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Hamirpur (Himachal) News: पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया जा रहा पौंग सेंक्चुरी
Thu, 10 Apr 2025 06:50 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Thu, 10 Apr 2025 06:50 AM IST
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हमीरपुर। विदेशी परिंदों के मनपंसद पौंग सेंक्चुरी एरिया को पर्यटन की दृष्टि से विकसित किया जा रहा है। वन्य प्राणी विभाग हमीरपुर की ओर से सेंक्चुरी में विभिन्न विकास कार्य करवाए जा रहे हैं ताकि सेंक्चुरी में आने वाले पर्यटकों को सभी प्रकार की सुविधाएं प्रदान की जा सकें।
पौंग सेंक्चुरी में एंट्री टिकट और वोटिंग टिकट से एकत्रित की गई राशि को विकास कार्यों पर खर्च किया जा रहा है।
विकास कार्यों में सेंक्चुरी के एंट्री टिकट काउंटर का निर्माण, मंदिर परिसर में सफाई के लिए कर्मचारियों की नियुक्ति, शौचालयों का निर्माण, पीने के लिए पानी की व्यवस्था का कार्य किया जा रहा है। वहीं सेंक्चुरी में स्थित मंदिर के चारों ओर सीसीटीवी कैमरों को लगाया जा चुका है। कैैमरों की मॉनिटरिंग जिला कार्यालय से होगी। जिससे जिला स्तर पर अधिकारी मंदिर परिसर में घटित होने वाली घटनाओं का पता लगा सकेंगे।
वर्तमान में पौंग सेंक्चुरी में जलस्तर कम होने से पानी में डूबे मंदिरों के दर्शन करने के लिए प्रतिदिन सैकड़ों लोग पहुंच रहे हैं। सेंचुरी में घूमने आने वाले पर्यटकों से एंट्री के रूप में 10-10 रुपये की टिकट ली जा रही है।
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वहीं वोटिंग के लिए शुल्क अलग से सवारियों के हिसाब से तय किया गया। एंट्री टिकट और वोटिंग की राशि को ही सेंक्चुरी परिसर के विकास कार्यों पर खर्च किया जा रहा है। वहीं बाथू मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं से किसी भी तरह का शुल्क नहीं लिया जा रहा है। मंदिर में श्रद्धालु बिना शुल्क के दर्शन कर रहे हैं। पौंग डैम जैव विविधता अभिसरण सोसायटी के माध्यम से विकास कार्यों को सुनिश्चित किया जा रहा है। यहां से जनरेट होने वाला कर प्रदेश सरकार को नहीं जाता बल्कि सोसायटी के माध्यम से पौंग के विकास पर ही व्यय हो रहा है।
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पौंग सेंक्चुरी में एंट्री टिकट और वोटिंग टिकट से एकत्रित की गई राशि को विकास कार्यों पर खर्च किया जा रहा है।
विकास कार्यों में सेंक्चुरी के एंट्री टिकट काउंटर का निर्माण, मंदिर परिसर में सफाई के लिए कर्मचारियों की नियुक्ति, शौचालयों का निर्माण, पीने के लिए पानी की व्यवस्था का कार्य किया जा रहा है। वहीं सेंक्चुरी में स्थित मंदिर के चारों ओर सीसीटीवी कैमरों को लगाया जा चुका है। कैैमरों की मॉनिटरिंग जिला कार्यालय से होगी। जिससे जिला स्तर पर अधिकारी मंदिर परिसर में घटित होने वाली घटनाओं का पता लगा सकेंगे।
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वर्तमान में पौंग सेंक्चुरी में जलस्तर कम होने से पानी में डूबे मंदिरों के दर्शन करने के लिए प्रतिदिन सैकड़ों लोग पहुंच रहे हैं। सेंचुरी में घूमने आने वाले पर्यटकों से एंट्री के रूप में 10-10 रुपये की टिकट ली जा रही है।
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वहीं वोटिंग के लिए शुल्क अलग से सवारियों के हिसाब से तय किया गया। एंट्री टिकट और वोटिंग की राशि को ही सेंक्चुरी परिसर के विकास कार्यों पर खर्च किया जा रहा है। वहीं बाथू मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं से किसी भी तरह का शुल्क नहीं लिया जा रहा है। मंदिर में श्रद्धालु बिना शुल्क के दर्शन कर रहे हैं। पौंग डैम जैव विविधता अभिसरण सोसायटी के माध्यम से विकास कार्यों को सुनिश्चित किया जा रहा है। यहां से जनरेट होने वाला कर प्रदेश सरकार को नहीं जाता बल्कि सोसायटी के माध्यम से पौंग के विकास पर ही व्यय हो रहा है।