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मूसलाधार बारिश के बाद अब रावी नदी ने दिखाया रौद्र रूप
Updated Sun, 23 Sep 2018 10:53 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
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चंबा। जिले में 24 घंटों से होने वाली मूसलाधार बारिश के बाद रावी नदी ने रौद्र रूप दिखाना आरंभ कर दिया है। रावी नदी के उफान पर आने के बाद ऐतिहासिक विक्टोरिया पुल (शीतला ब्रिज) और बालू पुलों के छोर पर दरारें आ गई है। पुलों को खतरे को देखते हुए इन पुलों को वाहनों और पुलों की आवाजाही के लिए बंद कर दिया गया है।
रावी के रौद्र रूप को देखते हुए जिला प्रशासन ने रावी नदी के छोर पर बने मकानों को भी खाली करवा दिया गया है। लोगों के लिए विश्रामगृहों को खोल दिया गया है। इसके अलावा रावी नदी के तट पर बने जवाहर नवोदय विद्यालय में शिक्षारत विद्यार्थियों को भी बहु तकनीकी कॉलेज और नर्सिंग हॉस्टल में शिफ्ट करने के बारे में जिला प्रशासन ने निर्देश जारी किए हैं। बच्चों को सुरक्षित पहुंचाने के लिए एचआरटीसी प्रबंधन की पांच के करीब गाड़ियां लगाई गई हैं। जिलाधीश चंबा हरिकेश मीणा ने बताया कि जिले में मूसलाधार बारिश के बाद लोगों की सुरक्षा को देखते हुए रावी नदी के किनारों पर रहने लोगों के मकान खाली करने के निर्देश जारी किए गए हैं। लोगों को विश्राम गृहों में शिफ्ट करने के बारे में एसडीएम को निर्देश दिए हैं। लोगों की सुरक्षा को मद्देनजर रखते हुए यह निर्णय लिया गया है।
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आज सभी स्कूल रहेंगे बंद
जिले में हो रही भारी बारिश के चलते रावी नदी का जलस्तर के बढ़ने के बाद पैदा हुई स्थिति से निपटने के लिए उपायुक्त हरिकेश मीणा में रविवार को इमरजेंसी ऑपरेशन सेंटर में विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक की। इस बैठक में राष्ट्रीय जल विद्युत निगम के अधिकारी भी मौजूद रहे। उपायुक्त ने कहा कि जिले के सभी खंड विकास अधिकारियों को संबंधित पंचायतों के प्रधानों और सचिवों के साथ निरंतर संपर्क में रखना होगा। संबंधित पंचायतों में किसी भी तरह की आपदा की स्थिति से निपटने के लिए संबंधित पंचायत के पंचायत प्रतिनिधि और सचिव की जिम्मेदारी रहेगी। खंड विकास अधिकारी के निरंतर संपर्क में रहेंगे। उन्होंने सभी एसडीएम को भी निगरानी रखने के निर्देश दिए गए। लोक निर्माण विभाग और जल विद्युत परियोजनाओं के प्रबंधकों को अपनी सभी तरह की मशीनरी अलर्ट पर रखने के लिए भी कहा गया।
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उन्होंने बिजली और पेयजल की आपूर्ति को लेकर भी संबंधित अधिकारियों को हिदायत दी है। हरिकेश मीणा ने यह कहा कि मौसम के रुख को देखते हुए चंबा जिला के सभी शिक्षण संस्थानों को 24 सितंबर को बंद रखने के निर्देश जारी किए हैं। इसमें सभी तरह के शिक्षण और प्रशिक्षण संस्थान शामिल रहेंगे। उपायुक्त ने बाद में लोगों से भी अपील करते हुए कहा कि वे भारी बारिश को देखते हुए घरों से बाहर न निकलें और विशेष तौर से नदी नालों के आसपास रहने वाले एहतियात रखें। बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त हेमराज बैरवा, पुलिस अधीक्षक डॉ. मोनिका, अधीक्षण अभियंता आईपीएच आरके वर्मा, अधिशासी अभियंता लोनिवि जीत सिंह और दिवाकर पठानिया के अलावा अन्य विभागीय अधिकारी और जल विद्युत निगम के अधिकारी मौजूद रहे।
जान जोखिम में डाल नदी में पकड़ते रहे लकड़ी
अमर उजाला ब्यूरो
चंबा। चंबा से रजेरा तक जगह-जगह लोग रावी नदी के तेज बहाव में बह कर आई लकड़ी को पकड़ रहे हैं। नदी के उफान पर आने की वजह यह कभी भी जानलेवा हो सकता है। इसके बावजूद लोग नदी में बालन और इमारती लकड़ी को पकड़ने के लिए जा रहे हैं। कुछ दिन पहले भी रावी नदी में बहकर आई लकड़ी को पकड़ते हुए मैहला में एक महिला बह गई थी। जिसका अभी तक कोई सुराग नहीं मिला है।