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Chamba News: हृदय रोगियों को लगानी पड़ रही टांडा और शिमला की दौड़
Thu, 09 Mar 2023 10:41 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Thu, 09 Mar 2023 10:41 PM IST
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चंबा। पंडित जवाहर लाल नेहरू मेडिकल कॉलेज चंबा को खुले हुए चार वर्ष हो गए हैं। अभी तक कॉलेज में हृदय रोग विशेषज्ञ की तैनाती नहीं की गई है। आलम यह है कि रोगियों को अपना इलाज करवाने के लिए टांडा और शिमला की दौड़ लगानी पड़ रही है। मेडिकल कॉलेज में इन मरीजों का उपचार करने के लिए कोई भी हृदय रोग विशेषज्ञ तैनात नहीं है। इसकी वजह से मरीज अपनी बीमारी का इलाज करवाने के लिए भटकने को मजबूर हैं।
जिले में सैकड़ों लोग हृदय की बीमारी से ग्रसित हैं जो अपनी बीमारी का उपचार आईजीएमसी शिमला या टांडा मेडिकल कॉलेज में करवा रहे हैं। इससे उन्हें अपना रुटीन चेकअप करवाने के लिए सैकड़ों किलोमीटर की दूरी तय करके शिमला जाना पड़ता है। ये मरीज लंबे समय से सरकार से मांग कर रहे हैं कि चंबा में हृदय रोग विशेषज्ञ की तैनाती की जाए लेकिन अभी तक प्रदेश में सत्ता संभालने वाली सरकारों ने इन मरीजों की मांग को पूरा नहीं किया है। यही कारण है कि इन मरीजों को अपनी बीमारी का उपचार करवाने के लिए जिले के बाहरी स्वास्थ्य संस्थानों पर निर्भर रहना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों चंद राम, किशोर, हंसराज, सुरेंद्र, भाग सिंह, चुनी लाल और मनोज कुमार ने बताया कि हृदय रोग आज के समय में हरेक इंसान को हो रहा है। ऐसे में जिले के मरीजों के लिए चंबा मेडिकल कॉलेज में हृदय रोग विशेषज्ञ होना काफी आवश्यक है। इसके लिए प्रदेश सरकार और जिले के विधायकों को गंभीरता दिखाने की जरूरत है। उन्होंने सरकार और प्रशासन से चंबा में हृदय रोग विशेषज्ञ की तैनाती को लेकर गुहार लगाई है।
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मेडिकल कॉलेज में जब भी किसी संस्था की ओर से हृदय जांच शिविर लगाया जाता है तो हृदय रोगियों की भीड़ जमा हो जाती है। इससे पता चलता है कि जिले में हृदय रोगियों की संख्या कितनी अधिक है। संस्थाएं चाह कर भी सभी मरीजों की बीमारी का इलाज नहीं करवा पाती। हालांकि सरकार से ज्यादा इन मरीजों को संस्थाएं राहत दे रही हैं।
मेडिकल कॉलेज में हृदय रोग विशेषज्ञ की तैनाती को लेकर सरकार से मांग की गई है। जल्द मेडिकल कॉलेज में सरकार विशेषज्ञ की तैनाती कर सकती है। मरीजों को बेहतर सेवाएं देने के लिए प्रबंधन हरसंभव प्रयास कर रहा है। -डॉ. पंकज गुप्ता, प्राचार्य।
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जिले में सैकड़ों लोग हृदय की बीमारी से ग्रसित हैं जो अपनी बीमारी का उपचार आईजीएमसी शिमला या टांडा मेडिकल कॉलेज में करवा रहे हैं। इससे उन्हें अपना रुटीन चेकअप करवाने के लिए सैकड़ों किलोमीटर की दूरी तय करके शिमला जाना पड़ता है। ये मरीज लंबे समय से सरकार से मांग कर रहे हैं कि चंबा में हृदय रोग विशेषज्ञ की तैनाती की जाए लेकिन अभी तक प्रदेश में सत्ता संभालने वाली सरकारों ने इन मरीजों की मांग को पूरा नहीं किया है। यही कारण है कि इन मरीजों को अपनी बीमारी का उपचार करवाने के लिए जिले के बाहरी स्वास्थ्य संस्थानों पर निर्भर रहना पड़ रहा है।
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स्थानीय लोगों चंद राम, किशोर, हंसराज, सुरेंद्र, भाग सिंह, चुनी लाल और मनोज कुमार ने बताया कि हृदय रोग आज के समय में हरेक इंसान को हो रहा है। ऐसे में जिले के मरीजों के लिए चंबा मेडिकल कॉलेज में हृदय रोग विशेषज्ञ होना काफी आवश्यक है। इसके लिए प्रदेश सरकार और जिले के विधायकों को गंभीरता दिखाने की जरूरत है। उन्होंने सरकार और प्रशासन से चंबा में हृदय रोग विशेषज्ञ की तैनाती को लेकर गुहार लगाई है।
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मेडिकल कॉलेज में जब भी किसी संस्था की ओर से हृदय जांच शिविर लगाया जाता है तो हृदय रोगियों की भीड़ जमा हो जाती है। इससे पता चलता है कि जिले में हृदय रोगियों की संख्या कितनी अधिक है। संस्थाएं चाह कर भी सभी मरीजों की बीमारी का इलाज नहीं करवा पाती। हालांकि सरकार से ज्यादा इन मरीजों को संस्थाएं राहत दे रही हैं।
मेडिकल कॉलेज में हृदय रोग विशेषज्ञ की तैनाती को लेकर सरकार से मांग की गई है। जल्द मेडिकल कॉलेज में सरकार विशेषज्ञ की तैनाती कर सकती है। मरीजों को बेहतर सेवाएं देने के लिए प्रबंधन हरसंभव प्रयास कर रहा है। -डॉ. पंकज गुप्ता, प्राचार्य।