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Bilaspur News: शिव मंदिर बछरेटू में श्री राम लीला का हुआ शुभारंभ
Sun, 26 Oct 2025 11:31 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
Updated Sun, 26 Oct 2025 11:31 PM IST
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पहले दिन दशरथ दरबार में श्रवण के प्रवेश का किया मंचन
संवाद न्यूज एजेंसी
शाहतलाई (बिलासपुर)। शिव मंदिर बछरेटू में शिवा राम नाटक क्लब द्वारा मंचित श्रीराम लीला का शुभारंभ हर्षोल्लास के साथ किया गया। शुभारंभ वन विभाग से सेवानिवृत्त सुभाष चंद और उनकी धर्मपत्नी त्रिपता देवी ने किया।
प्रथम संध्या के मंचन में दशरथ दरबार में श्रवण कुमार का प्रवेश, श्रवण द्वारा अपने माता-पिता को कंधों पर बैठाकर तीर्थ यात्रा पर निकलना, उनकी सेवा भावना और माता-पिता के प्रति अद्भुत भक्ति के दृश्य प्रस्तुत किए गए। उसके बाद श्रवण के संवाद माता-पिता की सेवा ही मेरा सबसे बड़ा धर्म है ने पूरे वातावरण को भावुक कर दिया। तीर्थ यात्रा के दौरान दशरथ से गलती से श्रवण पर बाण चलाकर उसका मारा जाना और मृत्यु शैय्या पर पड़े श्रवण का अपने माता-पिता की चिंता करते हुए अंतिम वचन बोलना दर्शकों की आंखों को नम कर गया। श्रवण के माता-पिता ने राजा दशरथ को श्राप दिया कि जिस प्रकार तूने हमारे बेटे के बिना हमें तड़पाया है उसी प्रकार तू भी अपने पुत्र वियोग में तड़पेगा। इस अवसर पर शिवा राम नाटक क्लब प्रधान रणजीत सिंह, गोविंद राम, देश राज, शेर सिंह, बीडीसी उपाध्यक्ष, मनोज कुमार, अंकु, अनीश सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
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संवाद न्यूज एजेंसी
शाहतलाई (बिलासपुर)। शिव मंदिर बछरेटू में शिवा राम नाटक क्लब द्वारा मंचित श्रीराम लीला का शुभारंभ हर्षोल्लास के साथ किया गया। शुभारंभ वन विभाग से सेवानिवृत्त सुभाष चंद और उनकी धर्मपत्नी त्रिपता देवी ने किया।
प्रथम संध्या के मंचन में दशरथ दरबार में श्रवण कुमार का प्रवेश, श्रवण द्वारा अपने माता-पिता को कंधों पर बैठाकर तीर्थ यात्रा पर निकलना, उनकी सेवा भावना और माता-पिता के प्रति अद्भुत भक्ति के दृश्य प्रस्तुत किए गए। उसके बाद श्रवण के संवाद माता-पिता की सेवा ही मेरा सबसे बड़ा धर्म है ने पूरे वातावरण को भावुक कर दिया। तीर्थ यात्रा के दौरान दशरथ से गलती से श्रवण पर बाण चलाकर उसका मारा जाना और मृत्यु शैय्या पर पड़े श्रवण का अपने माता-पिता की चिंता करते हुए अंतिम वचन बोलना दर्शकों की आंखों को नम कर गया। श्रवण के माता-पिता ने राजा दशरथ को श्राप दिया कि जिस प्रकार तूने हमारे बेटे के बिना हमें तड़पाया है उसी प्रकार तू भी अपने पुत्र वियोग में तड़पेगा। इस अवसर पर शिवा राम नाटक क्लब प्रधान रणजीत सिंह, गोविंद राम, देश राज, शेर सिंह, बीडीसी उपाध्यक्ष, मनोज कुमार, अंकु, अनीश सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
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