CM Sukhu: 'वेतन देने के लिए पैसा न होने की भाजपा ने उड़ाईं अफवाहें, प्रदेश की वित्तीय स्थिति बिल्कुल ठीक'
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शुक्रवार को राज्य सचिवालय में पत्रकार वार्ता कर विपक्ष पर निशाना साधा। सीएम सुक्खू ने कहा कि प्रदेश सरकार के पास वेतन देने को पैसा नहीं होने की भाजपा ने अफवाहें उड़ाई हैं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश सरकार के पास वेतन देने को पैसा नहीं होने की भाजपा ने अफवाहें उड़ाई हैं। प्रदेश की वित्तीय स्थिति बिल्कुल ठीक है। कोषागार ओवरड्राफ्ट नहीं हुआ है। वित्तीय अनुशासन बनाने के लिए कई कदम उठाए जा रहे हैं।
शुक्रवार को राज्य सचिवालय में पत्रकार वार्ता में मुख्यमंत्री ने नेता विपक्ष से पूछा कि विधानसभा चुनाव से पहले उन्होंने 5000 करोड़ रुपये की रेवड़ियां क्यों बांटीं। पांच रुपये का वैट क्यों कम किया। बिजली और पानी मुफ्त करने के साथ धड़ाधड़ संस्थान क्यों खोले। कांग्रेस सरकार ने गरीब लोगों की बिजली और पानी सब्सिडी बंद नहीं की है। धनाड्य लोग इसके लिए पात्र नहीं हैं। जो पात्र नहीं हैं, उन्हें मुफ्त की रेवड़ियां नहीं दी जाएंगी। बड़े-बड़े होटलों को मुफ्त में पानी देना गलत है। जयराम ठाकुर परेशान होकर तथ्यहीन आरोप लगा रहे हैं।
बिलासपुर दौरे पर आए भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने शुक्रवार को सरकार के खिलाफ कोई बयान नहीं दिया, लगता है जयराम ठाकुर उनसे कोई झूठ नहीं बुलवा सके। राज्य सचिवालय कर्मचारी सेवाएं महासंघ के पदाधिकारियों के खिलाफ लाए गए प्रिवलेज मोशन पर मुख्यमंत्री ने कहा कि मैं इसे वापस लेने के लिए विधानसभा अध्यक्ष और मंत्री धर्माणी से बात करुंगा। कर्मचारियों को व्यक्तिगत टिप्पणी से बचना चाहिए। हमारे दरवाजे सभी के लिए खुले हैं। संघ को भी संबंधित मंत्री से बात करनी चाहिए।
पीएम और नड्डा से झूठ बुलवाते हैं जयराम: सुक्खू ने कहा कि नेता विपक्ष जयराम ठाकुर ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से प्रदेश की वित्तीय स्थिति को लेकर झूठ बुलवाया है। हरियाणा चुनाव के दौरान हिमाचल की वित्तीय स्थिति को लेकर गलत बातें की गईं। पीएम को आरोप लगाने से पहले रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया और वित्त मंत्री से पूछना चाहिए था कि क्या हिमाचल का कोष ओवरड्राफ्ट है या नहीं।
प्रेस वार्ता में उपमुख्यमंत्री मुकेश अग्निहोत्री, स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धनीराम शांडिल, विधायक हरीश जनारथा, प्रधान सलाहकार नरेश चौहान, मुख्य सचिव प्रबोध सक्सेना और प्रधान सचिव वित्त देवेश कुमार भी मौजूद रहे।