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Hamirpur (Himachal) News: एक माह बाद भी रेडियोलॉजिस्ट ने जीएमसी में नहीं किया ज्वाइन
Thu, 06 Jul 2023 12:43 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
संवाद न्यूज एजेंसी, हमीरपुर (हि. प्र.)
Updated Thu, 06 Jul 2023 12:43 AM IST
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हमीरपुर। डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज (जीएमसी) हमीरपुर में एक माह बाद भी रेडियोलॉजिस्ट ने ज्वाइन नहीं किया है। प्रदेश सरकार ने 10 जून को रेडियोलॉजिस्ट की प्रतिनियुक्ति के आदेश जारी किए थे। अब इसे प्रदेश सरकार के आदेशों की उल्लघंना कहें या स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों के ढुलमुल रवैया कि अभी तक एक ही रेडियोलॉजिस्ट ने ज्वाइन किया और दूसरे को अभी तक ज्वालाजी अस्पताल से रिलीव ही नहीं किया गया है।
प्रदेश सरकार ने छह जून को दो रेडियोलॉजिस्ट डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में नियुक्त किए थे। इसमें टांडा अस्पताल से डॉ. विजय कुमार और नागरिक अस्पताल ज्वालामुखी से अनिल कुमार को प्रतिनियुक्ति पर हमीरपुर अस्पताल भेजा था। डॉ. विजय कुमार ने जीएमसी हमीरपुर में ज्वाइन कर लिया, लेकिन डॉ. अनिल कुमार ने अभी तक अपनी ज्वाइनिंग नहीं दी है।
डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में रेडियोलॉजिस्टों की भारी कमी है। पूर्व में महज दो ही रेडियोलॉजिस्ट अस्पताल में रह गए थे, जिसमें से एक दिन में तो दूसरा रात को ड्यूटी दे रहा था। हमीरपुर अस्पताल में एक दिन में 100 से 150 अल्ट्रासाउंड और सीटी स्कैन किए जाते हैं। ऐसे में मरीजों और गर्भवती महिलाओं को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था।
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रेडियोलॉजिस्ट न होने के कारण गर्भवती महिला के रोते हुए अस्पताल से वापस जाने का मामला भी सामने आया था। जिसे अमर उजाला ने प्रमुखता से उठाया था। इसी पर तुरंत कार्रवाई करते हुए प्रदेश सरकार ने छह जून को दो रेडियोलॉजिस्ट जीएमसी हमीरपुर में भेजा। इसमें से एक ने तो ज्वाइन कर लिया, मगर अभी दूसरे ने नहीं किया।
डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में जिला भर से मरीज आते हैं। नागरिक अस्पताल सुजानपुर में भी सप्ताह में एक ही बार अल्ट्रासाउंड होते हैं, क्योंकि वहां भी कोई स्थायी रेडियोलॉजिस्ट नहीं है। ऐसे में वहां के मरीज भी हमीरपुर अस्पताल की ओर रुख करते हैं। मगर जब तक अस्पतालों में चिकित्सक ही नहीं होंगे तो मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं देने की बातें करना हवा साबित हो रही हैं।
क्या कहते हैं अधिकारी
डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज से सरकार की ओर से आदेश मिलते ही दोनों ही अस्पतालों के लिए लेटर जारी किया गया है। इसमें से एक चिकित्सक ने ज्वाइन कर लिया, जबकि दूसरे ने नहीं किया।
-डॉ. रमेश भारती, प्राचार्च, डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर
नागरिक अस्पताल ज्वालामुखी से सीएमओ कार्यालय कांगड़ा के ही आदेशानुसार ही रेडियोलॉजिस्ट को रिलीव किया जा सकता है। सीएमओ कार्यालय से अभी तक इस संदर्भ में कोई पत्र नहीं मिला है।
-डॉ. संजय, बीएमओ, ज्वालाजी
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प्रदेश सरकार ने छह जून को दो रेडियोलॉजिस्ट डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में नियुक्त किए थे। इसमें टांडा अस्पताल से डॉ. विजय कुमार और नागरिक अस्पताल ज्वालामुखी से अनिल कुमार को प्रतिनियुक्ति पर हमीरपुर अस्पताल भेजा था। डॉ. विजय कुमार ने जीएमसी हमीरपुर में ज्वाइन कर लिया, लेकिन डॉ. अनिल कुमार ने अभी तक अपनी ज्वाइनिंग नहीं दी है।
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डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में रेडियोलॉजिस्टों की भारी कमी है। पूर्व में महज दो ही रेडियोलॉजिस्ट अस्पताल में रह गए थे, जिसमें से एक दिन में तो दूसरा रात को ड्यूटी दे रहा था। हमीरपुर अस्पताल में एक दिन में 100 से 150 अल्ट्रासाउंड और सीटी स्कैन किए जाते हैं। ऐसे में मरीजों और गर्भवती महिलाओं को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था।
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रेडियोलॉजिस्ट न होने के कारण गर्भवती महिला के रोते हुए अस्पताल से वापस जाने का मामला भी सामने आया था। जिसे अमर उजाला ने प्रमुखता से उठाया था। इसी पर तुरंत कार्रवाई करते हुए प्रदेश सरकार ने छह जून को दो रेडियोलॉजिस्ट जीएमसी हमीरपुर में भेजा। इसमें से एक ने तो ज्वाइन कर लिया, मगर अभी दूसरे ने नहीं किया।
डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में जिला भर से मरीज आते हैं। नागरिक अस्पताल सुजानपुर में भी सप्ताह में एक ही बार अल्ट्रासाउंड होते हैं, क्योंकि वहां भी कोई स्थायी रेडियोलॉजिस्ट नहीं है। ऐसे में वहां के मरीज भी हमीरपुर अस्पताल की ओर रुख करते हैं। मगर जब तक अस्पतालों में चिकित्सक ही नहीं होंगे तो मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं देने की बातें करना हवा साबित हो रही हैं।
क्या कहते हैं अधिकारी
डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज से सरकार की ओर से आदेश मिलते ही दोनों ही अस्पतालों के लिए लेटर जारी किया गया है। इसमें से एक चिकित्सक ने ज्वाइन कर लिया, जबकि दूसरे ने नहीं किया।
-डॉ. रमेश भारती, प्राचार्च, डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर
नागरिक अस्पताल ज्वालामुखी से सीएमओ कार्यालय कांगड़ा के ही आदेशानुसार ही रेडियोलॉजिस्ट को रिलीव किया जा सकता है। सीएमओ कार्यालय से अभी तक इस संदर्भ में कोई पत्र नहीं मिला है।
-डॉ. संजय, बीएमओ, ज्वालाजी