्माना अदा करने के आदेश दिए हैं। जुर्माना न भरने पर दोषी को अतिरिक्त एक वर्ष कारावास भुगतना होगा।
यह मामला 11 जुलाई 2019 का है। पुलिस थाना डमटाल की टीम ने उस दिन विशेष गश्त के दौरान आरोपी को संदिग्ध गतिविधियों में पकड़ा था। पुलिस को देखकर आरोपी ने झाड़ियों में एक पुड़िया फेंकी, जिसे मौके पर बरामद कर जांच की गई। जांच में पुड़िया से 6.18 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) बरामद हुआ।
पूरी कार्रवाई मौके पर मौजूद गवाहों की उपस्थिति में की गई। पुलिस ने साक्ष्य जुटाने के बाद आरोपी के खिलाफ अदालत में चालान पेश किया। अदालत ने अभियोजन द्वारा प्रस्तुत सबूतों को पर्याप्त मानते हुए आरोपी को एनडीपीएस एक्ट की धारा 21 के तहत दोषी ठहराया। अभियोजन पक्ष की ओर से मामले की पैरवी जिला न्यायवादी संजीव राणा ने की।
विज्ञापन
विज्ञापन
यह मामला 11 जुलाई 2019 का है। पुलिस थाना डमटाल की टीम ने उस दिन विशेष गश्त के दौरान आरोपी को संदिग्ध गतिविधियों में पकड़ा था। पुलिस को देखकर आरोपी ने झाड़ियों में एक पुड़िया फेंकी, जिसे मौके पर बरामद कर जांच की गई। जांच में पुड़िया से 6.18 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) बरामद हुआ।
विज्ञापन
पूरी कार्रवाई मौके पर मौजूद गवाहों की उपस्थिति में की गई। पुलिस ने साक्ष्य जुटाने के बाद आरोपी के खिलाफ अदालत में चालान पेश किया। अदालत ने अभियोजन द्वारा प्रस्तुत सबूतों को पर्याप्त मानते हुए आरोपी को एनडीपीएस एक्ट की धारा 21 के तहत दोषी ठहराया। अभियोजन पक्ष की ओर से मामले की पैरवी जिला न्यायवादी संजीव राणा ने की।
विज्ञापन