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सरकारी जमीन में सड़क निर्माण, पेड़ों पर चल रही कुल्हाड़ी
Updated Thu, 20 Jul 2017 11:54 PM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
बिलासपुर।
सदर क्षेत्र के तहत आने वाले लुहणूू कनैता में सरकारी जमीन पर जबरन सड़क का निर्माण किया जा रहा है। यही नहीं चहेतों को लाभ पहुंचाने के लिए लोगों की निजी भूमि पर भी जबरन सड़क निकालने का प्रयास हो रहा है। हैरानी इस बात की है कि सरकारी भूमि का पैमाइश करने के लिए लोनिवि के सरकारी अधिकारी मौके पर पहुंचे। जबकि नियमानुसार सरकारी जमीन की पैमाइश लोक निर्माण विभाग का अधिकारी नहीं कर सकता है। इससे विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं। लुहणू कनैता के निवासी विक्रमजीत की निजी जमीन के साथ लगने वाली सरकारी जमीन पर कुछ लोग अवैध सड़क का निर्माण कर रहे हैं। इस निर्माण से न केवल सरकारी संपत्ति को नुकसान हो रहा है, बल्कि हरे-भरे पेड़ों पर भी कुल्हाड़ी चलाई जा रही है। बावजूद इसके सरकारी अमला इस मामले को लेकर आंखें मूंदे हुए हैं। विक्रमजीत का कहना है कि इससे पहले भी वन संपदा को नुकसान पहुुंचाकर सड़क निर्माण किया गया है। मगर इसके बाद भी संबंधित विभाग के अधिकारी मामले को लेकर गंभीर नहीं है। उन्होंने बताया कि डीएफओ बिलासपुर को उन्होंने एक शिकायत पत्र देकर कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने बताया कि पहले भी सरकारी जमीन पर बैहना ब्राह्मणा से लुहणू की ओर सड़क का निर्माण सरकारी जमीन में किया गया है। इसमें भी कई पेड़ों को अवैध रूप से काटा गया है। मगर इसके बाद भी विभाग ने इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं हुई है। डीएफओ बिलासपुर सरोज भाई पटेल ने बताया कि शिकायत मिली है। इस पर कार्रवाई करते हुए आरओ से पूरे मामले की रिपोर्ट मांगी गई है। अगर वन भूमि में सड़क का निर्माण हो रहा है तो उस पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
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बिलासपुर।
सदर क्षेत्र के तहत आने वाले लुहणूू कनैता में सरकारी जमीन पर जबरन सड़क का निर्माण किया जा रहा है। यही नहीं चहेतों को लाभ पहुंचाने के लिए लोगों की निजी भूमि पर भी जबरन सड़क निकालने का प्रयास हो रहा है। हैरानी इस बात की है कि सरकारी भूमि का पैमाइश करने के लिए लोनिवि के सरकारी अधिकारी मौके पर पहुंचे। जबकि नियमानुसार सरकारी जमीन की पैमाइश लोक निर्माण विभाग का अधिकारी नहीं कर सकता है। इससे विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं। लुहणू कनैता के निवासी विक्रमजीत की निजी जमीन के साथ लगने वाली सरकारी जमीन पर कुछ लोग अवैध सड़क का निर्माण कर रहे हैं। इस निर्माण से न केवल सरकारी संपत्ति को नुकसान हो रहा है, बल्कि हरे-भरे पेड़ों पर भी कुल्हाड़ी चलाई जा रही है। बावजूद इसके सरकारी अमला इस मामले को लेकर आंखें मूंदे हुए हैं। विक्रमजीत का कहना है कि इससे पहले भी वन संपदा को नुकसान पहुुंचाकर सड़क निर्माण किया गया है। मगर इसके बाद भी संबंधित विभाग के अधिकारी मामले को लेकर गंभीर नहीं है। उन्होंने बताया कि डीएफओ बिलासपुर को उन्होंने एक शिकायत पत्र देकर कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने बताया कि पहले भी सरकारी जमीन पर बैहना ब्राह्मणा से लुहणू की ओर सड़क का निर्माण सरकारी जमीन में किया गया है। इसमें भी कई पेड़ों को अवैध रूप से काटा गया है। मगर इसके बाद भी विभाग ने इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं हुई है। डीएफओ बिलासपुर सरोज भाई पटेल ने बताया कि शिकायत मिली है। इस पर कार्रवाई करते हुए आरओ से पूरे मामले की रिपोर्ट मांगी गई है। अगर वन भूमि में सड़क का निर्माण हो रहा है तो उस पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।