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कचरे से मालामाल हो रही नगर परिषद हमीरपुर
ब्यूरो/अमर उजाला, हमीरपुर
Updated Fri, 23 Sep 2016 11:16 PM IST
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कूड़ा उठाकचरे से मालामाल हो रही नगर परिषद हमीरपुर।ने की मशीन
- फोटो : amar ujala
नगर परिषद हमीरपुर का बजूरी स्थित कचरा निस्तारण संयंत्र नप के लिए आय का अच्छा साधन साबित हो रहा है। यहां रोजाना पांच टन के करीब कचरे का निष्पादन किया जा रहा है। कचरे को डोर टू डोर और कूड़ादानों में डालकर डंपर वाहनों की मदद से प्लांट तक पहुंचाया जाता है।
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यहां पॉलिथीन को री-साइकलिंग के लिए बेचा जाता है जबकि मिट्टी, कागज या गली-सड़ी सब्जियों से खाद बनाई जा रही है। हमीरपुर में कचरा निष्पादन प्लांट करीब 14 सालों से चल रहा है। हमीरपुर नप के कुल 11 वार्डों में कुल 56 बड़े और 28 छोटे कूड़ेदान हैं।
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शहरवासी रोजाना इन कूड़ेदानों में कचरा डालते हैं। वार्ड-1 से 6 तक डोर टू डोर कचरा एकत्रित होता है। सफाई कर्मचारी डोर टू डोर एकत्रित कचरे को कूड़ादानों में डालते हैं। कूड़ादानों से कचरा डंपर वाहनों से उठाया जाता है।
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शहर में रोजाना दो डंपर वाहन और एक टेंपो करीब पांच टन कचरा उठा रहे हैं। संयंत्र में पॉलिथीन को अलग और खाद योग्य कचरे को अलग कर दिया जाता है। खाद बनने के बाद डिमांड के अनुसार बेच दिया जाता है जबकि पॉलिथीन को भी रि-साइकलिंग के लिए बेच दिया जाता है।
इससे नप को आय के साथ कचरे का निपटारा भी हो जाता है। कार्यकारी अधिकारी विनोद कुमार का कहना है कि रोजाना चार से पांच टन कचरे का निष्पादन प्लांट में किया जा रहा है।