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डीएसपी-शिक्षा उच्च निदेशक ने लिया स्कूल का जायजा
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राजा का तालाब/गंगथ (कांगड़ा)। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला चरूड़ी में 15 मई को स्कूल के 11 वर्षीय छात्र की मौत के मामले में डीएसपी नूरपुर साहिल अरोड़ा और उपनिदेशक उच्च शिक्षा विभाग गुरदेव सिंह मंगलवार को जांच के लिए स्कूल परिसर पहुंचे। इस दौरान उन्होंने घटना की जगह का मुआयना करके साक्ष्य जुटाए। वहीं स्टाफ और बच्चों से पूछताछ की। डीएसपी साहिल केतन के घर पर पहुंचे और परिजनों को न्याय का भरोसा दिया। इस दौरान पुलिस को परिजनों, रिश्तेदारों व अन्य लोगों के गुस्से का भी सामना करना पड़ा।
परिजनों ने गंगथ चौकी प्रभारी के विरुद्ध कार्रवाई करने व मामले की निष्पक्षता से जांच करने की मांग की। परिजनों के गुस्से को देखते हुए पुलिस वाले चौकी प्रभारी गंगथ पवन गुप्ता को सुरक्षित घर से बाहर ले गए। लोगों का आरोप है कि गंगथ चौकी प्रभारी ने मामले को दबाकर समय पर मामले की जांच नहीं की। वहीं डीएसपी का कहना है कि पुलिस जांच कर रही है। जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। कुछ लोगों के बयान भी दर्ज किए गए हैं। गौर रहे कि केतन के परिवार ने उसकी मौत को लेकर शंका जाहिर की है। परिजनों का कहना है कि केतन की मौत स्कूल में खेलने के दौरान गिरने से नहीं, बल्कि सिर पर डंडा मारकर उसकी हत्या हुई है। इस मामले में केतन की मां इच्छया देवी पत्नी स्व. जोगिंद्र सिंह गांव घटोट ने एक शिकायत पत्र सीएम जयराम ठाकुर, डीजीपी व एसपी कांगड़ा को भी भेजा है, जिसमें बच्चे की मौत का जिक्र खेलकर गिरने से नहीं बल्कि दूसरे छात्र के उसके सिर पर डंडा मारना बताया गया है। वहीं लोगों ने गंगथ पुलिस पर केस को दबाने का भी आरोप जड़ा है। साथ ही स्कूल प्रबंधन को भी कटघरे में खड़ा किया है।
परिजनों ने यह कहा है शिकायत में
शिकायत पत्र के मुताबिक 15 मई को केतन और उसकी दो बहनें काजल व शिल्पा देवी सुबह 8 : 30 बजे राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला चरूड़ी गए। वहां कुछ बच्चे खेल रहे थे। खेल-खेल में केतन दसवीं के एक छात्र से आगे निकल गया तो गुस्से में आकर उसने कहा कि तू क्यों आगे आ रहा है। इसी बात पर गुस्से में आकर उसने बांस का डंडा केतन के सिर पर मार दिया। केतन मुंह के बल नीचे गिर। फिर उसके सिर, नाक और मुंह से खून निकलने लगा तथा कुछ ही देर बाद खून की उल्टी हुई। बच्चों ने उसे उठाकर पुली के ऊपर रख दिया और कुछ देर के बाद स्कूल का चपरासी वहां आया और उसे ऑफिस के अंदर ले गया। कुछ देर बाद अध्यापक स्कूल पहुंचे, फिर उन्होंने दरवाजा बंद करके बच्चों को बाहर निकाल दिया। वहीं शिकायत पत्र में स्कूल की अध्यापिका से बच्चे की खून से लथपथ कमीज को बड़ी बहन काजल से धुलवाने व उसके सामने केतन के मुंह नाक से खून निकलने का भी जिक्र किया गया है।
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परिजनों ने गंगथ चौकी प्रभारी के विरुद्ध कार्रवाई करने व मामले की निष्पक्षता से जांच करने की मांग की। परिजनों के गुस्से को देखते हुए पुलिस वाले चौकी प्रभारी गंगथ पवन गुप्ता को सुरक्षित घर से बाहर ले गए। लोगों का आरोप है कि गंगथ चौकी प्रभारी ने मामले को दबाकर समय पर मामले की जांच नहीं की। वहीं डीएसपी का कहना है कि पुलिस जांच कर रही है। जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। कुछ लोगों के बयान भी दर्ज किए गए हैं। गौर रहे कि केतन के परिवार ने उसकी मौत को लेकर शंका जाहिर की है। परिजनों का कहना है कि केतन की मौत स्कूल में खेलने के दौरान गिरने से नहीं, बल्कि सिर पर डंडा मारकर उसकी हत्या हुई है। इस मामले में केतन की मां इच्छया देवी पत्नी स्व. जोगिंद्र सिंह गांव घटोट ने एक शिकायत पत्र सीएम जयराम ठाकुर, डीजीपी व एसपी कांगड़ा को भी भेजा है, जिसमें बच्चे की मौत का जिक्र खेलकर गिरने से नहीं बल्कि दूसरे छात्र के उसके सिर पर डंडा मारना बताया गया है। वहीं लोगों ने गंगथ पुलिस पर केस को दबाने का भी आरोप जड़ा है। साथ ही स्कूल प्रबंधन को भी कटघरे में खड़ा किया है।
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परिजनों ने यह कहा है शिकायत में
शिकायत पत्र के मुताबिक 15 मई को केतन और उसकी दो बहनें काजल व शिल्पा देवी सुबह 8 : 30 बजे राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला चरूड़ी गए। वहां कुछ बच्चे खेल रहे थे। खेल-खेल में केतन दसवीं के एक छात्र से आगे निकल गया तो गुस्से में आकर उसने कहा कि तू क्यों आगे आ रहा है। इसी बात पर गुस्से में आकर उसने बांस का डंडा केतन के सिर पर मार दिया। केतन मुंह के बल नीचे गिर। फिर उसके सिर, नाक और मुंह से खून निकलने लगा तथा कुछ ही देर बाद खून की उल्टी हुई। बच्चों ने उसे उठाकर पुली के ऊपर रख दिया और कुछ देर के बाद स्कूल का चपरासी वहां आया और उसे ऑफिस के अंदर ले गया। कुछ देर बाद अध्यापक स्कूल पहुंचे, फिर उन्होंने दरवाजा बंद करके बच्चों को बाहर निकाल दिया। वहीं शिकायत पत्र में स्कूल की अध्यापिका से बच्चे की खून से लथपथ कमीज को बड़ी बहन काजल से धुलवाने व उसके सामने केतन के मुंह नाक से खून निकलने का भी जिक्र किया गया है।
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