{"_id":"698499bfd2a6c9b91d0285b6","slug":"stray-dogs-create-havoc-in-panjgain-area-many-injured-so-far-bilaspur-news-c-92-1-ssml1001-153467-2026-02-05","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bilaspur News: पंजगाईं क्षेत्र में आवारा कुत्तों का खौफ, अब तक कई लोग घायल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bilaspur News: पंजगाईं क्षेत्र में आवारा कुत्तों का खौफ, अब तक कई लोग घायल
Thu, 05 Feb 2026 11:52 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
Updated Thu, 05 Feb 2026 11:52 PM IST
विज्ञापन
बच्चों को अकेले घर से बाहर भेजना नहीं खतरे से खाली
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। जिले के तहत आने वाली ग्राम पंचायत पंजगाईं में इन दिनों आवारा कुत्तों का आतंक चरम पर है। विशेष रूप से पंजगाईं , कुनणु और गुग्गा घाट क्षेत्रों में आवारा कुत्तों के झुंड ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। स्थिति यह है कि अब लोग अकेले सड़क पर चलने से भी कतराने लगे हैं।
क्षेत्र में कुत्तों ने अब तक लगभग चार से पांच लोगों को काटकर लहूलुहान कर दिया है। स्थानीय निवासी सीताराम शास्त्री, रोहित, अंकुश, रौनी, सुशील शर्मा सहित अन्यों ने बताया कि हाल ही में पंजगाईं में एक मासूम बच्चा कुत्तों के हमले का शिकार होते-होते बचा। जब कुत्तों ने बच्चे को घेरा तो स्थानीय लोगों ने शोर मचाकर उसे बमुश्किल बचाया। यदि समय रहते लोग वहां न पहुंचते, तो कोई बड़ी अनहोनी हो सकती थी। इस गंभीर मुद्दे को लेकर स्थानीय निवासियों में भारी रोष है। ग्रामीणों ने मांग की है कि जिला प्रशासन तुरंत इस मामले में हस्तक्षेप करें। आवारा कुत्तों को पकड़ने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए। सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन के अनुसार, स्थानीय प्रशासन अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए इन कुत्तों का उचित प्रबंधन करे। पंजगाईं के लोगों का कहना है कि प्रशासन केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित न रहे, बल्कि धरातल पर काम करे। पंजगाईं, कुनणु और गुग्गा घाट के निवासियों का कहना है कि आवारा कुत्तों का झुंड सड़कों पर कब्जा कर लेते हैं। स्कूली बच्चों के माता-पिता बेहद डरे हुए हैं और उन्हें बच्चों को अकेले स्कूल भेजने में डर लग रहा है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि विभाग ने जल्द ही कोई ठोस कदम नहीं उठाया, तो वे सामूहिक रूप से विरोध प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। जिले के तहत आने वाली ग्राम पंचायत पंजगाईं में इन दिनों आवारा कुत्तों का आतंक चरम पर है। विशेष रूप से पंजगाईं , कुनणु और गुग्गा घाट क्षेत्रों में आवारा कुत्तों के झुंड ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। स्थिति यह है कि अब लोग अकेले सड़क पर चलने से भी कतराने लगे हैं।
क्षेत्र में कुत्तों ने अब तक लगभग चार से पांच लोगों को काटकर लहूलुहान कर दिया है। स्थानीय निवासी सीताराम शास्त्री, रोहित, अंकुश, रौनी, सुशील शर्मा सहित अन्यों ने बताया कि हाल ही में पंजगाईं में एक मासूम बच्चा कुत्तों के हमले का शिकार होते-होते बचा। जब कुत्तों ने बच्चे को घेरा तो स्थानीय लोगों ने शोर मचाकर उसे बमुश्किल बचाया। यदि समय रहते लोग वहां न पहुंचते, तो कोई बड़ी अनहोनी हो सकती थी। इस गंभीर मुद्दे को लेकर स्थानीय निवासियों में भारी रोष है। ग्रामीणों ने मांग की है कि जिला प्रशासन तुरंत इस मामले में हस्तक्षेप करें। आवारा कुत्तों को पकड़ने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए। सुप्रीम कोर्ट की गाइडलाइन के अनुसार, स्थानीय प्रशासन अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए इन कुत्तों का उचित प्रबंधन करे। पंजगाईं के लोगों का कहना है कि प्रशासन केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित न रहे, बल्कि धरातल पर काम करे। पंजगाईं, कुनणु और गुग्गा घाट के निवासियों का कहना है कि आवारा कुत्तों का झुंड सड़कों पर कब्जा कर लेते हैं। स्कूली बच्चों के माता-पिता बेहद डरे हुए हैं और उन्हें बच्चों को अकेले स्कूल भेजने में डर लग रहा है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि विभाग ने जल्द ही कोई ठोस कदम नहीं उठाया, तो वे सामूहिक रूप से विरोध प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
विज्ञापन