{"_id":"60ef236b8ebc3e24fe5b58e7","slug":"extra-bill-to-bpl-family-bilaspur-news-sml376913363","type":"story","status":"publish","title_hn":"बीपीएल परिवार को थमा दिया 5344 रूपये का बिजली बिल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बीपीएल परिवार को थमा दिया 5344 रूपये का बिजली बिल
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
घुमारवीं (बिलासपुर)। घुमारवीं उपमंडल की ग्राम पंचायत कोठी के गांव टोबका में बीपीएल परिवार को बिजली बोर्ड ने मनमानी मीटर रीडिंग कर भारी भरकम बिल थमा दिया। बोर्ड के कर्मचारी ने जो मीटर रीडिंग ली है वह मीटर से मेल नहीं खा रही है।
टोबका गांव के रोहिली राम पुत्र मठू राम को आठ जुलाई को बिजली बिल आया तो बिल देखकर उसके पसीने छूट गए। इससे पहले कभी भी इतना भारी भरकम बिल नहीं आया था। जब पिछली बार बिल 13 मई को आया था तो केवल 150 रुपये था। इस बार जब आठ जुलाई को बिल 5344 रुपये आया। विभाग के कर्मचारी ने जो मीटर रीडिंग भरी हुई है, वह 7168 है। जबकि मीटर पर 5387 है। कर्मचारी ने 1781 यूनिट का बिल एडवांस में ही दे दिया। परिवार ने बोर्ड से आग्रह किया है कि इस बिल को मीटर रीडिंग देखकर ठीक किया जाए और कर्मचारी के विरुद्ध कार्रवाई हो जो अपनी मनमर्जी से बिल दे रहा है।
अधिशाषी अभियंता राजेश खरयाल ने कहा कि हो सकता है कि गलती से रीडिंग ज्यादा लिखी गई हो, जिनको यह बिल आया है वह बिजली बोर्ड के कार्यालय में आकर चेक करवा लें। अगर गलती से हुआ होगा तो इसे तुरंत प्रभाव से ठीक कर दिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
टोबका गांव के रोहिली राम पुत्र मठू राम को आठ जुलाई को बिजली बिल आया तो बिल देखकर उसके पसीने छूट गए। इससे पहले कभी भी इतना भारी भरकम बिल नहीं आया था। जब पिछली बार बिल 13 मई को आया था तो केवल 150 रुपये था। इस बार जब आठ जुलाई को बिल 5344 रुपये आया। विभाग के कर्मचारी ने जो मीटर रीडिंग भरी हुई है, वह 7168 है। जबकि मीटर पर 5387 है। कर्मचारी ने 1781 यूनिट का बिल एडवांस में ही दे दिया। परिवार ने बोर्ड से आग्रह किया है कि इस बिल को मीटर रीडिंग देखकर ठीक किया जाए और कर्मचारी के विरुद्ध कार्रवाई हो जो अपनी मनमर्जी से बिल दे रहा है।
विज्ञापन
अधिशाषी अभियंता राजेश खरयाल ने कहा कि हो सकता है कि गलती से रीडिंग ज्यादा लिखी गई हो, जिनको यह बिल आया है वह बिजली बोर्ड के कार्यालय में आकर चेक करवा लें। अगर गलती से हुआ होगा तो इसे तुरंत प्रभाव से ठीक कर दिया जाएगा।
विज्ञापन