{"_id":"6519a916d41470399c00e1d6","slug":"negligencedrinking-water-pipes-passed-through-drains-filled-with-dirt-chamba-news-c-88-1-ssml1006-8846-2023-10-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chamba News: लापरवाही ... गंदगी से भरी नालियों से गुजार दिए पेयजल पाइप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chamba News: लापरवाही ... गंदगी से भरी नालियों से गुजार दिए पेयजल पाइप
Sun, 01 Oct 2023 10:45 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Sun, 01 Oct 2023 10:45 PM IST
विज्ञापन
चंबा शहर में गंदी नाली के बीच से गुजरती पीने का पानी की पाइपें: जागरूक पाठक
चंबा। जल शक्ति विभाग की लापरवाही चंबा में पीलिया फैलने का कारण बन सकती है। शहर में अधिकतर पेयजल लाइनें गंदी नाली के बीच से गुजारी गई हैं। इन नालियों में सीवरेज की गंदगी बहती रहती है।
कई जगह पेयजल पाइप नाली की गंदगी में डूब चुके हैं। ऐसे में यदि पाइप में लीकेज हो जाए तो नाली की गंदगी पीने वाले पानी में घुलकर लोगों के घर में पहुंच जाएगी। ऐसा पानी पीने से लोग पीलिया का शिकार भी हो सकते हैं। पिछले कुछ दिन में चंबा मेडिकल कॉलेज में पीलिया के मरीज भी बढ़े हैं। मेडिकल कॉलेज प्रबंधन ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को भी चंबा में लोगों को सप्लाई किए जा रहे पानी की गुणवत्ता जांचने के लिए पत्र लिखा है।
इस पत्र को लेकर मुख्य चिकित्सा अधिकारी की तरफ से कोई कार्रवाई की गई है या नहीं, इसको लेकर भी किसी को जानकारी नहीं है।
नगर परिषद चंबा के 11 वार्डों में पेयजल पाइपों की व्यवस्था जल शक्ति विभाग ने नाली के ऊपर बिछाकर की है। यह व्यवस्था शहर वासियों के लिए नुकसान दायक हो सकती है। सीवरेज के चैंबर भी नाली के साथ ही बनाए गए हैं। इन चैंबरों में आए दिन सीवरेज की लीकेज होती है। चैंबर से निकलने वाली गंदगी सड़क किनारे बनी नाली में पहुंचती है। नाली के पानी के साथ यह गंदगी निरंतर बहती रहती है। यह लोगों की सेहत पर कभी भी बुरा असर डाल सकती है। जुलाहकड़ी, भरमौर चौक और हरदासपुरा आवासीय काॅलोनी में सीवरेज लीकेज होना रोज की बात हो गई है।
विज्ञापन
--
चंबा मेडिकल कॉलेज के मेडिसन विभाग के एचओडी डॉक्टर पंकज गुप्ता ने बताया कि सीवरेज की गंदगी पेयजल पाइप में घुलने से पीलिया का खतरा बढ़ जाता है। चंबा में पीलिया के केस पिछले दिनों अधिक पाए गए थे। इसके लिए सीएमओ को पानी की गुणवत्ता जांच करवाने के लिए पत्र लिखा गया था।
--
जल शक्ति विभाग के सहायक अभियंता दीपक भारद्वाज ने बताया कि चंबा शहर में साढ़े छह करोड़ रुपये से पेयजल पाइपों का पुराना नेटवर्क बदला जा रहा है। इसका कार्य शुरू हो चुका है। जल्द शहर वासियों को पुराने सिस्टम से निजात मिलने वाली है। सीवरेज की गंदगी नाली में न जाए, इसको लेकर भी विभाग ने पूरे प्रबंध किए हैं।
--
जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जालम सिंह ने कहा कि पानी की गुणवत्ता जांचने के लिए चंबा और भरमौर से सैंपल भरे गए थे। सभी सैंपल पास निकले हैं।
विज्ञापन
कई जगह पेयजल पाइप नाली की गंदगी में डूब चुके हैं। ऐसे में यदि पाइप में लीकेज हो जाए तो नाली की गंदगी पीने वाले पानी में घुलकर लोगों के घर में पहुंच जाएगी। ऐसा पानी पीने से लोग पीलिया का शिकार भी हो सकते हैं। पिछले कुछ दिन में चंबा मेडिकल कॉलेज में पीलिया के मरीज भी बढ़े हैं। मेडिकल कॉलेज प्रबंधन ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को भी चंबा में लोगों को सप्लाई किए जा रहे पानी की गुणवत्ता जांचने के लिए पत्र लिखा है।
विज्ञापन
इस पत्र को लेकर मुख्य चिकित्सा अधिकारी की तरफ से कोई कार्रवाई की गई है या नहीं, इसको लेकर भी किसी को जानकारी नहीं है।
नगर परिषद चंबा के 11 वार्डों में पेयजल पाइपों की व्यवस्था जल शक्ति विभाग ने नाली के ऊपर बिछाकर की है। यह व्यवस्था शहर वासियों के लिए नुकसान दायक हो सकती है। सीवरेज के चैंबर भी नाली के साथ ही बनाए गए हैं। इन चैंबरों में आए दिन सीवरेज की लीकेज होती है। चैंबर से निकलने वाली गंदगी सड़क किनारे बनी नाली में पहुंचती है। नाली के पानी के साथ यह गंदगी निरंतर बहती रहती है। यह लोगों की सेहत पर कभी भी बुरा असर डाल सकती है। जुलाहकड़ी, भरमौर चौक और हरदासपुरा आवासीय काॅलोनी में सीवरेज लीकेज होना रोज की बात हो गई है।
विज्ञापन
चंबा मेडिकल कॉलेज के मेडिसन विभाग के एचओडी डॉक्टर पंकज गुप्ता ने बताया कि सीवरेज की गंदगी पेयजल पाइप में घुलने से पीलिया का खतरा बढ़ जाता है। चंबा में पीलिया के केस पिछले दिनों अधिक पाए गए थे। इसके लिए सीएमओ को पानी की गुणवत्ता जांच करवाने के लिए पत्र लिखा गया था।
जल शक्ति विभाग के सहायक अभियंता दीपक भारद्वाज ने बताया कि चंबा शहर में साढ़े छह करोड़ रुपये से पेयजल पाइपों का पुराना नेटवर्क बदला जा रहा है। इसका कार्य शुरू हो चुका है। जल्द शहर वासियों को पुराने सिस्टम से निजात मिलने वाली है। सीवरेज की गंदगी नाली में न जाए, इसको लेकर भी विभाग ने पूरे प्रबंध किए हैं।
जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. जालम सिंह ने कहा कि पानी की गुणवत्ता जांचने के लिए चंबा और भरमौर से सैंपल भरे गए थे। सभी सैंपल पास निकले हैं।

चंबा शहर में गंदी नाली के बीच से गुजरती पीने का पानी की पाइपें: जागरूक पाठक