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Chamba News: भद्रवाह से आया श्रद्धालुओं का जत्था भजनों पर चौगान में झूमा
Mon, 31 Aug 2026 10:32 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Mon, 31 Aug 2026 10:32 PM IST
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चंबा से मणिमहेश रवाना होता भद्रवाह से आया श्रद्धालूओं का जत्था।संवाद
तीन सितंबर को मणिमहेश में पवित्र स्नान की तैयारी
पारंपरिक वाद्य यंत्रों की धुन पर गूंजा चौगान
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। जम्मू के भद्रवाह क्षेत्र से पवित्र मणिमहेश यात्रा पर निकला श्रद्धालुओं का जत्था सोमवार को चंबा पहुंचा। मणिमहेश रवाना होने से पहले श्रद्धालुओं ने ऐतिहासिक चंबा चौगान में भजन-कीर्तन किया।
इस दौरान पारंपरिक वाद्य यंत्रों की धुन पर श्रद्धालु जमकर झूमे और भगवान भोलेनाथ के जयकारे लगाए। इससे चौगान का माहौल भक्तिमय हो गया। ढोल, नगाड़ों और अन्य पारंपरिक वाद्य यंत्रों की थाप पर श्रद्धालुओं ने मणिमहेश के भजन गाए।
श्रद्धालुओं में राम कुमार, प्रेम लाल, सत्या देवी, निर्मला देवी और अन्य ने बताया कि वे तीन दिनों की यात्रा तय कर चंबा पहुंचे हैं। अब यहां से वे भरमौर होते हुए हड़सर और फिर पैदल यात्रा कर मणिमहेश डल झील पहुंचेंगे। जत्थे में शामिल श्रद्धालुओं में मणिमहेश यात्रा को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला। श्रद्धालुओं ने बताया कि उनका उद्देश्य भगवान शिव के दर्शन करने और पवित्र डल झील में स्नान करना है। जत्थे के सदस्य तीन सितंबर जन्माष्टमी को होने वाले पवित्र स्नान में शामिल होने के लिए मणिमहेश पहुंचेंगे। चंबा चौगान से रवाना होने से पहले श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से भगवान भोलेनाथ की आराधना की और सुखद यात्रा की कामना की। इसके बाद जत्था जयकारों और भजनों के साथ मणिमहेश की ओर रवाना हो गया।
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पारंपरिक वाद्य यंत्रों की धुन पर गूंजा चौगान
संवाद न्यूज एजेंसी
चंबा। जम्मू के भद्रवाह क्षेत्र से पवित्र मणिमहेश यात्रा पर निकला श्रद्धालुओं का जत्था सोमवार को चंबा पहुंचा। मणिमहेश रवाना होने से पहले श्रद्धालुओं ने ऐतिहासिक चंबा चौगान में भजन-कीर्तन किया।
इस दौरान पारंपरिक वाद्य यंत्रों की धुन पर श्रद्धालु जमकर झूमे और भगवान भोलेनाथ के जयकारे लगाए। इससे चौगान का माहौल भक्तिमय हो गया। ढोल, नगाड़ों और अन्य पारंपरिक वाद्य यंत्रों की थाप पर श्रद्धालुओं ने मणिमहेश के भजन गाए।
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श्रद्धालुओं में राम कुमार, प्रेम लाल, सत्या देवी, निर्मला देवी और अन्य ने बताया कि वे तीन दिनों की यात्रा तय कर चंबा पहुंचे हैं। अब यहां से वे भरमौर होते हुए हड़सर और फिर पैदल यात्रा कर मणिमहेश डल झील पहुंचेंगे। जत्थे में शामिल श्रद्धालुओं में मणिमहेश यात्रा को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला। श्रद्धालुओं ने बताया कि उनका उद्देश्य भगवान शिव के दर्शन करने और पवित्र डल झील में स्नान करना है। जत्थे के सदस्य तीन सितंबर जन्माष्टमी को होने वाले पवित्र स्नान में शामिल होने के लिए मणिमहेश पहुंचेंगे। चंबा चौगान से रवाना होने से पहले श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से भगवान भोलेनाथ की आराधना की और सुखद यात्रा की कामना की। इसके बाद जत्था जयकारों और भजनों के साथ मणिमहेश की ओर रवाना हो गया।
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चंबा से मणिमहेश रवाना होता भद्रवाह से आया श्रद्धालूओं का जत्था।संवाद