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आबकारी मामले में दोषी को 70 लाख जुर्माना, एक साल की सजा
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70 lakh fine for the guilty in the excise case, one year's sentence
हमीरपुर। मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी हमीरपुर सिद्धार्थ सरपाल की अदालत ने आबकारी विभाग के दो विभिन्न मामलों में दोषी व्यक्ति को 70 लाख रुपये जुर्माना और एक साल के कारावास की सजा सुनाई है। दोषी की पहचान प्रवीण ठाकुर गांव भगोल, डाकघर पटलांदर जिला हमीरपुर के रूप में हुई है। दोषी व्यक्ति शराब का कारोबारी रहा है।
मामले की जानकारी देते हुए जिला न्यायवादी कपिल देव शर्मा ने बताया कि प्रवीण ठाकुर ऊना के मैहतपुर की एक शराब फैक्ट्री आरबीएल का अधिकृत डीलर रहा है। उसका चौकी जंबाला में वर्ष 2015-16 में शराब का गोदाम था। राज्य कर एवं आबकारी विभाग की विभिन्न टैक्स के रूप में 48.31 लाख के करीब राशि दोषी के पास फंसी हुई है। प्रवीण ठाकुर ने अदायगी के लिए विभाग को पांच बैंक चेक दिए, लेकिन जब विभाग ने बैंक में इन चेक को कैश करवाने के लिए लगाया तो यह सभी बाउंस हो गए। इसके बाद संबंधित विभाग ने कई बार आरोपी को देय राशि के भुगतान के लिए कहा, लेकिन उसने भुगतान नहीं किया।
अंत में एक्साइज विभाग ने अदालत में आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज करवाया। इस मामले पर सुनवाई करते हुए अदालत ने प्रवीण ठाकुर को दोषी पाया। पहले मामले में अदालत ने एक साल कारावास और 40 लाख रुपये जुर्माना, जबकि दूसरे टैक्स के मामले में 9 माह का कारावास और 30 लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
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मामले की जानकारी देते हुए जिला न्यायवादी कपिल देव शर्मा ने बताया कि प्रवीण ठाकुर ऊना के मैहतपुर की एक शराब फैक्ट्री आरबीएल का अधिकृत डीलर रहा है। उसका चौकी जंबाला में वर्ष 2015-16 में शराब का गोदाम था। राज्य कर एवं आबकारी विभाग की विभिन्न टैक्स के रूप में 48.31 लाख के करीब राशि दोषी के पास फंसी हुई है। प्रवीण ठाकुर ने अदायगी के लिए विभाग को पांच बैंक चेक दिए, लेकिन जब विभाग ने बैंक में इन चेक को कैश करवाने के लिए लगाया तो यह सभी बाउंस हो गए। इसके बाद संबंधित विभाग ने कई बार आरोपी को देय राशि के भुगतान के लिए कहा, लेकिन उसने भुगतान नहीं किया।
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अंत में एक्साइज विभाग ने अदालत में आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज करवाया। इस मामले पर सुनवाई करते हुए अदालत ने प्रवीण ठाकुर को दोषी पाया। पहले मामले में अदालत ने एक साल कारावास और 40 लाख रुपये जुर्माना, जबकि दूसरे टैक्स के मामले में 9 माह का कारावास और 30 लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
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