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Hamirpur (Himachal) News: अब संसाधनों की कमी पढ़ाई में नहीं बनेगी बाधा
Sat, 16 May 2026 01:41 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Sat, 16 May 2026 01:41 AM IST
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हमीरपुर। शिक्षा विभाग ने नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 में सरकारी स्कूलों में संसाधनों की कमी को दूर करने और विद्यार्थियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवाने के लिए क्लस्टर व्यवस्था को मजबूत करने की पहल शुरू की है।
इसके तहत अब विद्यार्थी क्लस्टर स्कूलों में उपलब्ध आधुनिक उपकरणों और मूलभूत सुविधाओं का लाभ उठा सकेंगे। बीते शैक्षणिक सत्र में जिलेभर में 100 क्लस्टर बनाए गए थे।
इन क्लस्टरों का उद्देश्य आसपास के स्कूलों के बीच संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित करना है, ताकि जिन विद्यालयों में विज्ञान प्रयोगशाला, स्मार्ट कक्षाएं, खेल सामग्री या अन्य शैक्षणिक उपकरणों की कमी है, वहां के विद्यार्थियों को भी समान अवसर मिल सकें।
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हालांकि, विभागीय निर्देशों के बावजूद अधिकांश स्कूलों के विद्यार्थी अब तक इन सुविधाओं का लाभ नहीं उठा पाए हैं। ऐसे में अब विद्यार्थियों की सुविधा के लिए क्लस्टर प्रभारी अपने अधीन आने वाले स्कूलों के लिए अलग-अलग दिन निर्धारित करेंगे।
तय दिनों में विद्यार्थी क्लस्टर स्कूलों में पहुंचकर विज्ञान प्रयोगशालाओं, कंप्यूटर लैब, पुस्तकालय, खेल सामग्री और अन्य शैक्षणिक संसाधनों का उपयोग कर सकेंगे।
इस व्यवस्था का लाभ केवल विद्यार्थियों तक सीमित नहीं रहेगा। विभिन्न स्कूलों के शिक्षक भी आपसी समन्वय के माध्यम से बेहतर शिक्षण पद्धतियों को साझा कर सकेंगे। साथ ही विषय विशेषज्ञ शिक्षकों की सेवाएं आवश्यकता के अनुसार अन्य स्कूलों तक भी उपलब्ध करवाई जाएंगी।
कोट
क्लस्टर प्रभारियों को स्कूलों के बीच समन्वय बनाकर समयसारिणी तैयार करने के निर्देश दिए हैं, ताकि स्कूल स्तर पर विद्यार्थियों को पढ़ाई में किसी भी प्रकार की परेशानी न हो। -राजेश भाटिया, कार्यकारी उपनिदेशक, उच्च शिक्षा विभाग, हमीरपुर
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इसके तहत अब विद्यार्थी क्लस्टर स्कूलों में उपलब्ध आधुनिक उपकरणों और मूलभूत सुविधाओं का लाभ उठा सकेंगे। बीते शैक्षणिक सत्र में जिलेभर में 100 क्लस्टर बनाए गए थे।
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इन क्लस्टरों का उद्देश्य आसपास के स्कूलों के बीच संसाधनों का बेहतर उपयोग सुनिश्चित करना है, ताकि जिन विद्यालयों में विज्ञान प्रयोगशाला, स्मार्ट कक्षाएं, खेल सामग्री या अन्य शैक्षणिक उपकरणों की कमी है, वहां के विद्यार्थियों को भी समान अवसर मिल सकें।
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हालांकि, विभागीय निर्देशों के बावजूद अधिकांश स्कूलों के विद्यार्थी अब तक इन सुविधाओं का लाभ नहीं उठा पाए हैं। ऐसे में अब विद्यार्थियों की सुविधा के लिए क्लस्टर प्रभारी अपने अधीन आने वाले स्कूलों के लिए अलग-अलग दिन निर्धारित करेंगे।
तय दिनों में विद्यार्थी क्लस्टर स्कूलों में पहुंचकर विज्ञान प्रयोगशालाओं, कंप्यूटर लैब, पुस्तकालय, खेल सामग्री और अन्य शैक्षणिक संसाधनों का उपयोग कर सकेंगे।
इस व्यवस्था का लाभ केवल विद्यार्थियों तक सीमित नहीं रहेगा। विभिन्न स्कूलों के शिक्षक भी आपसी समन्वय के माध्यम से बेहतर शिक्षण पद्धतियों को साझा कर सकेंगे। साथ ही विषय विशेषज्ञ शिक्षकों की सेवाएं आवश्यकता के अनुसार अन्य स्कूलों तक भी उपलब्ध करवाई जाएंगी।
कोट
क्लस्टर प्रभारियों को स्कूलों के बीच समन्वय बनाकर समयसारिणी तैयार करने के निर्देश दिए हैं, ताकि स्कूल स्तर पर विद्यार्थियों को पढ़ाई में किसी भी प्रकार की परेशानी न हो। -राजेश भाटिया, कार्यकारी उपनिदेशक, उच्च शिक्षा विभाग, हमीरपुर