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जमीन में दबा होने की अफवाह से दहशत का माहौल
Updated Thu, 19 Apr 2018 11:44 PM IST
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जमीन में शव दबा होने अफवाह से सनसनी
दो दिन पहले मकबरा बनाने के लिए खोदी थी सरकारी जमीन
अमर उजाला ब्यूरो
राजा का तालाब (कांगड़ा)। नूरपुर थाना की तलाड़ा पंचायत में सफेदा मोड़ के नजदीक मेन सड़क से कुछ दूरी पर जंगलात की भूमि पर किसी व्यक्ति के जमीन में दबाए जाने की अफवाह से वीरवार को क्षेत्र में दहशत का माहौल पैदा हो गया। सुबह-सुबह जिसने भी इस जगह पर किसी को जमीन में दबाए जाने की सूचना सुनी, वह किसी न किसी साधन से उस जगह पर पहुंच गया, जबकि दुकानदारों ने भी अपनी दुकानों को खोलने से पहले उत्सुकतावश उस जगह को देखने को ही प्राथमिकता दी। वहीं, कुछ लोग ने उस जगह को खोदने की तैयारी भी करने लगे, लेकिन भारी भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने पहले पंचायत प्रधान को इसकी सूचना देना जरूरी समझा। इसी बीच सड़क पर से गुजर रही गाड़ियां भी गई। वहीं, भीड़ में खड़े लोगों ने स्थानीय पंचायत प्रधान को भी सूचित किया। इस बीच भीड़ में से कुछ लोगों ने दो दिन पहले यहां कुछ लोगों के खड़े होने की बात भी कही गई। जंगलात की इस जगह पर खुदाई कर किसी के दबाए जाने की सूचना से जब तलाड़ा बीट के वन रक्षक कीकर सिंह को अवगत करवाया तो कुछ और ही मामला ध्यान में आया। उन्होंने कहा कि 17 अप्रैल को राजा का तालाब और गंगथ के कुछ बंगाली लोग यहां पर खुदाई कर रहे थे। जब उनसे इस जगह पर खुदाई करने के बारे में पूछा तो उन्होंने बताया कि हमारा एक बुजुर्ग काफी समय पहले यहां दबाया गया था, इसलिए वो इस जगह को पक्का करना चाहते हैं। उन्होंने ऐसा करने से उन्हें रोका और उनसे पुन: मिट्टी डलवाकर उन्हें वहां से वापिस भेज दिया। उधर, डीएसपी नूरपुर नवदीप सिंह ने कहा कि पड़ताल के दौरान उन्हें पता चला कि इस भूमि पर कुछ लोग मकबरा बनाने की तैयारी में जगह को खोद रहे थे, जिसे वन विभाग के कर्मचारियों ने रुकवाकर उन्हें वापिस भेज दिया।
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दो दिन पहले मकबरा बनाने के लिए खोदी थी सरकारी जमीन
अमर उजाला ब्यूरो
राजा का तालाब (कांगड़ा)। नूरपुर थाना की तलाड़ा पंचायत में सफेदा मोड़ के नजदीक मेन सड़क से कुछ दूरी पर जंगलात की भूमि पर किसी व्यक्ति के जमीन में दबाए जाने की अफवाह से वीरवार को क्षेत्र में दहशत का माहौल पैदा हो गया। सुबह-सुबह जिसने भी इस जगह पर किसी को जमीन में दबाए जाने की सूचना सुनी, वह किसी न किसी साधन से उस जगह पर पहुंच गया, जबकि दुकानदारों ने भी अपनी दुकानों को खोलने से पहले उत्सुकतावश उस जगह को देखने को ही प्राथमिकता दी। वहीं, कुछ लोग ने उस जगह को खोदने की तैयारी भी करने लगे, लेकिन भारी भीड़ में शामिल कुछ लोगों ने पहले पंचायत प्रधान को इसकी सूचना देना जरूरी समझा। इसी बीच सड़क पर से गुजर रही गाड़ियां भी गई। वहीं, भीड़ में खड़े लोगों ने स्थानीय पंचायत प्रधान को भी सूचित किया। इस बीच भीड़ में से कुछ लोगों ने दो दिन पहले यहां कुछ लोगों के खड़े होने की बात भी कही गई। जंगलात की इस जगह पर खुदाई कर किसी के दबाए जाने की सूचना से जब तलाड़ा बीट के वन रक्षक कीकर सिंह को अवगत करवाया तो कुछ और ही मामला ध्यान में आया। उन्होंने कहा कि 17 अप्रैल को राजा का तालाब और गंगथ के कुछ बंगाली लोग यहां पर खुदाई कर रहे थे। जब उनसे इस जगह पर खुदाई करने के बारे में पूछा तो उन्होंने बताया कि हमारा एक बुजुर्ग काफी समय पहले यहां दबाया गया था, इसलिए वो इस जगह को पक्का करना चाहते हैं। उन्होंने ऐसा करने से उन्हें रोका और उनसे पुन: मिट्टी डलवाकर उन्हें वहां से वापिस भेज दिया। उधर, डीएसपी नूरपुर नवदीप सिंह ने कहा कि पड़ताल के दौरान उन्हें पता चला कि इस भूमि पर कुछ लोग मकबरा बनाने की तैयारी में जगह को खोद रहे थे, जिसे वन विभाग के कर्मचारियों ने रुकवाकर उन्हें वापिस भेज दिया।