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बिलासपुर जिला में स्वास्थ्य सेवाएं बेहाल

Mon, 08 Jan 2018 10:59 PM IST
Updated Mon, 08 Jan 2018 10:59 PM IST
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बिलासपुर जिला में स्वास्थ्य सेवाएं बेहाल
doctor - फोटो : demo pic
अमर उजाला ब्यूरो
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बिलासपुर।
जिला में स्वास्थ्य सेवाएं राम भरोसे चल रहीं हैं। कई स्वास्थ्य संस्थान ऐसे हैं जहां लंबे समय से एक भी डॉक्टर नहीं है। जबकि कहीं सालों से मशीनें धूल फांक रहीं हैं। हालत यह है कि करीब 4 लाख आबादी वाले इस जिला के लोगों को छोटे से उपचार के लिए दर दर भटकना पड़ रहा है। जबकि जिला अस्पताल बिलासपुर भी मात्र दस से 12 डॉक्टरों के सहारे चल रहा है।
इसके अलावा घुमारवीं अस्पताल की हालत भी दयनीय है। यहां सालों से चिकित्सक न होने के कारण लाखों रुपये की अल्ट्रासाउंड मशीन सफेद हाथी बनी हुई है। जिस कारण गर्भवती महिलाओं को खासी परेशानियों से दो चार होना पड़ता है। वहीं स्वारघाट ट्रामा सेंटर के भवन का उद्घाटन मार्च महीने में किया गया था। लेकिन स्टाफ यहां आज तक नहीं नियुक्त हो पाया।
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जिला में 16 संस्थानों में एक भी डॉक्टर नहीं
सरकारी रिकार्ड पर गौर करें तो बिलासपुर जिला में 16 स्वास्थ्य संस्थान ऐसे है जहां महीनों से एक भी डॉक्टर नहीं है। ऐसे में सैकड़ों की आबादी वाले इन क्षेत्रों में लोगों को स्वास्थ्य सेवाओं के नाम पर कोई सुविधा नहीं मिल पा रही है। लोग मजबूरी में निजी संस्थानों में मोटी राशि खर्च कर उपचार करवाने को मजबूर हैं। यह संस्थान अधिकांश ग्रामीण क्षेत्रों में हैं।
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सीएचसी घमांडल(श्री नयना देवी) में 6 डॉक्टरों के पद मंजूर हैं। इसके अलावा सीएचसी झंडूता के लिए पांच, तलाई में तीन डॉक्टरों के पद स्वीकृत हैं। यहां एक भी डॉक्टर नहीं है। जबकि श्री नयना देवी सबसे संवेदनशील क्षेत्रों में है। यहां साल भर लाखों श्रद्धालु पहुंचते हैं। इसके बाद भी यहां एक भी डॉक्टर अपनी सेवाएं नहीं दे रहा है।

अल्ट्रासाउंड मशीन सालों से फांक रही धूल
घुमारवीं अस्पताल में अल्ट्रसाउंड मशीन सालों से धूल फांक रही है। सरकार ने करीब दस साल पहले घुमारवीं अस्पताल को लाखों रुपये खर्च कर अल्ट्रासाउंड मशीन दी थी। लेकिन चिकित्सक न होने के कारण मशीन से आज तक एक भी अल्ट्रासाउंड नहीं हो पाया है।


इस संबंध में उच्च अधिकारियों को सूचना दी गई है। हाल ही में सीएम के बिलासपुर दौरे के दौरान भी बैठक के दौरान इस समस्या को सीएम के समक्ष रखा गया है। उम्मीद है जिला में जल्द डॉक्टरों की कमी दूर हो जाएगी।
...डॉ बीके चौधरी सीएमओ बिलासपुर
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