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दियोटसिद्ध में आठ हजार श्रद्धालुओं ने नवाया शीश
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बाबा बालक नाथ मंदिर दियोटसिद्ध में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़।
- फोटो : Hamirpur-HP
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बिझड़ी (हमीरपुर)। उत्तरी भारत के प्रसिद्ध सिद्धपीठ बाबा बालक नाथ में रविवार को आठ हजार श्रद्धालुओं ने बाबा के दरबार शीश नवाया। बीते रविवार को कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन के खतरे के बीच बाबा के दरबार में महज पांच हजार श्रद्धालुओं ने ही माथा टेका था, लेकिन इस बार श्रद्धालुओं की संख्या में इजाफा हुआ है और तीन हजार अधिक श्रद्धालुओं ने बाबा के दरबार में माथा टेका है। हालांकि, हरेक रविवार को बाबा के दरबार में दस हजार से अधिक श्रद्धालु शीश नवाते थे।
मंदिर प्रशासन ने कोरोना नियमों का पालन करने के लिए व्यवस्था की है। श्रद्धालुओं को मास्क लगाकर आना अनिवार्य है और जगह जगह पर सैनिटाइजर लगाया गया है, ताकि श्रद्धालु हाथ सैनिटाइज कर सकें। वहीं, चार दिसंबर से मंदिर में लंगर व्यवस्था भी शुरू कर दी गई है। जो भी कर्मचारी लंगर भवन में तैनात हैं, उन्हें मास्क लगाकर व दस्ताने डालकर लंगर देने के आदेश थे। जिसका पूरी तरह पालन किया गया।
बड़सर के एसडीएम शशि पाल शर्मा ने कहा कि बाबा के दरबार में करीब आठ हजार श्रद्धालुओं ने माथा टेका है। श्रद्धालुओं को कोरोना नियमों का पालन करना अनिवार्य है।
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मंदिर प्रशासन ने कोरोना नियमों का पालन करने के लिए व्यवस्था की है। श्रद्धालुओं को मास्क लगाकर आना अनिवार्य है और जगह जगह पर सैनिटाइजर लगाया गया है, ताकि श्रद्धालु हाथ सैनिटाइज कर सकें। वहीं, चार दिसंबर से मंदिर में लंगर व्यवस्था भी शुरू कर दी गई है। जो भी कर्मचारी लंगर भवन में तैनात हैं, उन्हें मास्क लगाकर व दस्ताने डालकर लंगर देने के आदेश थे। जिसका पूरी तरह पालन किया गया।
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बड़सर के एसडीएम शशि पाल शर्मा ने कहा कि बाबा के दरबार में करीब आठ हजार श्रद्धालुओं ने माथा टेका है। श्रद्धालुओं को कोरोना नियमों का पालन करना अनिवार्य है।
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