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Chamba News: बस खाई में झुकी... भाग्य ने संभाल लिया
Fri, 05 Jun 2026 11:03 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Fri, 05 Jun 2026 11:03 PM IST
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चंबा- कलौता रूट की सरकारी बस का हुआ ब्रेकडाऊन, बाल- बाल बचे यात्री: जागरूक पाठक
कलौता-चंबा रूट पर मोड़ के पास चालक की सूझबूझ से बची 40 यात्रियों की जान
अचानक तकनीकी खराबी आने से कुछ पल के लिए थम गई थीं सवारियों की सांसें
बस और गहरी खाई के बीच रह गया था कुछ फीट का फासला, चालक ने लगा दिया ब्रेक
संवाद न्यूज एजेंसी
साहो (चंबा)। क्षेत्र के मोड़ नामक स्थान पर उस समय 40 यात्रियों की सांसें कुछ पलों के लिए थम गईं, जब एचआरटीसी बस अचानक मोड़ पर तकनीकी खराबी के कारण असंतुलित हो गई और गहरी खाई के बेहद करीब पहुंच गई।
चालक की सूझबूझ और एक तेज निर्णय ने बस को अंतिम क्षण में रोककर एक बड़े हादसे को टाल दिया जहां कुछ इंच का फासला ही 40 जिंदगियों की ढाल बन गया। यह घटना शुक्रवार सुबह आठ बजे कलौता से आगे मोड़ नाम स्थान पर हुई। बस कलौता-चंबा रूट पर जा रही थी।
बस में अचानक खराबी आ गई। चालक ने सूझबूझ दिखाते हुए बस के ब्रेक लगाकर बड़ा हादसा टाल दिया। इस दौरान बस और गहरी खाई के बीच कुछ फीट का ही फासला रहा। चालक ने ऐन मौके पर बस रोककर यात्रियों की जान बचा ली। इसके बाद सभी सवारियां बस से उतरकर सड़क पर आ गईं। यात्री सुबह के समय जरूरी कार्यों, इलाज और जिला मुख्यालय के लिए निकले थे। इन्हें बाद में वैकल्पिक व्यवस्था से गंतव्य तक पहुंचाया गया। आक्रोशित यात्रियों ने एचआरटीसी की बसों की खस्ताहालत पर सवाल उठाए।
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गौरतलब है कि हाल ही में चंबा-धुलाड़ा और चंबा-जम्मुहार रूट पर भी एचआरटीसी बसें हादसे का शिकार होने से बाल-बाल बची थीं। दोनों बसों में करीब 50-50 सवारियां थीं। चालक की सूझबूझ से हादसा टला था।
यात्रियों में आशु कुमार, अमित कुमार, संजय कुमार, होशियारा सिंह, देवराज और मनोहर लाल ने बताया कि ग्रामीण और पहाड़ी रूटों पर खस्ताहाल बसें दौड़ाई जा रही हैं। इनकी नियमित जांच और मरम्मत नहीं होती। आरोप लगाया कि इस लापरवाही के कारण कभी भी बड़ी दुर्घटना हो सकती है।
उधर, एचआरटीसी के डीडीएम शुगल सिंह ने बताया कि बस में तकनीकी खराबी आने से यह समस्या उत्पन्न हुई थी। रूटों पर भेजने से पहले बसों की जांच करवाई जाएगी।
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अचानक तकनीकी खराबी आने से कुछ पल के लिए थम गई थीं सवारियों की सांसें
बस और गहरी खाई के बीच रह गया था कुछ फीट का फासला, चालक ने लगा दिया ब्रेक
संवाद न्यूज एजेंसी
साहो (चंबा)। क्षेत्र के मोड़ नामक स्थान पर उस समय 40 यात्रियों की सांसें कुछ पलों के लिए थम गईं, जब एचआरटीसी बस अचानक मोड़ पर तकनीकी खराबी के कारण असंतुलित हो गई और गहरी खाई के बेहद करीब पहुंच गई।
चालक की सूझबूझ और एक तेज निर्णय ने बस को अंतिम क्षण में रोककर एक बड़े हादसे को टाल दिया जहां कुछ इंच का फासला ही 40 जिंदगियों की ढाल बन गया। यह घटना शुक्रवार सुबह आठ बजे कलौता से आगे मोड़ नाम स्थान पर हुई। बस कलौता-चंबा रूट पर जा रही थी।
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बस में अचानक खराबी आ गई। चालक ने सूझबूझ दिखाते हुए बस के ब्रेक लगाकर बड़ा हादसा टाल दिया। इस दौरान बस और गहरी खाई के बीच कुछ फीट का ही फासला रहा। चालक ने ऐन मौके पर बस रोककर यात्रियों की जान बचा ली। इसके बाद सभी सवारियां बस से उतरकर सड़क पर आ गईं। यात्री सुबह के समय जरूरी कार्यों, इलाज और जिला मुख्यालय के लिए निकले थे। इन्हें बाद में वैकल्पिक व्यवस्था से गंतव्य तक पहुंचाया गया। आक्रोशित यात्रियों ने एचआरटीसी की बसों की खस्ताहालत पर सवाल उठाए।
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गौरतलब है कि हाल ही में चंबा-धुलाड़ा और चंबा-जम्मुहार रूट पर भी एचआरटीसी बसें हादसे का शिकार होने से बाल-बाल बची थीं। दोनों बसों में करीब 50-50 सवारियां थीं। चालक की सूझबूझ से हादसा टला था।
यात्रियों में आशु कुमार, अमित कुमार, संजय कुमार, होशियारा सिंह, देवराज और मनोहर लाल ने बताया कि ग्रामीण और पहाड़ी रूटों पर खस्ताहाल बसें दौड़ाई जा रही हैं। इनकी नियमित जांच और मरम्मत नहीं होती। आरोप लगाया कि इस लापरवाही के कारण कभी भी बड़ी दुर्घटना हो सकती है।
उधर, एचआरटीसी के डीडीएम शुगल सिंह ने बताया कि बस में तकनीकी खराबी आने से यह समस्या उत्पन्न हुई थी। रूटों पर भेजने से पहले बसों की जांच करवाई जाएगी।