{"_id":"65e5a036c44d0d5fb50e0a1c","slug":"doctors-will-be-forced-to-go-on-mass-strike-dr-dilbagh-chamba-news-c-88-1-ssml1006-119730-2024-03-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"सामूहिक हड़ताल को मजबूर होंगे डॉक्टर : डॉ. दिलबाग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सामूहिक हड़ताल को मजबूर होंगे डॉक्टर : डॉ. दिलबाग
विज्ञापन
सरकार से मांगों को जल्द पूरा करने की मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। प्रदेश सरकार ने चिकित्सकों की मांगों को नहीं माना तो सात मार्च को प्रदेशभर के चिकित्सक सामूहिक अवकाश पर जाने के लिए मजबूर हो जाएंगे। इसके बाद जो भी परिस्थिति पैदा होगी, उसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी। क्योंकि चिकित्सक सरकार से वही मांग कर रहे हैं जो पूर्व में चिकित्सकों को सुविधाएं मिलती थीं लेकिन सरकार इन मांगों को पूरा करने में देरी लगा रही है। यह बात मेडिकल ऑफिसर एसोसिएशन चंबा के अध्यक्ष डॉक्टर दिलबाग सिंह ने प्रेस को जारी बयान में कही। उन्होंने कहा कि काले बिल्ले लगाकर रोष प्रकट करते हुए चिकित्सकों को 47 दिन हो चुके हैं जबकि पेनडाउन हड़ताल करते हुए भी 14 दिन बीत चुके हैं। अभी तक सरकार की तरफ से उनकी मांगों को पूरा करने के लिए कोई भी सकारात्मक कदम नहीं उठाए गए हैं। हिमाचल मेडिकल ऑफिसर एसोसिएशन की तरफ से जिले की एसोसिएशन को निर्देश मिलेंगे। उसके अनुरूप ही आगामी रणनीति बनाई जाएगी। सात मार्च के सामूहिक अवकाश के लिए सरकार को पहले ही अवगत करवा दिया गया है। ऐसे में सरकार पर निर्भर करता है कि वे मरीजों को इससे होने वाली परेशानी से किस प्रकार से बचाती है। कहा कि एसोसिएशन जो भी मांगें उठा रही है, वे सभी पुरानी हैं। इसमें कोई भी नई मांग शामिल नहीं की गई है। इसके बारे में चिकित्सक मरीजों को भी जागरूक कर रहे हैं जिससे चिकित्सकों की इस लड़ाई में मरीजों और तीमारदारों का भी समर्थन मिल सके।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। प्रदेश सरकार ने चिकित्सकों की मांगों को नहीं माना तो सात मार्च को प्रदेशभर के चिकित्सक सामूहिक अवकाश पर जाने के लिए मजबूर हो जाएंगे। इसके बाद जो भी परिस्थिति पैदा होगी, उसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी। क्योंकि चिकित्सक सरकार से वही मांग कर रहे हैं जो पूर्व में चिकित्सकों को सुविधाएं मिलती थीं लेकिन सरकार इन मांगों को पूरा करने में देरी लगा रही है। यह बात मेडिकल ऑफिसर एसोसिएशन चंबा के अध्यक्ष डॉक्टर दिलबाग सिंह ने प्रेस को जारी बयान में कही। उन्होंने कहा कि काले बिल्ले लगाकर रोष प्रकट करते हुए चिकित्सकों को 47 दिन हो चुके हैं जबकि पेनडाउन हड़ताल करते हुए भी 14 दिन बीत चुके हैं। अभी तक सरकार की तरफ से उनकी मांगों को पूरा करने के लिए कोई भी सकारात्मक कदम नहीं उठाए गए हैं। हिमाचल मेडिकल ऑफिसर एसोसिएशन की तरफ से जिले की एसोसिएशन को निर्देश मिलेंगे। उसके अनुरूप ही आगामी रणनीति बनाई जाएगी। सात मार्च के सामूहिक अवकाश के लिए सरकार को पहले ही अवगत करवा दिया गया है। ऐसे में सरकार पर निर्भर करता है कि वे मरीजों को इससे होने वाली परेशानी से किस प्रकार से बचाती है। कहा कि एसोसिएशन जो भी मांगें उठा रही है, वे सभी पुरानी हैं। इसमें कोई भी नई मांग शामिल नहीं की गई है। इसके बारे में चिकित्सक मरीजों को भी जागरूक कर रहे हैं जिससे चिकित्सकों की इस लड़ाई में मरीजों और तीमारदारों का भी समर्थन मिल सके।