{"_id":"6a9ef266067e8ed1660298b4","slug":"belief-the-water-level-of-dal-lake-rises-on-the-day-of-the-radhashtami-holy-dip-chamba-news-c-88-1-ssml1006-195838-2026-09-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chamba News: मान्यता... राधाष्टमी के स्नान के दिन बढ़ जाता है डल झील का जलस्तर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chamba News: मान्यता... राधाष्टमी के स्नान के दिन बढ़ जाता है डल झील का जलस्तर
Mon, 07 Sep 2026 10:50 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Mon, 07 Sep 2026 10:50 PM IST
विज्ञापन
18 सितंबर को दोपहर 1:02 बजे शुरू होगा शाही स्नान का शुभ मुहूर्त
संवाद न्यूज एजेंसी
भरमौर (चंबा)। इस बार राधाष्टमी का बड़ा स्नान 18 सितंबर को दोपहर 1:02 बजे शुरू होगा, जो 19 सितंबर को दोपहर 3:27 बजे तक चलेगा। इस शुभ मुहूर्त में शिव भक्त डल झील के पवित्र जल में स्नान कर पुण्य अर्जित करते हैं।
मान्यता है कि जैसे ही डल झील में शाही स्नान का शुभ मुहूर्त शुरू होता है, झील का जलस्तर अपने आप बढ़ने लगता है। वहीं, जैसे-जैसे स्नान का शुभ मुहूर्त समाप्ति की ओर बढ़ता है, डल झील का जलस्तर भी कम होने लगता है। इस अद्भुत घटना को देखने के लिए हर वर्ष हजारों श्रद्धालु डल झील पर मौजूद रहते हैं। शुभ मुहूर्त शुरू होने से पहले डल झील का जलस्तर सामान्य रहता है। लेकिन, मुहूर्त शुरू होते ही पानी में अचानक उछाल आने लगता है। स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं के लिए यह आस्था और कौतूहल का विषय रहता है। संवाद
--
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
भरमौर (चंबा)। इस बार राधाष्टमी का बड़ा स्नान 18 सितंबर को दोपहर 1:02 बजे शुरू होगा, जो 19 सितंबर को दोपहर 3:27 बजे तक चलेगा। इस शुभ मुहूर्त में शिव भक्त डल झील के पवित्र जल में स्नान कर पुण्य अर्जित करते हैं।
मान्यता है कि जैसे ही डल झील में शाही स्नान का शुभ मुहूर्त शुरू होता है, झील का जलस्तर अपने आप बढ़ने लगता है। वहीं, जैसे-जैसे स्नान का शुभ मुहूर्त समाप्ति की ओर बढ़ता है, डल झील का जलस्तर भी कम होने लगता है। इस अद्भुत घटना को देखने के लिए हर वर्ष हजारों श्रद्धालु डल झील पर मौजूद रहते हैं। शुभ मुहूर्त शुरू होने से पहले डल झील का जलस्तर सामान्य रहता है। लेकिन, मुहूर्त शुरू होते ही पानी में अचानक उछाल आने लगता है। स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं के लिए यह आस्था और कौतूहल का विषय रहता है। संवाद
विज्ञापन