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सूबे में 56 प्रकार के शारीरिक टेस्टों की नहीं लगेगी फीस
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शुभम राही
बिलासपुर। कैंसर, टीबी, एचआईवी, बीपीएल, एक साल से छोटे नौनिहाल, अपंग, गर्भवती, 60 साल से अधिक आयु और पुलिस केस वाले मरीजों के लिए राहत भरी खबर है। इन मरीजों को अब प्रदेश सरकार 56 प्रकार के शारीरिक टेस्टों की नि:शुल्क सुविधा देने जा रही है। सरकार ने माइक्रो, एक्स-रे, एचआईवी, बीपीएल, यूरेन, अल्ट्रासाउंड, ईसीजी व अन्य 56 प्रकार के शारीरिक टेस्टों को नि:शुल्क करने की कवायद आरंभ की है। हालांकि अभी तक सरकार ने यह फैसला लिया है कि चिहिन्त की गई श्रेणियों के लोगों को ही यह सुविधा मिलेगी, लेकिन अगले सत्र से सभी श्रेणियों के लोगों को सरकार नि:शुल्क टेस्ट की सुविधा देने का वायदा भी कर रही है।
इस संदर्भ में सूबे के अस्पतालों में अधिसूचना भी जारी हो गई है। खबर की पुष्टि एमओएच बिलासपुर डॉ. परविंद्र सिंह ने की। जारी हुई अधिसूचना में साफ किया गया है कि इन मरीजों के टेस्ट व उपचार का खर्चा सरकार उठाएगी। इन टेस्टों पर होने वाले खर्चा सरकार स्वयं आरकेएस(रोगी कल्याण समिति) को देगी क्योंकि आरकेएस की ओर से ही सारे टेस्टों की सुविधा दी जाती है।
गौरतलब है कि प्रदेश सरकार ने यह अहम फैसला गंभीर बीमारी से जूझ रहे लोगों के लिए लिया है। गंभीर बीमारी होने के चलते लोगों का खर्चा अधिक बढ़ जाता है जिसके कारण कई बार हालत ऐसे बन जाते हैं कि लोग पैसे न होने के कारण अपने टेस्ट नहीं करवा पाते हैं। इन सभी परेशानियों को देखते हुए इस सत्र से नि:शुल्क 56 प्रकार के टेस्टों की सुविधा हिमाचल सरकार ने कर दी है।
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इनसेट...
इस सत्र से सूबे में 56 प्रकार के टेस्ट नि:शुल्क किए गए हैं। यह टेस्ट गंभीर बीमारी और गरीब परिवारों के लिए शुरू किया गया है। इस संदर्भ में अधिसूचना भी जारी हो गई है।
...डॉ. परविंद्र सिंह, एमओएच बिलासपुर।
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बिलासपुर। कैंसर, टीबी, एचआईवी, बीपीएल, एक साल से छोटे नौनिहाल, अपंग, गर्भवती, 60 साल से अधिक आयु और पुलिस केस वाले मरीजों के लिए राहत भरी खबर है। इन मरीजों को अब प्रदेश सरकार 56 प्रकार के शारीरिक टेस्टों की नि:शुल्क सुविधा देने जा रही है। सरकार ने माइक्रो, एक्स-रे, एचआईवी, बीपीएल, यूरेन, अल्ट्रासाउंड, ईसीजी व अन्य 56 प्रकार के शारीरिक टेस्टों को नि:शुल्क करने की कवायद आरंभ की है। हालांकि अभी तक सरकार ने यह फैसला लिया है कि चिहिन्त की गई श्रेणियों के लोगों को ही यह सुविधा मिलेगी, लेकिन अगले सत्र से सभी श्रेणियों के लोगों को सरकार नि:शुल्क टेस्ट की सुविधा देने का वायदा भी कर रही है।
इस संदर्भ में सूबे के अस्पतालों में अधिसूचना भी जारी हो गई है। खबर की पुष्टि एमओएच बिलासपुर डॉ. परविंद्र सिंह ने की। जारी हुई अधिसूचना में साफ किया गया है कि इन मरीजों के टेस्ट व उपचार का खर्चा सरकार उठाएगी। इन टेस्टों पर होने वाले खर्चा सरकार स्वयं आरकेएस(रोगी कल्याण समिति) को देगी क्योंकि आरकेएस की ओर से ही सारे टेस्टों की सुविधा दी जाती है।
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गौरतलब है कि प्रदेश सरकार ने यह अहम फैसला गंभीर बीमारी से जूझ रहे लोगों के लिए लिया है। गंभीर बीमारी होने के चलते लोगों का खर्चा अधिक बढ़ जाता है जिसके कारण कई बार हालत ऐसे बन जाते हैं कि लोग पैसे न होने के कारण अपने टेस्ट नहीं करवा पाते हैं। इन सभी परेशानियों को देखते हुए इस सत्र से नि:शुल्क 56 प्रकार के टेस्टों की सुविधा हिमाचल सरकार ने कर दी है।
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इस सत्र से सूबे में 56 प्रकार के टेस्ट नि:शुल्क किए गए हैं। यह टेस्ट गंभीर बीमारी और गरीब परिवारों के लिए शुरू किया गया है। इस संदर्भ में अधिसूचना भी जारी हो गई है।
...डॉ. परविंद्र सिंह, एमओएच बिलासपुर।
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