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Bilaspur News: जिले में बारिश से तीन करोड़ की चपत
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छह सड़कें रहीं बंद, 11 पेयजल योजनाएं प्रभावित
लोक निर्माण विभाग को 2.70 करोड़ का नुकसान, सात मकानों को पहुंचा नुकसान
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। जिले में मंगलवार रात को हुई भारी बारिश ने एक बार फिर सरकारी और निजी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया है। बारिश से जिले में करीब तीन करोड़ रुपये की क्षति का प्रारंभिक आकलन किया गया है। बारिश का सबसे ज्यादा असर लोक निर्माण विभाग की संपत्तियों पर पड़ा है। सड़कों को हुए नुकसान के चलते जिले में छह मार्ग अस्थायी तौर पर बंद हो गए। हालांकि, प्रशासन और विभागीय अमले की तत्परता से सभी मार्गों को यातायात के लिए बहाल कर दिया। उधर, जल शक्ति विभाग की 11 पेयजल योजनाएं प्रभावित होने से पेयजल व्यवस्था पर भी असर पड़ा है। बारिश से हुए नुकसान के प्रारंभिक आंकड़ों के मुताबिक लोक निर्माण विभाग को करीब 2.70 करोड़ रुपये की क्षति हुई है। इसके बाद जल शक्ति विभाग की योजनाओं को करीब 31 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। विद्युत बोर्ड की परिसंपत्तियां भी बारिश की मार से नहीं बच सकीं और करीब 1.50 लाख रुपये की क्षति दर्ज की गई है। बारिश के कारण गंगलोह-मलरौन, ढोलग चकनाड़-गाह, स्वारघाट मंझेड-मतनोह, थेह-बुहाड़, चैंटा-धनी और मरोतन-धनी सड़क मार्ग कुछ समय के लिए बंद हो गए। कहीं मलबा आने तो कहीं बारिश के कारण सड़क प्रभावित होने से यातायात बाधित हुआ। सूचना मिलते ही संबंधित विभागों ने मशीनरी और कर्मचारियों को मौके पर भेजा और सभी मार्गों को दोबारा खोल दिया गया। भारी बारिश ने लोगों के आशियानों को भी नुकसान पहुंचाया है। जिले में सात रिहायशी भवन प्रभावित हुए हैं। इनमें एक कच्चा मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हुआ है। एक पक्के और दो कच्चे मकानों को आंशिक नुकसान पहुंचा है। इसके अलावा तीन गोशालाएं भी प्रभावित हुई हैं। प्रशासन ने प्रभावित परिवारों को नियमानुसार फौरी राहत देने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जिले में पिछले सप्ताह से बारिश का दौर लगातार जारी है। अचानक होने वाली तेज बारिश के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और सड़क पर पत्थर गिरने का खतरा बना हुआ है। ऐसे में प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है। खासकर बारिश के दौरान जोखिम वाले मार्गों पर सफर करने से परहेज करने को कहा गया है।
उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार ने लोगों को नदी-नालों, झीलों और अन्य जलस्रोतों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी है। किसी मकान के क्षतिग्रस्त होने, सड़क बंद होने या अन्य आपात स्थिति में तत्काल जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण को सूचना देने को कहा गया है। प्रशासन के अनुसार सूचना मिलते ही राहत और बचाव दल को मौके पर भेजा जाएगा।
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लोक निर्माण विभाग को 2.70 करोड़ का नुकसान, सात मकानों को पहुंचा नुकसान
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। जिले में मंगलवार रात को हुई भारी बारिश ने एक बार फिर सरकारी और निजी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया है। बारिश से जिले में करीब तीन करोड़ रुपये की क्षति का प्रारंभिक आकलन किया गया है। बारिश का सबसे ज्यादा असर लोक निर्माण विभाग की संपत्तियों पर पड़ा है। सड़कों को हुए नुकसान के चलते जिले में छह मार्ग अस्थायी तौर पर बंद हो गए। हालांकि, प्रशासन और विभागीय अमले की तत्परता से सभी मार्गों को यातायात के लिए बहाल कर दिया। उधर, जल शक्ति विभाग की 11 पेयजल योजनाएं प्रभावित होने से पेयजल व्यवस्था पर भी असर पड़ा है। बारिश से हुए नुकसान के प्रारंभिक आंकड़ों के मुताबिक लोक निर्माण विभाग को करीब 2.70 करोड़ रुपये की क्षति हुई है। इसके बाद जल शक्ति विभाग की योजनाओं को करीब 31 लाख रुपये का नुकसान हुआ है। विद्युत बोर्ड की परिसंपत्तियां भी बारिश की मार से नहीं बच सकीं और करीब 1.50 लाख रुपये की क्षति दर्ज की गई है। बारिश के कारण गंगलोह-मलरौन, ढोलग चकनाड़-गाह, स्वारघाट मंझेड-मतनोह, थेह-बुहाड़, चैंटा-धनी और मरोतन-धनी सड़क मार्ग कुछ समय के लिए बंद हो गए। कहीं मलबा आने तो कहीं बारिश के कारण सड़क प्रभावित होने से यातायात बाधित हुआ। सूचना मिलते ही संबंधित विभागों ने मशीनरी और कर्मचारियों को मौके पर भेजा और सभी मार्गों को दोबारा खोल दिया गया। भारी बारिश ने लोगों के आशियानों को भी नुकसान पहुंचाया है। जिले में सात रिहायशी भवन प्रभावित हुए हैं। इनमें एक कच्चा मकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हुआ है। एक पक्के और दो कच्चे मकानों को आंशिक नुकसान पहुंचा है। इसके अलावा तीन गोशालाएं भी प्रभावित हुई हैं। प्रशासन ने प्रभावित परिवारों को नियमानुसार फौरी राहत देने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। जिले में पिछले सप्ताह से बारिश का दौर लगातार जारी है। अचानक होने वाली तेज बारिश के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और सड़क पर पत्थर गिरने का खतरा बना हुआ है। ऐसे में प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने की अपील की है। खासकर बारिश के दौरान जोखिम वाले मार्गों पर सफर करने से परहेज करने को कहा गया है।
उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार ने लोगों को नदी-नालों, झीलों और अन्य जलस्रोतों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी है। किसी मकान के क्षतिग्रस्त होने, सड़क बंद होने या अन्य आपात स्थिति में तत्काल जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण को सूचना देने को कहा गया है। प्रशासन के अनुसार सूचना मिलते ही राहत और बचाव दल को मौके पर भेजा जाएगा।
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