सरकार ने दी छूट: हिमाचल में 24 घंटे खुल सकेंगी दुकानें और वाणिज्यिक प्रतिष्ठान, ये नियम रहेंगे लागू
कारोबार सुगम बनाने और प्रतिष्ठानों को 24 घंटे संचालन की सुविधा देने के लिए राज्य सरकार ने हिमाचल प्रदेश दुकान एवं वाणिज्यिक प्रतिष्ठान अधिनियम 1969 की धारा 9 और 10 के तहत छूट प्रदान की है।
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हिमाचल प्रदेश में अब दुकानें और वाणिज्यिक प्रतिष्ठान 24 घंटे और सातों दिन संचालित किए जा सकेंगे। कारोबार सुगम बनाने और प्रतिष्ठानों को 24 घंटे संचालन की सुविधा देने के लिए राज्य सरकार ने हिमाचल प्रदेश दुकान एवं वाणिज्यिक प्रतिष्ठान अधिनियम 1969 की धारा 9 और 10 के तहत छूट प्रदान की है। श्रम, रोजगार एवं ओवरसीज प्लेसमेंट विभाग की ओर से मंगलवार को इसे लेकर अधिसूचना जारी कर दी गई है। यह छूट एक वर्ष तक प्रभावी रहेगी। इससे पहले दुकानें और वाणिज्यिक प्रतिष्ठान 24 घंटे संचालित करने के लिए सक्षम अधिकारी से विशेष अनुमति लेना आवश्यक था।
अब दुकानदारों को अलग से अनुमति लेने की जरूरत नहीं
नई व्यवस्था के तहत अब दुकानदारों और प्रतिष्ठान संचालकों को अलग से अनुमति लेने की जरूरत नहीं होगी। वे निर्धारित नियमों और शर्तों का पालन करते हुए अपनी दुकानों एवं प्रतिष्ठानों को 24 घंटे खुला रख सकेंगे। मुख्यमंत्री की ओर से जून में श्रम विभाग की बैठक के दौरान दुकानों को 24 घंटे खुले रखने की व्यवस्था लागू करने के निर्देश दिए गए थे। इसके बाद विभाग ने यह अधिसूचना जारी की है। हालांकि, 24 घंटे संचालित करने की छूट का मतलब कर्मचारियों से अधिक समय तक काम कराने की अनुमति नहीं है। कर्मचारियों के काम के घंटे अधिनियम में निर्धारित सीमा के अनुसार ही रहेंगे। प्रत्येक कर्मचारी को नियमानुसार साप्ताहिक अवकाश देना अनिवार्य होगा। निर्धारित सीमा से अधिक ओवरटाइम कराने की भी अनुमति नहीं होगी।
कर्मचारियों की सुरक्षा, स्वास्थ्य के लिए पर्याप्त इंतजाम करने के निर्देश
सरकार ने नियोक्ताओं को कर्मचारियों की सुरक्षा, स्वास्थ्य और कल्याण के लिए पर्याप्त इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। विशेष रूप से रात्रि शिफ्ट में काम करने वाली महिला कर्मचारियों के लिए 31 जुलाई 2025 को जारी अधिसूचना में निर्धारित सभी नियमों और सुरक्षा शर्तों का पालन करना अनिवार्य होगा। अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि सभी दुकानों और वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों को हिमाचल प्रदेश दुकान एवं वाणिज्यिक प्रतिष्ठान अधिनियम 1969 और इसके तहत बनाए गए नियमों के साथ-साथ लागू अन्य श्रम कानूनों के प्रावधानों का पालन करना होगा।