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Hamirpur (Himachal) News: आभा आईडी बनाने में लक्ष्य के करीब पहुंचा जिला हमीरपुर
Wed, 26 Mar 2025 12:24 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Wed, 26 Mar 2025 12:24 AM IST
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हमीरपुर। आभा आईडी बनाने में जिला हमीरपुर लक्ष्य के करीब पहुंच गया है। जिला में अब तक करीब चार लाख 70 हजार लोगों की आभा आईडी बनाई जा चुकी है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से कुल जनसंख्या का आभा आईडी बनाने का लक्ष्य रखा है। जिला हमीरपुर की कुल जनसंख्या लगभग पांच लाख के करीब है। मरीजों का मेडिकल रिकॉर्ड ऑनलाइन सुरक्षित किए जाने के लिए लोगों के स्वास्थ्य कार्ड बनाए जा रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग की ओर से आभा आईडी बनाने के लिए आशा कार्यकर्ताओं की सहायता ली जा रही है। आशा कार्यकर्ता गांव में घर-घर जाकर भी लोगों की आभा आईडी बनाने में सहयोग कर रही हैं। वहीं मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में आभा आईडी के माध्यम से ओपीडी पर्ची बन रही है। वहीं अन्य स्वास्थ्य संस्थानों में भी ओपीडी पर्ची आभा आईडी के माध्यम से बनाया जाना प्रस्तावित है। ऐसे में आभा आईडी की अहमियत और बढ़ गई है।
इसलिए जरूरी है आभा आईडी
आभा कार्ड में आधार कार्ड की तरह का एक क्यूआर कोड होता है। इसमें 14 अंकों का एक यूनिक नंबर होता है। इस डिजिटल स्वास्थ्य कार्ड में मरीज की मेडिकल हिस्ट्री देश में कहीं भी देखी जा सकती है। इससे चिकित्सक को परामर्श देने में आसानी होती है।
-कुल जनसंख्या की आभा आईडी बनाई जा रही है। अभी तक करीब चार लाख 70 हजार लोगों की आभा आईडी बनाई जा चुकी है। आभा आईडी के माध्यम से मरीज की मेडिकल हिस्ट्री को आसानी से देखा जा सकता है।
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-डॉ. प्रवीण चौधरी, सीएमओ हमीरपुर
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इसलिए जरूरी है आभा आईडी
आभा कार्ड में आधार कार्ड की तरह का एक क्यूआर कोड होता है। इसमें 14 अंकों का एक यूनिक नंबर होता है। इस डिजिटल स्वास्थ्य कार्ड में मरीज की मेडिकल हिस्ट्री देश में कहीं भी देखी जा सकती है। इससे चिकित्सक को परामर्श देने में आसानी होती है।
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-कुल जनसंख्या की आभा आईडी बनाई जा रही है। अभी तक करीब चार लाख 70 हजार लोगों की आभा आईडी बनाई जा चुकी है। आभा आईडी के माध्यम से मरीज की मेडिकल हिस्ट्री को आसानी से देखा जा सकता है।
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-डॉ. प्रवीण चौधरी, सीएमओ हमीरपुर