{"_id":"6559f0262609fb82290cbd6d","slug":"promotion-list-of-head-teachers-should-be-brought-out-twice-a-year-bilaspur-news-c-92-1-ssml1001-8837-2023-11-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bilaspur News: साल में दो बार निकाली जाए मुख्याध्यापकों की पदोन्नति सूची","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bilaspur News: साल में दो बार निकाली जाए मुख्याध्यापकों की पदोन्नति सूची
विज्ञापन
- प्रदेश पदोन्नत स्कूल प्राध्यापक संघ ने उठाई मांग
संवाद न्यूज एजेंसी
भराड़ी(बिलासपुर)। प्रदेश में करीब 350 मुख्य अध्यापकों के पद रिक्त चल रहे हैं। शिक्षा विभाग ने जुलाई में मुख्य अध्यापकों की एक पदोन्नति सूची निकाली, लेकिन उसके बाद फिर से 350 पद फिर से रिक्त हो गए हैं। यह बात हिमाचल प्रदेश पदोन्नत स्कूल प्राध्यापक संघ के प्रधान यशपाल रणौत, महासचिव राजीव चंदेल, वरिष्ठ उपप्रधान उत्तम राणा, वित्त सचिव रविदास शर्मा ने संयुक्त बयान में कही।
उन्होंने कहा कि मुखियों के बिना स्कूल प्रशासन से संबंधित कार्य प्रभावित हो रहे हैं। संघ की हमेशा से यह मांग भी रही है कि किसी भी कैडर में जैसे ही पद रिक्त होता है उसे तुरंत भरा जाना चाहिए या पदोन्नति सूचियां साल में दो बार निकलनी चाहिए। उन्होंने मांग उठाई कि मुख्य अध्यापकों की पदोन्नति सूची दिसंबर से पहले पहले निकाल दी जाए, क्योंकि हर माह कई अध्यापक 20-25 वर्ष सेवा कर बिना पदोन्नति के ही सेवानिवृत्त हो रहे हैं। संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि प्राध्यापकों और मुख्य अध्यापकों से प्रधानाचार्य के पदों पर पदोन्नति के लिए कोटे में कोई भी छेड़छाड़ न की जाए।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
भराड़ी(बिलासपुर)। प्रदेश में करीब 350 मुख्य अध्यापकों के पद रिक्त चल रहे हैं। शिक्षा विभाग ने जुलाई में मुख्य अध्यापकों की एक पदोन्नति सूची निकाली, लेकिन उसके बाद फिर से 350 पद फिर से रिक्त हो गए हैं। यह बात हिमाचल प्रदेश पदोन्नत स्कूल प्राध्यापक संघ के प्रधान यशपाल रणौत, महासचिव राजीव चंदेल, वरिष्ठ उपप्रधान उत्तम राणा, वित्त सचिव रविदास शर्मा ने संयुक्त बयान में कही।
उन्होंने कहा कि मुखियों के बिना स्कूल प्रशासन से संबंधित कार्य प्रभावित हो रहे हैं। संघ की हमेशा से यह मांग भी रही है कि किसी भी कैडर में जैसे ही पद रिक्त होता है उसे तुरंत भरा जाना चाहिए या पदोन्नति सूचियां साल में दो बार निकलनी चाहिए। उन्होंने मांग उठाई कि मुख्य अध्यापकों की पदोन्नति सूची दिसंबर से पहले पहले निकाल दी जाए, क्योंकि हर माह कई अध्यापक 20-25 वर्ष सेवा कर बिना पदोन्नति के ही सेवानिवृत्त हो रहे हैं। संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि प्राध्यापकों और मुख्य अध्यापकों से प्रधानाचार्य के पदों पर पदोन्नति के लिए कोटे में कोई भी छेड़छाड़ न की जाए।
विज्ञापन