फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Bilaspur News ›   ADB team inspected Karot cluster, model praised at national level

Bilaspur News: करोट क्लस्टर का एडीबी टीम ने किया निरीक्षण, मॉडल की राष्ट्रीय स्तर पर की सराहना

Sat, 15 Nov 2025 10:41 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बिलासपुर Updated Sat, 15 Nov 2025 10:41 PM IST
विज्ञापन
ADB team inspected Karot cluster, model praised at national level
बिलासपुर के करोट क्लस्टर में निरीक्षण के लिए पहुंची एडीबी की टीम व विभागीय अधिकारी। संवाद
कहा-उद्यान विभाग, किसान, स्थानीय प्रशासन की मिश्रित कार्यशैली का है उदाहरण
विज्ञापन

क्लस्टर हिमाचल ही नहीं, देशभर के लिए बन सकता है एक आदर्श मॉडल

संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। एशियन डेवलपमेंट बैंक की उच्चस्तरीय टीम ने जिले के करोट क्लस्टर (सदर ब्लॉक) का विस्तृत फील्ड निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान टीम ने क्लस्टर की प्रगति और जमीनी स्तर पर किए गए कार्यों को देखकर संतोष जतया। सुना किम, जो पहले एचपी शिवा परियोजना में एडीबी टीम लीडर रह चुकी हैं, ने करोट क्लस्टर की खुलकर प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि करोट क्लस्टर की प्रगति यह साबित कर रहा है कि जब उद्यान विभाग, किसान और स्थानीय प्रशासन एकजुट होकर कार्य करते हैं तो परिणाम उत्कृष्ट आते हैं। यह क्लस्टर हिमाचल ही नहीं, देशभर के लिए एक आदर्श मॉडल बन सकता है। टीम में सुना किम, आनंद रमेश कुमार, प्राची शर्मा, नेहा सैनी, अर्जुन, तनुश्री चंद्रा तथा हिमाचल प्रदेश से सहायक परियोजना निदेशक डॉ. रमल अंगारिया शामिल रहे।

टीम के अन्य सदस्यों ने भी इसे सतत कृषि, आधुनिक तकनीक, मूल्य संवर्धन, प्रसंस्करण और सामुदायिक सहभागिता का सफल उदाहरण बताया। उन्होंने कहा कि करोट क्लस्टर को रोल मॉडल की तरह देश के अन्य जिलों में भी लागू किया जा सकता है। प्रदेश के सहायक परियोजना निदेशक डॉ. रमल अंगारिया ने कहा कि करोट क्लस्टर से साबित हुआ है कि सही तकनीकी मार्गदर्शन, प्रशिक्षण और किसानों की सक्रिय भागीदारी से उत्पादन क्षमता और आय में उल्लेखनीय वृद्धि संभव है। उन्होंने बताया कि यह क्लस्टर धीरे-धीरे हिमाचल में बागवानी क्रांति का मजबूत स्तंभ बनता जा रहा है। निरीक्षण के दौरान जिला समन्वय अधिकारी डॉ. सुरेंद्र ठाकुर, क्लस्टर इंचार्ज रतन कुमार और फैसिलिटेटर काजल भी मौजूद रहीं। टीम ने किसानों से संवाद कर उनके अनुभवों को जाना और क्लस्टर में स्थापित पैकेजिंग यूनिट, प्रशिक्षण मॉड्यूल और विभिन्न संरचनाओं का अवलोकन किया। एडीबी टीम ने कहा कि ऐसे क्लस्टर आगे चलकर ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे, प्रदेश के अन्य जिलों में भी इस मॉडल को बढ़ावा दिया जाना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed