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Yamuna Nagar News: यमुना पर बने पुल से यूपी का आवागमन शुरू
Sat, 10 Feb 2024 04:03 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Sat, 10 Feb 2024 04:03 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। जठलाना में यमुना नदी के नगली घाट परपुल बनकर तैयार हो चुका है। पुल के बनते ही लोगों ने बाइक, कार व ट्रैक्टर लेकर आना-जाना शुरू कर दिया है। जल्द ही पुल के दोनों तरफ सड़क बनने से उत्तर प्रदेश के लोगों का यमुनानगर में आना-जाना आसान हो जाएगा। मार्च तक सड़क बनाने का काम पूरा करने की बात कही जा रही है। पुल पूरी तरह शुरू होने से हरियाणा व उत्तर प्रदेश के बीच की दूरी खत्म हो जाएगी।
यमुनानगर के काफी किसानों की जमीन यमुना नदी पार उत्तर प्रदेश में है। इसके अलावा लोग अन्य कार्यों के सिलसिले से भी उत्तर प्रदेश में आना जाना करते हैं। इसके अलावा लोगों की एक दूसरे के यहां रिश्तेदारी भी है। यूपी के लोगों को यमुनानगर व यहां के लोगों को यूपी जाने के लिए यमुना नदी से होकर आना-जाना पड़ता था।
दिक्कत मानसून सीजन में तब बढ़ जाती थी जब यमुना नदी में उफान आता है और किसान अपने खेतों में भी नहीं जा पाते और दूसरी तरफ से फसलों को भी बेचने के लिए मंडी तक नहीं ला सकते थे। इसलिए किसानों को कई किलोमीटर दूर कलानौर से होकर यमुना नदी पर बने पुल से होकर यूपी जाना पड़ता था। लोगाें की परेशानी को देखते हुए हरियाणा सरकार ने वर्ष 2019 में जठलाना के नगली घाट पर पुल निर्माण कार्य शुरू कराया था।
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लॉकडाउन लगने से इसके निर्माण में देरी हुई। देरी के चलते ही पुल की लागत भी 27 करोड़ बढ़ गई। निर्माण के समय पुल की लागत 57 करोड़ रुपये थी, जो बाद में 84 करोड़ रुपये हो गई। पुल के दोनों तरफ ढाई-ढाई किलोमीटर लंबी सड़क बननी है। इसलिए जमीन अधिग्रहण, सड़क व पुल निर्माण पर करीब 104 करोड़ रुपये की लागत आई है।
पुल की कुल लंबाई 576 मीटर है। इस पुल के नीचे कुल 17 पिलर हैं। जिनमें से छह पिल्लर यमुना नदी के अंदर व 11 नदी के दोनों तरफ बने हैं। पुल के दूसरी तरफ यूपी में 1100 मीटर व हरियाणा की तरफ 1200 मीटर सड़क बनाई जानी बाकी है। सड़क के लिए संधाली, नगला रांगड़ान, गुमथला, नगली व प्रहलादपुर के किसानों की करीब 61 एकड़ भूमि का अधिग्रहण हुआ है।
किसान बोले - बहुत फायदा हुआ
किसान रामबीर सिंह, गुरदीप सिंह, संजीव कुमार ने बताया कि इस पुल के शुरू होने से काफी फायदा हुआ है। इतने दशक तक किसान व अन्य लोग यमुना नदी से पानी के बहाव को पार करके निकलते थे। जिससे हर समय हादसा होने का खतरा रहता था। मानसून में तो वह दूसरी तरफ जा ही नहीं पाते थे। अब सड़क भी बन जाए तो सभी को आसानी हो जाएगी।
सड़क बनाने का काम जल्द होगा शुरू : नवीन खत्री
पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन नवीन खत्री का कहना है कि यमुना नदी पर पुल बन चुका है। सड़क बनाने का काम जल्द शुरू कर देंगे। फिलहाल पुल से दोनों राज्यों के लोगों का आवागमन शुरू हो गया है।
