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जीपीएफ भी नहीं निकाल पा रहे कर्मचारी : प्रवीण
Sat, 16 Nov 2024 08:18 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
Updated Sat, 16 Nov 2024 08:18 AM IST
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पालमपुर (कांगड़ा)। राष्ट्रीय यूनियन न्यू मूवमेंट फार ओल्ड पेंशन संघ के राष्ट्रीय संयोजक प्रवीण शर्मा ने कहा कि प्रदेश में कर्मचारियों की जीपीएफ (जनरल प्रोविडेंट फंड) के तहत जमा पूंजी भी अब नहीं निकल पा रही है। जीपीएफ से सिर्फ दस हजार रुपये ही निकाले जा सकते हैं, जबकि एनपीएस (नेशनल पेंशन स्कीम) में जमा फंड को पिछले साल ही सीज कर दिया गया है।
प्रवीण शर्मा ने कहा कि प्रदेश में उच्च न्यायालय के फैसलों की अवहेलना हो रही है। फैसलों के बावजूद विभागों के निदेशक अपनी इच्छानुसार अधिसूचनाएं जारी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि पूरे देश के कर्मचारी ओल्ड पेंशन स्कीम (ओपीएस) के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन उनकी मांगों को नजरअंदाज किया जा रहा है।
संघ ने यह भी स्पष्ट किया कि वे किसी भी कर्मचारी से कोई फंड नहीं लेते और चाहते हैं कि कर्मचारी अपनी लड़ाई खुद लड़े। उन्होंने कहा कि कई प्रदेशों में कर्मचारियों के हक मारे जा रहे हैं और हर साल कर्मचारियों की सैलरी पर टैक्स बढ़ाए जा रहे हैं। शर्मा ने अंत में यह कहा कि जब तक इस देश में कर्मचारियों और अधिकारियों का शोषण जारी रहेगा, तब तक यह देश विकास की राह पर नहीं चल सकता।
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प्रवीण शर्मा ने कहा कि प्रदेश में उच्च न्यायालय के फैसलों की अवहेलना हो रही है। फैसलों के बावजूद विभागों के निदेशक अपनी इच्छानुसार अधिसूचनाएं जारी कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि पूरे देश के कर्मचारी ओल्ड पेंशन स्कीम (ओपीएस) के लिए संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन उनकी मांगों को नजरअंदाज किया जा रहा है।
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संघ ने यह भी स्पष्ट किया कि वे किसी भी कर्मचारी से कोई फंड नहीं लेते और चाहते हैं कि कर्मचारी अपनी लड़ाई खुद लड़े। उन्होंने कहा कि कई प्रदेशों में कर्मचारियों के हक मारे जा रहे हैं और हर साल कर्मचारियों की सैलरी पर टैक्स बढ़ाए जा रहे हैं। शर्मा ने अंत में यह कहा कि जब तक इस देश में कर्मचारियों और अधिकारियों का शोषण जारी रहेगा, तब तक यह देश विकास की राह पर नहीं चल सकता।
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