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‘बहुत दिनों से उदास हूं’ और ‘अंधी दौड़’ का विमोचन
Updated Sun, 29 Oct 2017 11:59 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। गुंजन संस्था के पहले दो दिवसीय हिम साहित्योत्सव धर्मशाला का रविवार को समापन हो गया। कार्यक्रम में हिमाचली एवं पंजाब के लेखकों के हिंदी साहित्य कर्म पर केंद्रित इस उत्सव में कई नामी साहित्यकारों ने शिरकत की। हिम साहित्योत्सव समिति के कार्यक्रम सचिव संदीप परमार ने बताया कि साहित्योत्सव के दूसरे दिन प्रथम सत्र में हिमाचल एवं पंजाब के प्रख्यात कवियों ने काव्यपाठ किया।
प्रसिद्ध साहित्यकार डॉ. पीयूष गुलेरी कार्यक्रम के मुख्यातिथि रहे। प्रख्यात साहित्यकार सुरेश सेठ ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। कार्यक्रम में कवि सतेंद्र गौतम, बबिता ओबरॉय, अदिति गुलेरी, नवनीत शर्मा, रवि कुमार पी.पी रैणा, बिशन सागर, सैली बलजीत, केवल कृष्ण, धर्मपाल साहिल और सत्य प्रकाश उप्पल ने अपनी कविताएं पढ़ीं। कार्यक्रम के दूसरे सत्र में त्रिवेणी साहित्य अकादमी की ओर से साहित्य सेवा में अपूर्व योगदान देने वाले साहित्यकारों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर प्रसिद्ध साहित्यकार एवं हिमाचल प्रदेश के सूचना जनसंपर्क विभाग में उपनिदेशक अजय पाराशर को चंद्रधर शर्मा गुलेरी पुरस्कार, साहित्यसेवी डॉ. पीयूष गुलेरी को हिमाचल साहित्य श्री पुरस्कार, डॉ. प्रीत अरोड़ा को अमृता प्रीतम पुरस्कार और संदीप परमार को स्वामी विवेकानंद चेतना पुरस्कार से नवाजा गया। कार्यक्रम में प्रतिष्ठित कवि सत्य प्रकाश उप्पल के काव्य संग्रह ‘बहुत दिनों से उदास हूं’ और लेखक अश्विनी कुमार मानव के कहानी संग्रह ‘अंधी दौड़’ का विमोचन भी किया गया। इस दौरान लेखिका सुनैना सिंधवानी के अंग्रेजी उपन्यास ‘आई ब्रीद लास्ट फॉर यू’ का भी विमोचन किया गया।
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धर्मशाला। गुंजन संस्था के पहले दो दिवसीय हिम साहित्योत्सव धर्मशाला का रविवार को समापन हो गया। कार्यक्रम में हिमाचली एवं पंजाब के लेखकों के हिंदी साहित्य कर्म पर केंद्रित इस उत्सव में कई नामी साहित्यकारों ने शिरकत की। हिम साहित्योत्सव समिति के कार्यक्रम सचिव संदीप परमार ने बताया कि साहित्योत्सव के दूसरे दिन प्रथम सत्र में हिमाचल एवं पंजाब के प्रख्यात कवियों ने काव्यपाठ किया।
प्रसिद्ध साहित्यकार डॉ. पीयूष गुलेरी कार्यक्रम के मुख्यातिथि रहे। प्रख्यात साहित्यकार सुरेश सेठ ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। कार्यक्रम में कवि सतेंद्र गौतम, बबिता ओबरॉय, अदिति गुलेरी, नवनीत शर्मा, रवि कुमार पी.पी रैणा, बिशन सागर, सैली बलजीत, केवल कृष्ण, धर्मपाल साहिल और सत्य प्रकाश उप्पल ने अपनी कविताएं पढ़ीं। कार्यक्रम के दूसरे सत्र में त्रिवेणी साहित्य अकादमी की ओर से साहित्य सेवा में अपूर्व योगदान देने वाले साहित्यकारों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर प्रसिद्ध साहित्यकार एवं हिमाचल प्रदेश के सूचना जनसंपर्क विभाग में उपनिदेशक अजय पाराशर को चंद्रधर शर्मा गुलेरी पुरस्कार, साहित्यसेवी डॉ. पीयूष गुलेरी को हिमाचल साहित्य श्री पुरस्कार, डॉ. प्रीत अरोड़ा को अमृता प्रीतम पुरस्कार और संदीप परमार को स्वामी विवेकानंद चेतना पुरस्कार से नवाजा गया। कार्यक्रम में प्रतिष्ठित कवि सत्य प्रकाश उप्पल के काव्य संग्रह ‘बहुत दिनों से उदास हूं’ और लेखक अश्विनी कुमार मानव के कहानी संग्रह ‘अंधी दौड़’ का विमोचन भी किया गया। इस दौरान लेखिका सुनैना सिंधवानी के अंग्रेजी उपन्यास ‘आई ब्रीद लास्ट फॉर यू’ का भी विमोचन किया गया।
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