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मांगों को लेकर नादौन में गरजे सीटू कार्यकर्ता, रैली भी निकाली
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नादौन में मांगों को लेकर प्रदर्शन करते सीटू कार्यकर्ता।
- फोटो : Hamirpur-HP
नादौन (हमीरपुर)। सीटू खंड कमेटी नादौन ने शुक्रवार को स्थानीय कस्बे में अपनी मांगों को लेकर रैली निकाली और प्रदर्शन किया। सुबह ही सैकड़ों मजदूर इंद्रपाल चौक पर इकट्ठा हुए और बाजार से होते हुआ बीडीओ कार्यालय तक रैली निकली। सीटू जिला सचिव जोगेेंद्र कुमार ने कहा कि मोदी सरकार ने इस वर्ष मनरेगा के बजट में 25 फीसदी की भारी कटौती कर दी है। इसका असर अब गांव-गांव में दिखने लगा है। मनरेगा के काम ठप हो गए हैं। लोगों को काम नहीं मिल रहा है। अगर मुश्किल से काम मिल भी जाए तो कई माह भुगतान नहीं हो रहा है। साजिशपूर्ण तरीके से असेसमेंट के नाम पर दिहाड़ी काटी जा रही है। इससे मजदूरों में भारी रोष है। सीटू मांग करती है कि असेसमेंट बंद की जाए।
मनरेगा में भी न्यूनतम 350 रुपये दिहाड़ी दी जाए। 100 दिन का रोजगार सुनिश्चित किया जाए। मनरेगा का काम मांगने पर रसीद जारी की जाए। ठेका प्रथा बंद की जाए। दूसरी तरफ निर्माण मजदूरों के लिए 1996 में बने कानून के तहत बना कल्याण बोर्ड हमीरपुर भाजपा की राजनीति का अड्डा बन चुका है। दो-दो साल से मजदूरों को लाभ नहीं मिल रहे हैं। पंजीकरण नहीं हो रहा है। भाजपा की सभाओं को कामयाब करने के लिए कल्याण बोर्ड से मिलने वाले सामान को देने के नाम पर लोगों को इकट्ठा किया जा रहा है, जबकि यह सामान 2019 से पहले का स्वीकृत है।
सीटू ने मांग की है कि कल्याण बोर्ड में राजनीतिक हस्तक्षेप बंद किया जाए। सभी मजदूरों को वाशिंग मशीन, इंडक्शन चूल्हा, सोलर लैंप, सिलाई मशीन आदि सामान दिया जाए। प्रदर्शन के बाद मांगों को लेकर ज्ञापन बीडीओ के माध्यम से मुख्यमंत्री को भेजा गया। इस दौरान सीटू के राष्ट्रीय सचिव डॉ. कश्मीर ठाकुर, जिला अध्यक्ष प्रताप राणा, सुरेश राठौर, रंजन शर्मा, मीना कुमारी, सुनीता देवी सहित अन्य मौजूद रहे।
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मनरेगा में भी न्यूनतम 350 रुपये दिहाड़ी दी जाए। 100 दिन का रोजगार सुनिश्चित किया जाए। मनरेगा का काम मांगने पर रसीद जारी की जाए। ठेका प्रथा बंद की जाए। दूसरी तरफ निर्माण मजदूरों के लिए 1996 में बने कानून के तहत बना कल्याण बोर्ड हमीरपुर भाजपा की राजनीति का अड्डा बन चुका है। दो-दो साल से मजदूरों को लाभ नहीं मिल रहे हैं। पंजीकरण नहीं हो रहा है। भाजपा की सभाओं को कामयाब करने के लिए कल्याण बोर्ड से मिलने वाले सामान को देने के नाम पर लोगों को इकट्ठा किया जा रहा है, जबकि यह सामान 2019 से पहले का स्वीकृत है।
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सीटू ने मांग की है कि कल्याण बोर्ड में राजनीतिक हस्तक्षेप बंद किया जाए। सभी मजदूरों को वाशिंग मशीन, इंडक्शन चूल्हा, सोलर लैंप, सिलाई मशीन आदि सामान दिया जाए। प्रदर्शन के बाद मांगों को लेकर ज्ञापन बीडीओ के माध्यम से मुख्यमंत्री को भेजा गया। इस दौरान सीटू के राष्ट्रीय सचिव डॉ. कश्मीर ठाकुर, जिला अध्यक्ष प्रताप राणा, सुरेश राठौर, रंजन शर्मा, मीना कुमारी, सुनीता देवी सहित अन्य मौजूद रहे।
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