नई व्यवस्था: निशुल्क सफर के लिए एचआरटीसी कर्मियों-पेंशनरों को बनाना होगा हिम बस कार्ड
एचआरटीसी के कर्मचारियों और पेंशनरों को बसों में निशुल्क सफर के लिए 118 रुपये का हिम बस कार्ड बनवाना अनिवार्य होगा।
विस्तार
हिमाचल पथ परिवहन निगम (एचआरटीसी) के कर्मचारियों और पेंशनरों को बसों में निशुल्क सफर के लिए 118 रुपये का हिम बस कार्ड बनवाना अनिवार्य होगा। इसमें 100 रुपये कार्ड शुल्क और 18 रुपये जीएसटी शामिल है। निगम प्रबंधन ने सभी पात्र कर्मचारियों और पेंशनरों के कार्ड 22 अक्तूबर तक बनाने के निर्देश दिए हैं। निगम के करीब 11 हजार कर्मचारियों और 8 हजार पेंशनरों को इस व्यवस्था के दायरे में लाया गया है। इसमें नियमित, अनुबंध और आउटसोर्स कर्मचारी, सेवानिवृत्त कर्मचारी और अन्य पारिवारिक पेंशनधारक शामिल हैं।
अधिकारियों की जवाबदेही तय होगी
निगम मुख्यालय ने शिमला, धर्मशाला, मंडी और हमीरपुर के मंडलीय प्रबंधकों को काम प्राथमिकता से पूरा करने और इसकी निगरानी करने को कहा है। तय समयसीमा में कार्ड नहीं बनने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय होगी। मुख्यालय ने सेवारत कर्मचारियों व पेंशनधारकों की सूचियां अलग-अलग तैयार करने के निर्देश दिए हैं। क्षेत्रीय और उपमंडलीय कार्यालयों को अपने अधीन सभी पात्र लोगों का विवरण जुटाकर निर्धारित प्रारूप में भेजना होगा। इसमें नाम, पदनाम, कर्मचारी कोड या पहचान संख्या, श्रेणी, कार्यस्थल और हिम आईडी बनने की स्थिति दर्ज करनी होगी।
कार्ड से दर्ज होगा सफर का पूरा ब्योरा
सभी जानकारियां अपडेट और सत्यापित करने के निर्देश दिए गए हैं। एचआरटीसी के मुख्य महाप्रबंधक पंकज सिंघल ने बताया कि मंडलीय प्रबंधकों को अपने अधीन सभी पात्र कर्मचारियों और पेंशनरों के हिम बस कार्ड बनवाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। सभी के लिए कार्ड बनाना अनिवार्य है। हिम बस कार्ड बनने के बाद निगम की बसों में कर्मचारियों के निशुल्क सफर का रिकॉर्ड रखा जाएगा। कर्मचारी ने कब, किस मार्ग पर और कितनी बार यात्रा की, इसका ब्योरा निगम प्रबंधन के पास रहेगा। इससे स्टाफ के नाम पर दूसरे लोगों के निशुल्क सफर करने पर रोक लगाने में मदद मिलेगी।