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मिड-डे-मील कर्मियों ने चुनाव ड्यूटी पर मांगी 500 रुपये दिहाड़ी
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बिलासपुर। मिड-डे-मील वर्कर्स यूनियन(एटक) ने लोकतंत्र के महापर्व चुनाव पर तमाम देश व प्रदेश वासियों को बधाई देती है। एक तरफ तमाम विभाग कर्मचारियों को इस महापर्व में शामिल होने व अपना मत देने के लिए अवकाश दिया है वहीं मिड-डे-मील कर्मियों को शुक्रवार से रविवार सायं तक पोलिंग बूथ पर तीन समय ब्रेकफास्ट, लंच और डिनर बनाने के आदेश कर दिए हैं।
एटक राज्य सचिव प्रवेश चंदेल ने बताया कि मिड-डे-मील कर्मियों को पहले भी छुट्टियों का प्रावधान नहीं है अब पत्र संख्या नं. 3-बी.एल.पी.-5/2019 -ई.एल.एन.-2718-21 के माध्यम से जिला चुनाव अधिकारी द्वारा यह आदेश दिए गए हैं कि आपको खाना बनाना पड़ेगा और आपको पैसे भी पोलिंग पार्टी से उनके डाइट मनी से लेने पड़ेंगे।
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चुनाव आयोग ने अलग से इस काम के लिए न तो खाने के राशन की व्यवस्था की है और न ही सीधे तौर पर यह स्पष्ट किया है कि तीन समय खाना बनाने के एक वर्कर को कितने पैसे चुनाव आयोग देगा। उल्टे चिट्ठी के माध्यम से यह कहा गया है कि आप यह राशि चुनाव पार्टियों से मांगेंगे। बनाने के कितने पैसे मांगेंगे खाना बनाने की सामग्री के कितने पैसे देंगे, यह कुछ भी स्पष्ट नहीं है। इसी के चलते मिड-डे-मील यूनियन ने चुनाव आयोग से मांग की है कि इन सभी कर्मियों को न्यूनतम 500 रुपये दिहाड़ी के हिसाब से दी जाए, क्योंकि उन्होंने तीन दिन तक खाना बनाना है रात का खाना भी देर रात देना है। जबकि स्कूलों में यह कर्मचारी सिर्फ चार घंटे ही ड्यू्टी करती हैं लेकिन चुनावों के दौरान इनको 18-18 घंटे काम करना पड़ रहा है।
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