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यमुनानगर। जठलाना में यमुना नदी के नगली घाट परपुल बनकर तैयार हो चुका है। पुल के बनते ही लोगों ने बाइक, कार व ट्रैक्टर लेकर आना-जाना शुरू कर दिया है। जल्द ही पुल के दोनों तरफ सड़क बनने से उत्तर प्रदेश के लोगों का यमुनानगर में आना-जाना आसान हो जाएगा। मार्च तक सड़क बनाने का काम पूरा करने की बात कही जा रही है। पुल पूरी तरह शुरू होने से हरियाणा व उत्तर प्रदेश के बीच की दूरी खत्म हो जाएगी।
यमुनानगर के काफी किसानों की जमीन यमुना नदी पार उत्तर प्रदेश में है। इसके अलावा लोग अन्य कार्यों के सिलसिले से भी उत्तर प्रदेश में आना जाना करते हैं। इसके अलावा लोगों की एक दूसरे के यहां रिश्तेदारी भी है। यूपी के लोगों को यमुनानगर व यहां के लोगों को यूपी जाने के लिए यमुना नदी से होकर आना-जाना पड़ता था।
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दिक्कत मानसून सीजन में तब बढ़ जाती थी जब यमुना नदी में उफान आता है और किसान अपने खेतों में भी नहीं जा पाते और दूसरी तरफ से फसलों को भी बेचने के लिए मंडी तक नहीं ला सकते थे। इसलिए किसानों को कई किलोमीटर दूर कलानौर से होकर यमुना नदी पर बने पुल से होकर यूपी जाना पड़ता था। लोगाें की परेशानी को देखते हुए हरियाणा सरकार ने वर्ष 2019 में जठलाना के नगली घाट पर पुल निर्माण कार्य शुरू कराया था।
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लॉकडाउन लगने से इसके निर्माण में देरी हुई। देरी के चलते ही पुल की लागत भी 27 करोड़ बढ़ गई। निर्माण के समय पुल की लागत 57 करोड़ रुपये थी, जो बाद में 84 करोड़ रुपये हो गई। पुल के दोनों तरफ ढाई-ढाई किलोमीटर लंबी सड़क बननी है। इसलिए जमीन अधिग्रहण, सड़क व पुल निर्माण पर करीब 104 करोड़ रुपये की लागत आई है।
पुल की कुल लंबाई 576 मीटर है। इस पुल के नीचे कुल 17 पिलर हैं। जिनमें से छह पिल्लर यमुना नदी के अंदर व 11 नदी के दोनों तरफ बने हैं। पुल के दूसरी तरफ यूपी में 1100 मीटर व हरियाणा की तरफ 1200 मीटर सड़क बनाई जानी बाकी है। सड़क के लिए संधाली, नगला रांगड़ान, गुमथला, नगली व प्रहलादपुर के किसानों की करीब 61 एकड़ भूमि का अधिग्रहण हुआ है।
किसान बोले - बहुत फायदा हुआ
किसान रामबीर सिंह, गुरदीप सिंह, संजीव कुमार ने बताया कि इस पुल के शुरू होने से काफी फायदा हुआ है। इतने दशक तक किसान व अन्य लोग यमुना नदी से पानी के बहाव को पार करके निकलते थे। जिससे हर समय हादसा होने का खतरा रहता था। मानसून में तो वह दूसरी तरफ जा ही नहीं पाते थे। अब सड़क भी बन जाए तो सभी को आसानी हो जाएगी।
सड़क बनाने का काम जल्द होगा शुरू : नवीन खत्री
पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन नवीन खत्री का कहना है कि यमुना नदी पर पुल बन चुका है। सड़क बनाने का काम जल्द शुरू कर देंगे। फिलहाल पुल से दोनों राज्यों के लोगों का आवागमन शुरू हो गया है।