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आखिर कहां दबी रोडवेज में ड्राइवरों की भर्ती लिस्ट
यमुनानगर
Updated Sat, 09 Nov 2013 05:28 PM IST
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हरियाणा रोडवेज में ड्राइवरों की भर्ती प्रक्रिया पहले तो इतनी धीमी गती
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से चली की इंटरव्यू तक महीनों लग गए। इंटरव्यू होकर लिस्ट हेड ऑफिस भेजे दो
महीने के करीब का समय हो गया है।
लेकिन लिस्ट आउट ही नहीं की जा रही है। आवेदन करने वाले सैकड़ों बेरोजगार लिस्ट जारी होने के इंतजार में बैठे हैं, लेकिन कहीं लिस्ट जारी होती नहीं दिख रही है।
लिस्ट कब तक जारी होगी, अधिकारी भी यह बताने में असमर्थता जता रहे हैं। स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि लिस्ट जारी सरकार की ओर से करनी है, यहां से लिस्ट चंडीगढ़ कार्यालय में पहुंचा दी गई है। कुल मिलाकर अब गेंद सरकार के पाले में है, वहीं उम्मीद कांग्रेस की गोहाना रैली से भी रोडवेज अधिकारी और आवेदन करने वाले लगा रहे हैं।
68 ड्राइवरों की होनी है भर्ती
यमुनानगर डिपो में 68 ड्राइवराें की भर्ती होनी है। इसके लिए सैकड़ों आवेदन आए थे। सितंबर माह में इंटरव्यू हो चुके हैं और जो लिस्ट इंटरव्यू के बाद बनी है वह स्थानीय अधिकारियों की ओर से हेड ऑफिस भेज दी गई है, लेकिन देरी कहां हो रही है किसी को नहीं पता। इन 68 ड्राइवरों के आने से एक तो पुराने ड्राइवरों को रेस्ट मिल पाएगा, वहीं नई बसें भी रोडवेज डिपों में जुड़ेंगी।
ड्राइवरों के इंतजार में नई बसें
ड्राइवरों की कमी के चलते जहां रोडवेज को नुकसान उठाना पड़ रहा है, वहीं सैकड़ाें नई बसें भी सड़कों पर नहीं उतर पा रही हैं। यमुनानगर में फिलहाल 160 बसें ऑन रूट हैं। मार्च तक यमुनानगर डिपों में 190 बसों की संख्या होनी है। अधिकारियों का कहना है कि जब तक ड्राइवरों की भर्ती नहीं होती बसों की संख्या भी नहीं बढ़ाई जा सकती। ऐसा माना जा रहा है कि भर्ती के बाद पूरे हरियाणा में 1500 नई बसें रोडवेज के बेड़े में शामिल होनी हैं, वहीं ड्राइवरों की कमी के चलते पुराने ड्राइवरों को रेस्ट नहीं मिल पा रहा है।
भैयादूज के दिन सामने आई थी दिक्कत
वैसे तो डिपो में ड्राइवरों की कमी हर दिन खल रही है, लेकिन चार दिन पहले भैयादूज पर ड्राइवरों की कमी यमुनानगर डिपो को खूब खली थी। हर रूट पर यात्रियों की भीड़ ही भीड़ थी, लेकिन स्पेशल बसें चलाने के लिए ड्राइवर ही नहीं थे। बसें अपने तय समय पर ही चल रही थी। दिल्ली रूट पर तो भैयादूज के दिन शाम तक लाइन लगी रही थी। ड्राइवरों की कमी के कारण सभी एक दो रूट को छोड़ अन्य रूट पर स्पेशल बसें नहीं चल पाई थी।
यमुनानगर डिपो का एडिशनल चार्ज संभाल रहे अंबाला जीएम रविंद्र पाठक का कहना है कि इंटरव्यू के बाद लिस्ट हेड ऑफिस भेज दी गई है। उम्मीद है कि जल्द ही लिस्ट जारी हो जाएगी और रोडवेज को नए ड्राइवर मिल जाएंगे।
लेकिन लिस्ट आउट ही नहीं की जा रही है। आवेदन करने वाले सैकड़ों बेरोजगार लिस्ट जारी होने के इंतजार में बैठे हैं, लेकिन कहीं लिस्ट जारी होती नहीं दिख रही है।
लिस्ट कब तक जारी होगी, अधिकारी भी यह बताने में असमर्थता जता रहे हैं। स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि लिस्ट जारी सरकार की ओर से करनी है, यहां से लिस्ट चंडीगढ़ कार्यालय में पहुंचा दी गई है। कुल मिलाकर अब गेंद सरकार के पाले में है, वहीं उम्मीद कांग्रेस की गोहाना रैली से भी रोडवेज अधिकारी और आवेदन करने वाले लगा रहे हैं।
68 ड्राइवरों की होनी है भर्ती
यमुनानगर डिपो में 68 ड्राइवराें की भर्ती होनी है। इसके लिए सैकड़ों आवेदन आए थे। सितंबर माह में इंटरव्यू हो चुके हैं और जो लिस्ट इंटरव्यू के बाद बनी है वह स्थानीय अधिकारियों की ओर से हेड ऑफिस भेज दी गई है, लेकिन देरी कहां हो रही है किसी को नहीं पता। इन 68 ड्राइवरों के आने से एक तो पुराने ड्राइवरों को रेस्ट मिल पाएगा, वहीं नई बसें भी रोडवेज डिपों में जुड़ेंगी।
ड्राइवरों के इंतजार में नई बसें
ड्राइवरों की कमी के चलते जहां रोडवेज को नुकसान उठाना पड़ रहा है, वहीं सैकड़ाें नई बसें भी सड़कों पर नहीं उतर पा रही हैं। यमुनानगर में फिलहाल 160 बसें ऑन रूट हैं। मार्च तक यमुनानगर डिपों में 190 बसों की संख्या होनी है। अधिकारियों का कहना है कि जब तक ड्राइवरों की भर्ती नहीं होती बसों की संख्या भी नहीं बढ़ाई जा सकती। ऐसा माना जा रहा है कि भर्ती के बाद पूरे हरियाणा में 1500 नई बसें रोडवेज के बेड़े में शामिल होनी हैं, वहीं ड्राइवरों की कमी के चलते पुराने ड्राइवरों को रेस्ट नहीं मिल पा रहा है।
भैयादूज के दिन सामने आई थी दिक्कत
वैसे तो डिपो में ड्राइवरों की कमी हर दिन खल रही है, लेकिन चार दिन पहले भैयादूज पर ड्राइवरों की कमी यमुनानगर डिपो को खूब खली थी। हर रूट पर यात्रियों की भीड़ ही भीड़ थी, लेकिन स्पेशल बसें चलाने के लिए ड्राइवर ही नहीं थे। बसें अपने तय समय पर ही चल रही थी। दिल्ली रूट पर तो भैयादूज के दिन शाम तक लाइन लगी रही थी। ड्राइवरों की कमी के कारण सभी एक दो रूट को छोड़ अन्य रूट पर स्पेशल बसें नहीं चल पाई थी।
यमुनानगर डिपो का एडिशनल चार्ज संभाल रहे अंबाला जीएम रविंद्र पाठक का कहना है कि इंटरव्यू के बाद लिस्ट हेड ऑफिस भेज दी गई है। उम्मीद है कि जल्द ही लिस्ट जारी हो जाएगी और रोडवेज को नए ड्राइवर मिल जाएंगे।